नाबालिग ड्राइविंग पर पेरेंट्स जिम्मेदार,स्कूल बस-कैब की जांच, सोनीपत में सड़क सुरक्षा पर सख्ती
सोनीपत में सड़क सुरक्षा बैठक में नाबालिगों के वाहन चलाने पर पेरेंट्स की जिम्मेदारी तय करने, स्कूल बसों और निजी कैब की जांच के निर्देश दिए गए।
नाबालिगों के वाहन चलाने पर अब पेरेंट्स की भी तय होगी जिम्मेदारी
➤ स्कूल बसों और निजी कैब की संयुक्त जांच, ओवरक्राउडिंग पर होगी कार्रवाई
➤ बीसवांमील चौक से अतिक्रमण हटेगा, 2 सितंबर को हाईवे का संयुक्त निरीक्षण
सोनीपत। सोनीपत जिले में सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए जिला प्रशासन ने सख्ती बढ़ाने का फैसला लिया है। सोमवार को लघु सचिवालय में जिला सड़क सुरक्षा कमेटी की मासिक बैठक हुई। एडीसी अजय चोपड़ा की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में नाबालिग विद्यार्थियों के वाहन चलाने, स्कूल बसों की सुरक्षा, निजी कैब में ओवरक्राउडिंग, हाईवे पर अतिक्रमण, जलभराव, सड़क के गड्ढों और यातायात व्यवस्था समेत 28 एजेंडा बिंदुओं पर चर्चा की गई। एडीसी ने स्पष्ट किया कि नाबालिगों के वाहन चलाने पर उनके पेरेंट्स की जिम्मेदारी तय कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
नाबालिग विद्यार्थियों पर विशेष निगरानी, पेरेंट्स भी होंगे जिम्मेदार
एडीसी अजय चोपड़ा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि स्कूल आने वाले नाबालिग विद्यार्थियों पर विशेष निगरानी रखी जाए। बाइक या अन्य वाहन चलाते पाए जाने पर केवल नाबालिग ही नहीं, बल्कि उसके पेरेंट्स की जिम्मेदारी भी तय की जाएगी।
उन्होंने कहा कि बच्चों की सुरक्षा के साथ-साथ सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए नियमों का सख्ती से पालन जरूरी है। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि स्कूल आने-जाने वाले बच्चों की सुरक्षा को लेकर किसी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी और नियमों के उल्लंघन पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
स्कूल बसों और निजी कैब की होगी संयुक्त जांच
बैठक में स्कूल बसों की सुरक्षा को लेकर भी अहम निर्देश दिए गए। एडीसी ने आरटीए विभाग, संबंधित एसडीएम और जिला शिक्षा विभाग के अधिकारियों की संयुक्त टीमें गठित कर स्कूल बसों की जांच कराने को कहा।
निजी कैब में क्षमता से अधिक विद्यार्थियों को बैठाने पर भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए। जुलाई में सुरक्षित स्कूल वाहन नीति के तहत जिले में 24 स्कूल बसों की जांच हुई थी। इनमें नियमों का उल्लंघन मिलने पर 3 के चालान किए गए।
प्रशासन ने निजी कैब से स्कूल आने-जाने वाले विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर भी सख्ती के निर्देश दिए हैं। क्षमता से अधिक विद्यार्थियों को बैठाने के मामलों में कार्रवाई की जाएगी।
बीसवांमील चौक से हटेगा अतिक्रमण, स्लिप रोड की संभावनाएं तलाशने के निर्देश
एडीसी ने एनएचएआई अधिकारियों को बीसवांमील चौक पर अतिक्रमण तुरंत हटाने के निर्देश दिए। चौक पर जाम की समस्या के स्थायी समाधान के लिए स्लिप रोड बनाने की संभावनाएं तलाशने को कहा गया।
इसके अलावा एनएच-44 के किनारे फुटपाथ निर्माण की फिजिबिलिटी जांचने के निर्देश दिए गए, ताकि पैदल चलने वाले लोगों की सुरक्षा बढ़ाई जा सके। प्रशासन ने यातायात व्यवस्था से जुड़े ऐसे स्थानों पर जरूरी कदम उठाने के निर्देश दिए, जहां लोगों को आवागमन के दौरान परेशानी का सामना करना पड़ता है।
हाईवे की सभी ग्रिलों की जांच, 2 सितंबर को संयुक्त निरीक्षण
