डलहौजी में कनस्तर में फंसा भालू का सिर,बस अड्डे के पास पहुंची वन विभाग की रेस्क्यू टीम
डलहौजी में बस अड्डे के पास आबादी के बीच सिर में कनस्तर फंसा भालू पहुंच गया। वन विभाग और रेस्क्यू टीम सुरक्षित बचाव अभियान में जुटी है।
डलहौजी में आबादी के बीच पहुंचा भालू, सिर में फंसा मिला कनस्तर
➤ बस अड्डे के पास भालू दिखने से मची अफरातफरी, वन विभाग की टीम मौके पर
➤ रेस्क्यू जारी, लोगों से सुरक्षित दूरी बनाए रखने और भीड़ न लगाने की अपील
डलहौजी (चंबा)। हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले की पर्यटन नगरी डलहौजी में शनिवार सुबह उस समय अफरातफरी की स्थिति बन गई, जब बस अड्डे के समीप आबादी वाले क्षेत्र में एक जंगली भालू दिखाई दिया। भालू के सिर में कनस्तर फंसा हुआ था, जिसके कारण वह परेशान होकर इधर-उधर घूमता नजर आया। भालू को इस हालत में देखकर स्थानीय लोगों और राहगीरों की चिंता बढ़ गई।
सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम और रेस्क्यू कर्मचारी मौके पर पहुंचे। टीम ने स्थिति को संभालते हुए भालू को सुरक्षित तरीके से मुक्त कराने के प्रयास शुरू कर दिए। रेस्क्यू टीम भालू की गतिविधियों पर लगातार नजर रख रही है और सावधानी के साथ उसके सिर में फंसे कनस्तर को हटाने की कोशिश की जा रही है।
बस अड्डे के पास अचानक दिखाई दिया भालू, लोगों में बढ़ी चिंता
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शनिवार सुबह बस अड्डे के आसपास लोगों की आवाजाही के बीच अचानक भालू दिखाई दिया। उसके सिर में कनस्तर फंसा होने के कारण वह ठीक से देख नहीं पा रहा था। इस वजह से वह लगातार इधर-उधर घूमता रहा।
भालू की इस स्थिति को देखकर आसपास मौजूद लोगों में चिंता बढ़ गई। उसके चोटिल होने की आशंका भी बनी हुई थी। लोगों ने तुरंत इसकी सूचना संबंधित विभाग को दी। जानकारी मिलने के बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू की कार्रवाई शुरू की।
वन विभाग ने संभाली स्थिति, सुरक्षित दूरी बनाए रखने के निर्देश
भालू की मौजूदगी की सूचना मिलते ही वन विभाग के कर्मचारी और रेस्क्यू टीम सक्रिय हो गई। टीम ने आसपास मौजूद लोगों को भालू से सुरक्षित दूरी बनाए रखने के निर्देश दिए हैं।
वन विभाग की प्राथमिकता भालू को बिना नुकसान पहुंचाए उसके सिर में फंसे कनस्तर को हटाना और उसे सुरक्षित तरीके से जंगल की ओर वापस भेजना है। रेस्क्यू टीम भालू की गतिविधियों पर नजर रखते हुए सावधानी से कार्रवाई कर रही है।
सिर में कनस्तर फंसा होने के कारण भालू के लिए स्थिति असहज बनी हुई है। ऐसी परिस्थिति में जल्दबाजी में कार्रवाई करने के बजाय टीम सावधानीपूर्वक रेस्क्यू प्रक्रिया को आगे बढ़ा रही है, ताकि वन्यजीव को किसी तरह की चोट न पहुंचे।
भालू के सिर में कनस्तर कैसे फंसा, अभी स्पष्ट नहीं
भालू के सिर में कनस्तर कैसे फंसा, इसे लेकर फिलहाल स्थिति स्पष्ट नहीं है। यह भी सामने नहीं आया है कि भालू कितनी देर से इस हालत में था। फिलहाल वन विभाग की टीम का पूरा ध्यान उसके सुरक्षित रेस्क्यू पर है।
टीम यह सुनिश्चित करने में जुटी है कि कनस्तर हटाते समय भालू को किसी तरह की चोट न पहुंचे और उसे सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया जा सके। रेस्क्यू टीम लगातार उसकी गतिविधियों पर नजर बनाए हुए है।
बस अड्डे और आसपास बढ़ी सतर्कता, भीड़ न लगाने की अपील
घटना के कारण बस अड्डे और आसपास के क्षेत्र में लोगों की आवाजाही के बीच सतर्कता बढ़ गई। वन विभाग की टीम ने लोगों से मौके पर भीड़ न लगाने और भालू के करीब जाने से बचने की अपील की है।
विभाग का प्रयास है कि रेस्क्यू अभियान के दौरान किसी तरह की परेशानी न आए और इंसानों तथा वन्यजीव दोनों की सुरक्षा बनी रहे। लोगों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
पर्यटन नगरी डलहौजी में पहले भी दिखते रहे हैं वन्यजीव
डलहौजी जैसे पर्यटन क्षेत्र में वन्यजीवों की मौजूदगी पहले भी देखने को मिलती रही है। आबादी के नजदीक भालू के पहुंचने की ऐसी घटनाओं में स्थानीय लोगों और पर्यटकों के लिए सुरक्षित दूरी बनाए रखना महत्वपूर्ण होता है।
फिलहाल वन विभाग और रेस्क्यू टीम भालू को सुरक्षित तरीके से मुक्त कराने में जुटी हुई है। कनस्तर हटाने के बाद उसे सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने की कार्रवाई की जाएगी।
Akhil Mahajan