कुरुक्षेत्र में पत्नी ने सीने से प्राइवेट पार्ट तक चीरकर खून माथे पर लगाया, बोली- सुकून मिला-पति की किडनी-आंतें काली माता को चढ़ानी थीं:
कुरुक्षेत्र में पत्नी विमला ने पति राजेश की हत्या कर आंतें, किडनी और लीवर निकाला। पुलिस पूछताछ में तंत्र-मंत्र और काली पूजा की बात सामने आई।
➤ कुरुक्षेत्र में पत्नी ने पति की हत्या कर शव से अंग निकाले, काली माता को चढ़ाने की थी बात
➤ शराब और मारपीट से परेशान थी विमला, पूछताछ में बोली- हत्या के बाद काफी सुकून मिला
➤ 22 दिन अस्पताल में इलाज के बाद जेल भेजी गई आरोपी, पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल तीन चाकू बरामद किए
हरियाणा के कुरुक्षेत्र में पति की हत्या के मामले में गिरफ्तार महिला से पुलिस पूछताछ में चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं। पुलिस के मुताबिक, आरोपी विमला तंत्र-मंत्र में विश्वास रखती थी और काली माता की पूजा करती थी। उसने अपने पति राजेश की हत्या के बाद उसके शरीर से आंतें, दाईं किडनी और लीवर का हिस्सा निकाल लिया। पूछताछ में सामने आया कि वह इन अंगों को काली माता को अर्पित करने की बात कह रही थी।
पुलिस के अनुसार, विमला का पति राजेश शराब पीने का आदी था और नशे की हालत में उसके साथ मारपीट करता था। लगातार घरेलू विवाद और मारपीट से विमला के मन में उसके प्रति गुस्सा बढ़ता गया। 21 अगस्त को उसने राजेश की हत्या कर दी। इसके बाद करीब दो से तीन घंटे तक शव के पास बैठी रही और उसके शरीर से अंग निकालती रही। पुलिस के मुताबिक, उसने राजेश का खून अपने माथे पर भी लगाया और पूछताछ के दौरान कहा कि पति की हत्या करने के बाद उसे काफी सुकून मिला।
मामले में पुलिस ने जांच आगे बढ़ाते हुए आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है और अब उसे जेल भेज दिया गया है। वारदात के दौरान इस्तेमाल किए गए तीन चाकू भी बरामद किए जा चुके हैं।
शराब की लत और मारपीट से परेशान थी विमला
पुलिस की जांच में सामने आया कि राजेश शराब पीने का आदी था। नशे में वह विमला के साथ मारपीट करता था। पति की शराब की आदत छुड़ाने के लिए विमला ने कई बार झाड़-फूंक और तंत्र-मंत्र का सहारा लिया, लेकिन राजेश की शराब की लत नहीं छूटी।
पुलिस के अनुसार, पति-पत्नी के बीच लगातार विवाद होता था। मारपीट के बाद राजेश विमला को छोड़कर दूसरी शादी करने की धमकी भी देता था। इन परिस्थितियों के कारण विमला के मन में उसके खिलाफ नाराजगी और गुस्सा बढ़ता गया।
आखिरकार 21 अगस्त को विवाद और गुस्से के बीच उसने राजेश की हत्या कर दी। पुलिस पूछताछ में विमला ने बताया कि लगातार झगड़े और मारपीट से वह परेशान थी और बदले की भावना में उसने पति की हत्या की।
हत्या के बाद शव के पास 2 से 3 घंटे बैठी रही
पुलिस के अनुसार, राजेश की हत्या करने के बाद विमला काफी देर तक शव के पास रही। उसने करीब दो से तीन घंटे तक शव के साथ रहकर उसके शरीर से अंग निकाले।
आरोप है कि उसने आंतें, दाईं किडनी और लीवर का हिस्सा निकालकर एक बोरी में रख दिया था। पुलिस पूछताछ में उसने इन अंगों को काली माता को चढ़ाने की बात कही।
वारदात के बाद की उसकी गतिविधियों ने मामले को और गंभीर बना दिया। पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि तंत्र-मंत्र में उसके विश्वास की भूमिका किस तरह इस पूरी घटना से जुड़ी थी।
राजेश की हत्या के बाद बोली- काफी सुकून मिला
पूछताछ में विमला ने पुलिस को बताया कि वह पति की लगातार मारपीट और झगड़ों से परेशान थी। पुलिस के अनुसार, उसने इसी गुस्से और बदले की भावना में राजेश की हत्या की।
आरोपी ने यह भी कहा कि हत्या करने के बाद उसे काफी सुकून मिला। करीब दो साल पहले दोनों ने प्रेम विवाह किया था, लेकिन उनके कोई संतान नहीं थी।
बताया गया है कि राजेश की यह तीसरी शादी थी। उसकी पहली दो पत्नियों से तलाक हो चुका था। विमला और राजेश दोनों मूल रूप से उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के रहने वाले थे और करीब एक साल से कुरुक्षेत्र के पिहोवा रोड स्थित किराए के मकान में रह रहे थे।
तंत्र-मंत्र और काली पूजा में विश्वास का भी खुलासा
केयूके थाने के जांच अधिकारी एसआई कमल कुमार के अनुसार, विमला तंत्र-मंत्र में विश्वास रखती थी और काली माता की पूजा करती थी। पूछताछ के दौरान उसने पति की हत्या और उसके अंग निकालने की बात कबूल की है।
