बादली में JJP को बड़ा झटका, हलका अध्यक्ष धर्मेंद्र गुलिया ने छोड़ी पार्टी की प्राथमिक सदस्यता
झज्जर के बादली हलका अध्यक्ष धर्मेंद्र गुलिया ने स्वास्थ्य कारणों से JJP पद और प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दिया, परिवार का देवीलाल परिवार से पांच पीढ़ियों पुराना रिश्ता
➤ बादली हलका अध्यक्ष धर्मेंद्र गुलिया ने पद और JJP की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दिया
➤ स्वास्थ्य संबंधी कारणों को बताया इस्तीफे की वजह, राष्ट्रीय अध्यक्ष को भेजा त्यागपत्र
➤ गुलिया बोले- देवीलाल परिवार से उनके परिवार का पांच पीढ़ियों पुराना राजनीतिक रिश्ता रहा है
झज्जर में जननायक जनता पार्टी (JJP) को बादली हलके में बड़ा राजनीतिक झटका लगा है। पार्टी के बादली हलका अध्यक्ष धर्मेंद्र गुलिया ने अपने पद के साथ-साथ पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से भी इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपना त्यागपत्र पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष को भेजने के साथ ही सोशल मीडिया पर भी इस्तीफे की प्रति साझा की है। उनके इस्तीफे के बाद स्थानीय राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं।
धर्मेंद्र गुलिया ने अपने त्यागपत्र में स्वास्थ्य संबंधी कारणों को इस्तीफे की वजह बताया है। उन्होंने पार्टी में कार्य करने के दौरान मिले अवसर, अनुभव और मार्गदर्शन के लिए पार्टी नेतृत्व का आभार जताया। साथ ही उन्होंने पार्टी नेतृत्व को भविष्य के लिए शुभकामनाएं भी दीं।
पांच पीढ़ियों से देवीलाल परिवार से जुड़ा रहा रिश्ता
धर्मेंद्र गुलिया ने दैनिक भास्कर से बातचीत में अपने परिवार के देवीलाल परिवार के साथ लंबे राजनीतिक जुड़ाव का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि उनके परिवार का देवीलाल परिवार से पांच पीढ़ियों पुराना रिश्ता रहा है। उनके दादा, पिता और वह खुद लंबे समय तक इस परिवार से जुड़े रहे हैं।
गुलिया के अनुसार, उनके परिवार का जुड़ाव पूर्व उप प्रधानमंत्री चौधरी देवीलाल, पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला, अजय सिंह चौटाला और दुष्यंत चौटाला तक रहा है। ऐसे में जेजेपी से उनका अलग होना उनके परिवार के लंबे राजनीतिक जुड़ाव के लिहाज से भी अहम माना जा रहा है।
देवीलाल के दौर से अगली पीढ़ियों तक निभाया राजनीतिक साथ
धर्मेंद्र गुलिया ने बताया कि उनके परिवार ने चौधरी देवीलाल के समय से लेकर उनकी अगली पीढ़ियों तक राजनीतिक रूप से साथ दिया। देवीलाल के बाद ओमप्रकाश चौटाला, अजय सिंह चौटाला और दुष्यंत चौटाला के साथ भी उनके परिवार का जुड़ाव रहा।
उन्होंने कहा कि यह उनके परिवार का लंबे समय से चला आ रहा नाता है। इसी वजह से उनका जेजेपी से अलग होना स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है। बादली हलके में लंबे समय से पार्टी संगठन से जुड़े रहे धर्मेंद्र गुलिया के पद और प्राथमिक सदस्यता छोड़ने को पार्टी के लिए महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।
सोशल मीडिया पर इस्तीफा सार्वजनिक होते ही राजनीतिक चर्चाएं तेज
धर्मेंद्र गुलिया ने अपना इस्तीफा सोशल मीडिया पर सार्वजनिक करते हुए उसकी प्रति भी साझा की। इस्तीफे की जानकारी सामने आते ही बादली हलके के राजनीतिक और सामाजिक लोगों के बीच इसे लेकर चर्चा शुरू हो गई।
गुलिया लंबे समय से पार्टी संगठन से जुड़े रहे हैं। ऐसे में उनके हलका अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने और साथ ही पार्टी की प्राथमिक सदस्यता छोड़ने के फैसले ने स्थानीय राजनीतिक माहौल में चर्चा बढ़ा दी है। हालांकि, अपने त्यागपत्र में उन्होंने इस्तीफे के पीछे स्वास्थ्य संबंधी कारणों का ही हवाला दिया है।
इस्तीफे में पार्टी नेतृत्व के प्रति जताया आभार
अपने त्यागपत्र में धर्मेंद्र गुलिया ने पार्टी में काम करने के दौरान मिले अवसर, अनुभव, सहयोग और मार्गदर्शन के लिए पार्टी नेतृत्व का आभार जताया। उन्होंने नेतृत्व के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
इस तरह बादली हलके में जेजेपी को उस समय बड़ा संगठनात्मक झटका लगा है, जब लंबे समय से पार्टी से जुड़े रहे हलका अध्यक्ष ने अपने पद के साथ-साथ पार्टी की प्राथमिक सदस्यता भी छोड़ दी है। गुलिया ने अपने फैसले की वजह स्वास्थ्य संबंधी बताई है, जबकि उनके परिवार का देवीलाल परिवार से पांच पीढ़ियों पुराना राजनीतिक जुड़ाव इस घटनाक्रम को और महत्वपूर्ण बना रहा है।
Akhil Mahajan