राष्ट्रीय राजमार्गों पर लगी सभी ग्रिलों की जांच कराने और टूटी ग्रिलों को तत्काल ठीक करवाने के निर्देश दिए गए। 2 सितंबर को आरटीए और एनएचएआई अधिकारी संयुक्त रूप से हाईवे का निरीक्षण करेंगे।
इस निरीक्षण के दौरान ब्लैक स्पॉट, नालों और अन्य सड़क सुरक्षा संबंधी समस्याओं की पहचान की जाएगी। एनएचएआई को नालों की नियमित सफाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
प्रशासन की ओर से हाईवे पर सड़क सुरक्षा से जुड़े बिंदुओं की जांच के साथ-साथ ऐसी समस्याओं का समयबद्ध समाधान करने पर जोर दिया गया, जो यातायात व्यवस्था और आमजन की सुरक्षा को प्रभावित कर सकती हैं।
शहर में अतिक्रमण हटाने के लिए चलेगा विशेष अभियान
नगर निगम अधिकारियों को सुभाष चौक से कच्चे क्वार्टर के बीच संभावित पार्किंग व्यवस्था का मौके पर निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए। साथ ही शहर में विशेष अभियान चलाकर अतिक्रमण हटाने को कहा गया।
दोबारा अतिक्रमण न हो, इसके लिए सड़कों पर पीली और सफेद पट्टियां लगाने के निर्देश भी दिए गए। प्रशासन ने शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए अतिक्रमण से जुड़े मामलों पर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
कचरा डंपिंग प्वाइंट से प्राथमिकता के आधार पर उठेगा कचरा
गार्बेज डंपिंग प्वाइंट्स पर जमा कचरे को प्राथमिकता के आधार पर उठाने के निर्देश दिए गए। जरूरत पड़ने पर क्रेन लगाकर कचरा हटाने को कहा गया।
पीडब्ल्यूडी और नगर निगम अधिकारियों को नालों से जुड़ी समस्याओं पर संयुक्त बैठक कर अगली बैठक तक समाधान की व्यवस्था तय करने के निर्देश दिए गए। बैठक में शहर की सफाई और जल निकासी से जुड़े मामलों पर भी अधिकारियों को जिम्मेदारी के साथ कार्रवाई करने को कहा गया।
‘म्हारी सड़क’ ऐप की शिकायतें लंबित न रखने के निर्देश
एडीसी ने ‘म्हारी सड़क’ ऐप पर आई शिकायतों की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को लंबित शिकायतों का जल्द निपटारा करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि आमजन की शिकायतों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए और निर्धारित समय में समाधान किया जाए। प्रशासन ने शिकायतों के समयबद्ध निपटारे पर विशेष जोर दिया, ताकि सड़क और यातायात से जुड़ी समस्याओं का समाधान जल्द हो सके।
केएमपी टोल की सभी लेन तीन दिन में होंगी चालू
एचएसआईआईडीसी अधिकारियों को केएमपी टोल पर अतिक्रमण और अवरोध हटाकर सभी टोल लेन चालू कराने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने बताया कि तीन दिन में सभी लेन संचालित कर दी जाएंगी।
वहीं, केजीपी के आसपास शराब की दुकानों को लेकर भी निर्देश दिए गए कि दुकानें सड़क से सीधे दिखाई नहीं देनी चाहिए।
अनुपस्थित अधिकारियों को जारी होगा कारण बताओ नोटिस
बैठक में अनुपस्थित अधिकारियों के खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। एडीसी ने कहा कि सड़क सुरक्षा से जुड़े मामलों में सभी विभागों की जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि आमजन की सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सभी जरूरी उपाय समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं। अधिकारियों को सड़क सुरक्षा से जुड़े मामलों में गंभीरता से काम करने और तय समय में कार्रवाई पूरी करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में एसडीएम सुभाष चंद्र, पीडब्ल्यूडी एक्सईएन प्रशांत कौशिक, एमवीओ सचिन ढुल, डॉ. जितेंद्र सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
Akhil Mahajan