पुलिस को पड़ोसी वीरपाल और मकान मालिक रिंकू से भी जानकारी मिली थी। शिकायत में दोनों ने विमला के झाड़-फूंक करने की बात कही थी। जांच अधिकारी के अनुसार, आरोपी महिला का व्यवहार सनकी किस्म का बताया गया है।
पुलिस अब उसके बयानों और वारदात से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच कर रही है, ताकि हत्या की पूरी परिस्थितियों को स्पष्ट किया जा सके।
मकान मालिक को देखकर छत से कूद गई थी विमला
हत्या की घटना सामने आने के बाद विमला ने मकान मालिक को देखकर छत से छलांग लगा दी थी। इस वजह से उसकी रीढ़ की हड्डी में चोट आई थी।
इसके बाद उसे उपचार के लिए एलएनजेपी अस्पताल में भर्ती कराया गया। उसकी हालत को देखते हुए इलाज के लिए छह डॉक्टरों का मेडिकल बोर्ड गठित किया गया था। इस बोर्ड में तीन हड्डी रोग विशेषज्ञ, एक फिजिशियन, एक सर्जन और एक मनोरोग चिकित्सक शामिल थे।
मेडिकल बोर्ड ने 3 सितंबर से विमला का उपचार शुरू किया था। आरोपी का करीब 22 दिन तक अस्पताल में इलाज चला।
पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया, अगले दिन फिर एलएनजेपी लाई गई
इलाज के दौरान विमला को बेहतर उपचार के लिए पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया था। हालांकि, अगले ही दिन उसने वहां इलाज कराने से इनकार कर दिया। इसके बाद उसे वापस एलएनजेपी अस्पताल लाया गया।
अस्पताल में मेडिकल बोर्ड की निगरानी में उसका उपचार जारी रहा। शुक्रवार को डॉक्टरों की सलाह के बाद उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई और इसके बाद पुलिस ने उसे जेल भेज दिया।
एलएनजेपी अस्पताल के हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. गुंजन उपाध्याय ने बताया कि मेडिकल बोर्ड की सलाह के बाद विमला को अस्पताल से छुट्टी दी गई है। उसकी कमर में चोट है, जो आराम करने से ठीक हो सकती है। जरूरत पड़ने पर जेल में भी उसका उपचार कराया जा सकता है।
पोस्टमार्टम में शरीर पर मिला गहरा चीरा
राजेश के शव के पोस्टमार्टम के दौरान उसके शरीर पर गंभीर कट के निशान मिले थे। पुलिस के अनुसार, उसके पेट पर करीब 37 सेंटीमीटर लंबा और साढ़े तीन सेंटीमीटर चौड़ा गहरा चीरा मिला।
पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल किए गए तीन चाकू बरामद किए हैं। इन चाकुओं को मामले की जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य माना जा रहा है।
राजेश के शरीर से अंग निकालने और उन्हें अलग बोरी में रखने की बात भी पुलिस जांच का हिस्सा है। पुलिस आरोपी के बयानों, पोस्टमार्टम निष्कर्ष और बरामद हथियारों समेत अन्य साक्ष्यों को जोड़कर मामले की जांच आगे बढ़ा रही है।
दो साल पहले हुई थी लव मैरिज, दोनों की कोई संतान नहीं
जांच में सामने आया कि विमला और राजेश ने करीब दो साल पहले प्रेम विवाह किया था। दोनों की कोई संतान नहीं थी। दोनों मूल रूप से उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के रहने वाले थे।
राजेश की पहली दो शादियां पहले ही टूट चुकी थीं और दोनों पत्नियों से उसका तलाक हो चुका था। इसके बाद उसने विमला से शादी की थी। दोनों करीब एक साल से कुरुक्षेत्र के पिहोवा रोड पर किराए के मकान में रह रहे थे।
पुलिस के मुताबिक, वैवाहिक जीवन में शराब, मारपीट और लगातार विवाद की स्थिति बनी हुई थी। इसी पृष्ठभूमि में 21 अगस्त की घटना हुई, जिसने पूरे मामले को हत्या और शव के साथ की गई भयावह गतिविधियों तक पहुंचा दिया।
अस्पताल से छुट्टी के बाद जेल भेजी गई आरोपी
हत्या के बाद छत से कूदने के कारण घायल हुई विमला का करीब 22 दिन तक उपचार चला। मेडिकल बोर्ड की निगरानी में इलाज पूरा होने के बाद डॉक्टरों ने उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी।
अब आरोपी पुलिस हिरासत की जांच प्रक्रिया के बाद जेल भेजी जा चुकी है। पुलिस हत्या के पीछे घरेलू विवाद, शराब की लत, मारपीट और आरोपी के तंत्र-मंत्र संबंधी विश्वास सहित सभी पहलुओं को जांच में शामिल कर रही है।
मामले में पुलिस की आगे की जांच से यह स्पष्ट होगा कि हत्या की पूरी घटना किस क्रम में हुई और आरोपी द्वारा शव से अंग निकालने के पीछे उसके बताए धार्मिक-तांत्रिक विश्वास की वास्तविक भूमिका क्या थी।
Akhil Mahajan