हरियाणा में प्रॉपर्टी डीलर प्रमोद को 16 गोलियां मारकर मौत के घाट उतारने वाले तीन शूटर गिरफ्तार, पुलिस मुठभेड़ में दो घायल

सोनीपत के प्रॉपर्टी डीलर प्रमोद हत्याकांड में दिल्ली पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। रोहिणी मुठभेड़ में दो घायल हुए और तीन पिस्टल बरामद हुईं।

हरियाणा में प्रॉपर्टी डीलर प्रमोद को 16 गोलियां मारकर मौत के घाट उतारने वाले  तीन शूटर गिरफ्तार, पुलिस मुठभेड़ में दो घायल

➤ प्रमोद हत्याकांड में दिल्ली पुलिस की रोहिणी सेक्टर-24 में मुठभेड़, तीन आरोपी गिरफ्तार
➤ दीपक और नितिक के पैर में गोली लगी, तीसरा आरोपी नाबालिग; मौके से तीन पिस्टल बरामद
➤ 3 सितंबर को नरेला में प्रमोद की 16 गोलियां मारकर हत्या हुई थी, भाऊ गैंग ने ली थी जिम्मेदारी


सोनीपत: सोनीपत के प्रॉपर्टी डीलर प्रमोद हत्याकांड में दिल्ली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मंगलवार-बुधवार रात रोहिणी सेक्टर-24 में दिल्ली पुलिस के स्पेशल स्टाफ और बदमाशों के बीच मुठभेड़ हुई। इस दौरान पुलिस की गोली लगने से दो आरोपी घायल हो गए, जबकि तीसरे आरोपी को भी मौके से गिरफ्तार कर लिया गया। तीसरा आरोपी नाबालिग बताया जा रहा है।

गिरफ्तार आरोपियों में नितिक और एक नाबालिग सोनीपत के रहने वाले हैं, जबकि दीपक चरखी दादरी का निवासी है। पुलिस ने मौके से तीन पिस्टल बरामद की हैं। गोली लगने से घायल दीपक और नितिक को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दोनों का उपचार चल रहा है और उनकी हालत खतरे से बाहर बताई गई है। पुलिस अब उनकी मेडिकल स्थिति के अनुसार पूछताछ करेगी।

प्रमोद की 3 सितंबर को दिल्ली के नरेला में जिम के बाहर 16 गोलियां मारकर हत्या कर दी गई थी। इस हत्याकांड की जिम्मेदारी भाऊ गैंग ने ली थी। गैंग की ओर से दावा किया गया था कि रंगदारी की रकम नहीं देने के कारण प्रमोद की हत्या की गई।

सूचना मिलते ही पुलिस ने रोहिणी में की नाकेबंदी

प्रमोद हत्याकांड की जांच के दौरान रोहिणी जिला स्पेशल स्टाफ को सूचना मिली थी कि हत्या में शामिल आरोपी रोहिणी सेक्टर-24 में पहुंचने वाले हैं। सूचना को गंभीरता से लेते हुए स्पेशल स्टाफ की टीम ने संदिग्ध इलाके में नाकेबंदी कर दी।

इंस्पेक्टर संदीप गोदारा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने बाइक से पहुंचे तीन संदिग्धों को घेर लिया। पुलिस ने आरोपियों को आत्मसमर्पण करने के लिए कहा, लेकिन आरोप है कि उन्होंने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।

इसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की। मुठभेड़ के दौरान पुलिस की गोली लगने से दीपक और नितिक घायल होकर मौके पर गिर गए। पुलिस ने दोनों को काबू कर लिया। उनके तीसरे साथी को भी गिरफ्तार कर लिया गया, जो नाबालिग है।

मुठभेड़ के बाद पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित करते हुए पूरे इलाके में बेरिकेडिंग कर दी। पुलिस ने मौके से आरोपियों के कब्जे से तीन पिस्टल बरामद की हैं। इन हथियारों को जांच के लिए कब्जे में लिया गया है।

गोली लगने के बाद अस्पताल पहुंचाए गए दीपक और नितिक

मुठभेड़ में पुलिस की गोली लगने से घायल दीपक और नितिक को तत्काल नजदीकी अस्पताल ले जाया गया। दोनों का उपचार चल रहा है। उनकी हालत खतरे से बाहर बताई गई है।

