हरियाणा में कार की टक्कर से बाइक सवार की मौ*त

यमुनानगर में NH-344 पर कार की टक्कर से बाइक सवार नरेश कुमार गंभीर घायल हुए और इलाज के दौरान मौत हो गई। बेटे के बयान पर चालक पर केस दर्ज हुआ।

हरियाणा में कार की टक्कर से बाइक सवार की मौ*त

NH-344 पर कार की टक्कर से बाइक सवार नरेश कुमार की मौत

➤ बेटे के साथ भंभौली जा रहे थे, पीछे से कार ने बाइक को मारी टक्कर

➤ इलाज के दौरान दम तोड़ा, बेटे के बयान पर चालक सुशील कुमार पर केस

यमुनानगर में NH-344 पर गांव मंडौली के पास सड़क हादसे में बाइक सवार व्यक्ति की मौत हो गई। तेज रफ्तार कार ने बाइक को पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में बाइक सवार अकालगढ़ निवासी नरेश कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, लेकिन हालत गंभीर होने के कारण इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।

हादसा उस समय हुआ, जब नरेश कुमार अपने करीब 20 वर्षीय बेटे रीतिक के साथ बाइक पर सवार होकर निजी काम से अकालगढ़ से भंभौली की ओर जा रहे थे। आरोप है कि कार चालक ने लापरवाही से वाहन चलाते हुए उनकी मोटरसाइकिल को पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक अनियंत्रित हो गई और नरेश कुमार बाइक समेत हाईवे के डिवाइडर से जा टकराए।

नरेश कुमार छह बच्चों के पिता थे। हादसे के बाद परिवार में मातम छा गया। मामले में यमुनानगर सदर थाना पुलिस ने बेटे रीतिक के बयान पर कार चालक सुशील कुमार के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।

टक्कर के बाद बेटा कच्चे रास्ते पर जा गिरा

गांव अकालगढ़ निवासी रीतिक ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि सोमवार को वह अपने पिता नरेश कुमार के साथ बाइक पर सवार होकर निजी काम से गांव अकालगढ़ से भंभौली जा रहा था। बाइक रीतिक खुद चला रहा था, जबकि उसके पिता पीछे बैठे हुए थे।

रीतिक के मुताबिक, जब वे NH-344 पर जगपाल एंड संस फिलिंग स्टेशन के पास से आगे तिगरी-मंडौली मोड़ की तरफ पहुंचे, तभी कलानौर की ओर से एक कार आई। आरोप है कि कार चालक ने लापरवाही से वाहन चलाते हुए उनकी मोटरसाइकिल को पीछे से टक्कर मार दी।

कार की टक्कर इतनी जोरदार थी कि रीतिक बाइक से उछलकर कच्चे रास्ते पर जा गिरा। वहीं उसके पिता नरेश कुमार बाइक समेत हाईवे के डिवाइडर से जा टकराए। हादसे में नरेश कुमार के सिर, पैरों और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं।

कार मौके पर छोड़कर चालक फरार

हादसे के बाद मौके पर आसपास के लोग और राहगीर जमा हो गए। बताया गया कि कार चालक भी मौके पर रुका था, लेकिन लोगों की भीड़ जुटती देखकर वह अपनी कार को मौके पर ही छोड़कर फरार हो गया।

हादसे के बाद राहगीरों ने एंबुलेंस को सूचना दी। इसके बाद गंभीर रूप से घायल नरेश कुमार को इलाज के लिए सिविल अस्पताल यमुनानगर पहुंचाया गया। वहां चिकित्सकों ने उनका प्राथमिक उपचार किया।

हालत गंभीर होने के कारण सिविल अस्पताल से नरेश कुमार को सेक्टर-32 चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया। हालांकि परिजन उन्हें चंडीगढ़ ले जाने के बजाय इलाज के लिए जगाधरी के प्राइवेट अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां उन्हें भर्ती कर उपचार शुरू किया गया।

हालत बिगड़ी तो MM अस्पताल मुलाना ले गए

जगाधरी के निजी अस्पताल में इलाज के दौरान नरेश कुमार की हालत में सुधार नहीं हुआ और उनकी स्थिति बिगड़ती चली गई। इसके बाद परिजन उन्हें MM अस्पताल मुलाना लेकर गए। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद नरेश कुमार को मृत घोषित कर दिया।

नरेश कुमार की मौत की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने बेटे रीतिक के बयान और उपलब्ध मेडिकल दस्तावेजों के आधार पर कार्रवाई करते हुए कार चालक सुशील कुमार के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया है।

थाना सदर यमुनानगर पुलिस के थाना प्रभारी ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि आरोपी कार चालक की तलाश की जा रही है। पुलिस हादसे से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है।

बेटे के बयान पर पुलिस ने दर्ज किया केस

पुलिस के अनुसार, मामले में रीतिक के बयान को आधार बनाकर कार चालक सुशील कुमार के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। हादसे में घायल नरेश कुमार की इलाज के दौरान मौत होने के बाद पुलिस ने मेडिकल दस्तावेजों को भी जांच में शामिल किया है।

फिलहाल पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी हुई है। हादसे के बाद मौके पर छोड़ी गई कार को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है। पुलिस मामले से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच कर रही है।