BSF DIG के बेटे की 11वीं मंजिल से गिरकर मौत, दिवाली की लाइटिंग लगाते समय बिगड़ा था संतुलन

गुरुग्राम की द लीफ सोसायटी में BSF DIG के बेटे असीम की 11वीं मंजिल से गिरकर मौत हुई। पुलिस दिवाली लाइटिंग हादसे की जांच कर रही है।

BSF DIG के बेटे की 11वीं मंजिल से गिरकर मौत, दिवाली की लाइटिंग लगाते समय बिगड़ा था संतुलन

➤ सेक्टर-85 की द लीफ सोसायटी में हुआ हादसा, मृतक की पहचान असीम के रूप में हुई

➤ पोस्टमॉर्टम में दोनों पैरों की हड्डियां टूटने और छाती में गंभीर अंदरूनी चोटों की पुष्टि

➤ पुलिस और फोरेंसिक टीम बालकनी, रेलिंग और CCTV फुटेज की जांच में जुटी


गुरुग्राम के सेक्टर-85 स्थित द लीफ सोसायटी में दिवाली की तैयारियों के दौरान एक दर्दनाक हादसे में BSF के DIG सत्यवान खांची के बेटे असीम की जान चली गई। शुरुआती जानकारी के अनुसार, असीम अपने फ्लैट की 11वीं मंजिल की बालकनी में दिवाली की लाइटिंग की लड़ियां लगा रहा था। इसी दौरान उसका संतुलन बिगड़ गया और वह नीचे जमीन पर जा गिरा। परिजनों ने भी पुलिस को बताया है कि लाइटिंग लगाते समय ही उसका बैलेंस बिगड़ा था। हादसे के बाद पुलिस और फोरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। गुरुवार को डॉक्टरों के बोर्ड ने शव का पोस्टमॉर्टम किया, जिसमें दोनों पैरों की हड्डियां टूटने और छाती में गंभीर अंदरूनी चोटों की पुष्टि हुई। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि बालकनी में काम करते समय उसका पैर किस परिस्थिति में फिसला और हादसा कैसे हुआ।

दिवाली की लाइटिंग लगाते समय हुआ हादसा

जानकारी के मुताबिक, असीम दिवाली के त्योहार के लिए अपने फ्लैट की बालकनी में लाइटिंग की लड़ियां लगा रहा था। इसी दौरान उसका संतुलन बिगड़ गया और वह 11वीं मंजिल से नीचे गिर गया। परिजनों ने पुलिस को बताया कि यह एक हादसा था और लाइटिंग लगाते समय ही असीम का बैलेंस बिगड़ा था।

घटना के बाद पुलिस ने मौके का निरीक्षण किया और फोरेंसिक टीम को भी जांच के लिए बुलाया गया। टीम ने बालकनी और आसपास के हिस्से से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं।

पोस्टमॉर्टम में दोनों पैरों की हड्डियां टूटने की पुष्टि

गुरुवार को डॉक्टरों के बोर्ड ने असीम के शव का पोस्टमॉर्टम किया। रिपोर्ट के अनुसार, ऊंचाई से नीचे गिरने के कारण उसके दोनों पैरों की हड्डियां टूट गई थीं। इसके अलावा छाती में गंभीर अंदरूनी चोटें आई थीं।

प्राथमिक जानकारी के मुताबिक, छाती में आई गंभीर चोटों और अत्यधिक खून बहने के कारण उसकी मौत हुई। पोस्टमॉर्टम और कानूनी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।

बालकनी की रेलिंग और गिरने के एंगल की जांच

मामले की जांच में फोरेंसिक विशेषज्ञों ने बालकनी की रेलिंग की ऊंचाई, असीम के नीचे गिरने के संभावित एंगल और उस स्थान का निरीक्षण किया है, जहां वह गिरा था। टीम ने मौके से महत्वपूर्ण साक्ष्य और फिंगरप्रिंट्स भी जुटाए हैं।

पुलिस यह भी पता लगा रही है कि बालकनी की रेलिंग की ऊंचाई निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुरूप थी या नहीं। जांच का एक अहम पहलू यह भी है कि लाइटिंग लगाते समय असीम का संतुलन किन परिस्थितियों में बिगड़ा।

हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस हर पहलू की कर रही जांच

असीम के पिता सत्यवान खांची बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स (BSF) में डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल (DIG) के पद पर तैनात हैं। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस सभी पहलुओं की बारीकी से जांच कर रही है।

खेड़की दौला थाना के SHO विनोद के अनुसार, पुलिस घटना के सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है। आसपास के फ्लैटों में रहने वाले लोगों और घटना के समय सुरक्षा ड्यूटी पर तैनात गार्डों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।

CCTV फुटेज भी खंगाल रही पुलिस

पुलिस सोसायटी में लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है, ताकि घटना से पहले और बाद की गतिविधियों का पता लगाया जा सके। इसके साथ ही बालकनी की स्थिति, रेलिंग की बनावट और मौके से मिले फोरेंसिक साक्ष्यों का परीक्षण किया जा रहा है।

फिलहाल पुलिस की जांच जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही हादसे की परिस्थितियों और उसके सटीक कारणों को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।