700 करोड़ की विकास योजनाओं पर सरकार सख्त, मंत्री अरविंद शर्मा ने मांगी रिपोर्ट
सोनीपत में मुख्यमंत्री की 700 करोड़ रुपये से अधिक की विकास घोषणाओं की समीक्षा करते हुए कैबिनेट मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने विभागवार प्रगति रिपोर्ट मांगी और लंबित परियोजनाओं को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए।
सोनीपत की 700 करोड़ से अधिक की विकास घोषणाओं पर सरकार ने बढ़ाई निगरानी
कैबिनेट मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने विभागवार मांगी प्रगति रिपोर्ट
टेंडर, स्वीकृति और लंबित फाइलों को तय समय में निपटाने के निर्देश
हरियाणा के सोनीपत जिले में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी द्वारा गोहाना विकास रैली के दौरान की गई 700 करोड़ रुपये से अधिक की विकास घोषणाओं को समयबद्ध तरीके से धरातल पर उतारने के लिए सरकार ने निगरानी और जवाबदेही दोनों को सख्त कर दिया है। इसी क्रम में कैबिनेट मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने सोमवार को गोहाना स्थित पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर विकास कार्यों की प्रगति का विस्तृत आकलन किया।
बैठक के दौरान सड़क, पेयजल, गलियों के निर्माण, स्टेडियम, पावर हाउस, स्वास्थ्य सुविधाओं और अन्य प्रमुख विकास परियोजनाओं की स्थिति पर विभागवार समीक्षा की गई। मंत्री ने अधिकारियों से प्रत्येक परियोजना की वर्तमान स्थिति, स्वीकृति प्रक्रिया और कार्य शुरू होने की समयसीमा की जानकारी ली।
डॉ. अरविंद शर्मा ने अधिकारियों से पूछा कि किन परियोजनाओं के एस्टीमेट तैयार हो चुके हैं, किन्हें तकनीकी और प्रशासनिक स्वीकृति मिल चुकी है तथा किन मामलों में टेंडर प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी फाइल को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए और सभी औपचारिकताएं तय समय के भीतर पूरी की जाएं।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की घोषणाएं केवल कागजों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि उनका लाभ समय पर आम जनता तक पहुंचना चाहिए। विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की देरी या लापरवाही सरकार स्वीकार नहीं करेगी।
बैठक में स्वास्थ्य विभाग की परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई। मंत्री ने कैथ लैब से जुड़े कार्यों की प्रगति रिपोर्ट मांगी और कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित परियोजनाओं में किसी प्रकार की देरी नहीं होनी चाहिए।
कैबिनेट मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि यदि किसी परियोजना में बजट, भूमि, तकनीकी स्वीकृति, विभागीय अनुमति या अन्य किसी कारण से बाधा आ रही है तो उसे तुरंत सरकार के संज्ञान में लाया जाए, ताकि समय रहते समाधान किया जा सके।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि विकास कार्यों में अनावश्यक देरी या लापरवाही सामने आने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। सरकार की प्राथमिकता मुख्यमंत्री की सभी घोषणाओं को समय पर पूरा करना है।
समीक्षा बैठक में उपायुक्त नेहा सिंह, अतिरिक्त उपायुक्त अजय चोपड़ा, जिला परिषद के सीईओ डॉ. अनमोल, शुगर मिल एमडी अंकिता वर्मा, एसडीएम अंकित कुमार समेत विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। बैठक के दौरान सभी लंबित परियोजनाओं में तेजी लाने और नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
pooja