हरियाणा में 19वीं मंजिल से गिरे दो मजदूर, एक की मौ*त,हादसे के बाद कंपनी अधिकारियों पर बरसा मजदूरों का गुस्सा
गुरुग्राम में 19वीं मंजिल से गिरकर एक मजदूर की मौत हो गई, दूसरा घायल है। हादसे के बाद गुस्साए मजदूरों ने कंपनी अधिकारियों से मारपीट की।
गुरुग्राम में 19वीं मंजिल से गिरकर 19 वर्षीय दिलखुश की मौत, दूसरा मजदूर गंभीर घायल
➤ हादसे के बाद गुस्साए मजदूरों ने कंपनी अधिकारियों को घेरा और डंडों से पीटा
➤ सुरक्षा उपकरण नहीं देने का आरोप, पुलिस बोली- फिलहाल हादसा मानकर जांच जारी
गुरुग्राम के सेक्टर 113 में अंडर कंस्ट्रक्शन बिल्डिंग में काम करने के दौरान दो मजदूर 19वीं मंजिल से नीचे गिर गए। हादसे में एक मजदूर की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा युवक बीच के फ्लोर पर अटक गया। उसे गंभीर चोटें आई हैं। हादसे के बाद कंस्ट्रक्शन साइट पर जमकर हंगामा हुआ। मृतक के साथियों ने काम बंद कर दिया और कंपनी प्रबंधन के अधिकारियों को घेरकर उनके साथ मारपीट शुरू कर दी।
मृतक की पहचान बिहार के कटिहार निवासी दिलखुश (19) के रूप में हुई है। वह सेक्टर 113 स्थित M3M बिल्डर के स्मार्टवर्ल्ड प्रोजेक्ट में लेबर का काम करता था। हादसे में घायल युवक की पहचान पश्चिम बंगाल निवासी वासुदेव के रूप में हुई है।
हादसे के बाद गुस्साए मजदूरों ने कंपनी अधिकारियों को कथित तौर पर बंधक बना लिया। जब कुछ अधिकारी वहां से जान बचाकर भागने की कोशिश करने लगे तो मजदूरों ने उनके पीछे दौड़कर सेफ्टी हेलमेट और डंडों से हमला किया। मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। हंगामा बढ़ने की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और मजदूरों को समझाकर शांत कराया।
19वीं मंजिल पर काम कर रहे थे दोनों मजदूर
शनिवार को स्मार्टवर्ल्ड की कंस्ट्रक्शन साइट पर रोजाना की तरह निर्माण कार्य चल रहा था। इसी दौरान 19वीं मंजिल पर काम कर रहे दो मजदूर अचानक नीचे गिर गए। दिलखुश नीचे गिर गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं वासुदेव बीच के एक फ्लोर पर अटक गया और गंभीर रूप से घायल हो गया।
कंपनी अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिक जांच में हादसा पैर फिसलने की वजह से हुआ प्रतीत हो रहा है। हालांकि, घटना को लेकर मजदूरों ने कंपनी प्रबंधन पर सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही के आरोप लगाए हैं।
मजदूरों का दावा- सुरक्षा उपकरण नहीं दिए गए
हादसे के बाद मौके पर मौजूद मजदूरों ने आरोप लगाया कि कंस्ट्रक्शन साइट पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी की जा रही है। उनका कहना है कि ऊंचाई पर काम करने वाले श्रमिकों को जरूरी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए गए थे।
मजदूरों का दावा है कि अगर श्रमिकों के लिए जरूरी सुरक्षा इंतजाम किए गए होते तो इस तरह का हादसा नहीं होता। हादसे में एक साथी की मौत के बाद मजदूरों का गुस्सा भड़क गया और उन्होंने काम बंद कर दिया।
अधिकारियों को घेरकर शुरू कर दी मारपीट
हादसे के बाद समझाने के लिए मौके पर पहुंचे कंपनी प्रबंधन के अधिकारियों को मजदूरों ने घेर लिया। मजदूरों ने साइट पर सुरक्षा में लापरवाही का आरोप लगाते हुए अधिकारियों के साथ मारपीट शुरू कर दी।
बताया गया कि कुछ अधिकारियों ने वहां से भागने की कोशिश की तो मजदूरों ने उनका पीछा किया। इस दौरान उनके ऊपर सेफ्टी हेलमेट फेंके गए और डंडे बरसाए गए। घटना के वीडियो भी सामने आए हैं, जिनमें मजदूरों को कंपनी अधिकारियों के पीछे भागते और उनके साथ मारपीट करते देखा जा सकता है।
इसी अंडर कंस्ट्रक्शन बिल्डिंग से गिरकर दिलखुश की मौत हुई।
हादसे के बाद कंपनी अधिकारियों से मारपीट करते मृतक के साथी।
डंडा लेकर कंपनी अधिकारियों के पीछे भागते मजदूर।
SHO पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे
कंस्ट्रक्शन साइट पर हंगामा बढ़ने की सूचना मिलते ही बजघेड़ा थाना SHO सुनील पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने आक्रोशित मजदूरों को समझाया और उन्हें शांत कराया।
पुलिस ने मजदूरों को मामले में निष्पक्ष कार्रवाई का भरोसा दिया। इसके बाद स्थिति सामान्य हुई और मौके पर जारी हंगामा शांत हो गया।
हंगामा कर रहे मजदूरों को समझाती पुलिस।
पुलिस जांच में जुटी, अभी किसी पक्ष की शिकायत नहीं
बजघेड़ा थाना प्रभारी सुनील ने बताया कि मामले में अभी तक किसी भी पक्ष की तरफ से कोई शिकायत नहीं मिली है। फिलहाल पुलिस इसे हादसा मानकर कार्रवाई कर रही है।
पुलिस यह जांच कर रही है कि हादसे के समय कंस्ट्रक्शन साइट पर श्रमिकों की सुरक्षा के लिए क्या इंतजाम किए गए थे और सुरक्षा व्यवस्था में किसी तरह की लापरवाही हुई थी या नहीं।
पुलिस हादसे के कारणों के साथ-साथ साइट पर मौजूद सुरक्षा इंतजामों की भी जांच कर रही है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
Akhil Mahajan