पुलिस अब दोनों की मेडिकल स्थिति के अनुसार उनसे पूछताछ करेगी। पूछताछ में प्रमोद हत्याकांड से जुड़े अन्य पहलुओं के बारे में जानकारी जुटाई जाएगी।

प्रमोद की हत्या करने वाले बदमाश पहले सीसीटीवी कैमरे में भी कैद हुए थे। पुलिस मामले की जांच कर रही थी और इसी दौरान आरोपियों के रोहिणी सेक्टर-24 पहुंचने की सूचना के आधार पर कार्रवाई की गई।

21 साल का नितिक सोनीपत के जौली गांव का रहने वाला

गिरफ्तार आरोपियों में शामिल नितिक की उम्र करीब 21 साल है और वह सोनीपत के जौली गांव का रहने वाला है। परिवार के मुताबिक, आर्थिक तंगी के कारण उसने नौवीं कक्षा में ही पढ़ाई छोड़ दी थी

नितिक के पिता हरिकिशन की नवंबर 2017 में बीमारी के चलते मौत हो गई थी। वह ड्राइवर थे और उनकी कमाई से ही परिवार का खर्च चलता था। पिता की मौत के बाद परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद खराब हो गई।

17 हजार रुपये की फीस नहीं भर पाया, छोड़ दी पढ़ाई

नितिक की मां अनीता ने बताया कि प्राइवेट स्कूल की करीब 17 हजार रुपए फीस बकाया हो गई थी। परिवार की आर्थिक स्थिति ऐसी नहीं थी कि वह फीस भर सके। इसके बाद नितिक ने स्कूल जाना ही छोड़ दिया।

पति की मौत के बाद अनीता को सरकार की तरफ से आश्रित पेंशन मिलने लगी। उन्हें करीब 7 हजार रुपए मासिक पेंशन मिलती थी। इसी रकम से परिवार का गुजारा चलता रहा। अनीता खुद भी काफी बीमार रहती हैं।

परिवार के मुताबिक, नितिक के पढ़ाई छोड़ने के बाद परिस्थितियां धीरे-धीरे बदलती गईं। मां को अब इस बात का सबसे ज्यादा मलाल है कि आर्थिक तंगी के कारण उनका बेटा पढ़ाई पूरी नहीं कर सका।

परिवार का इकलौता बेटा है नितिक

नितिक अपने परिवार का इकलौता बेटा है। उसकी एक बड़ी बहन शादीशुदा है, जबकि दूसरी बहन सातवीं कक्षा में पढ़ रही है

पढ़ाई छूटने के बाद नितिक गोहाना में कुछ ऐसे युवकों के संपर्क में आया, जिनका संबंध अपराध की दुनिया से था। धीरे-धीरे उसकी संगत बदलती गई और वह आपराधिक गतिविधियों में शामिल हो गया।

नितिक की मां अनीता ने बताया कि उन्हें उसके दो मामलों की जानकारी है। पहला मामला गोहाना के खेड़ा-खेड़ी में फायरिंग का था। इसके बाद उसके खिलाफ लड़ाई-झगड़े से संबंधित मामला दर्ज हुआ।

घर आना-जाना भी कम हो गया था

परिवार के अनुसार, नितिक का घर आना-जाना काफी कम हो गया था। वह जब भी घर आता था, थोड़ी देर रुकता और फिर चला जाता था।

अनीता के मुताबिक, नरेला हत्याकांड के बाद नितिक घर नहीं आया। इससे पहले वह रक्षाबंधन पर घर आया था। इसके बाद 31 अगस्त की शाम करीब 7 बजे वह कपड़े बदलने के लिए घर पहुंचा था और करीब 15 मिनट बाद ही वहां से निकल गया।

मां का कहना है कि उन्हें इस बात का सबसे ज्यादा मलाल है कि आर्थिक तंगी के कारण उनका बेटा पढ़ाई पूरी नहीं कर सका। उनका मानना है कि अगर नितिक स्कूल जाता रहता तो शायद वह अपराध की दुनिया में नहीं जाता।

प्रमोद को लगातार मिल रही थीं रंगदारी की धमकियां

प्रमोद लंबे समय से प्रॉपर्टी डीलिंग के कारोबार से जुड़े हुए थे। सोनीपत के नाहरी गांव में उनका प्रॉपर्टी डीलिंग का ऑफिस था। इसके अलावा गांव में उनका एक बैंक्वेट हॉल भी था।

परिवार का कहना है कि प्रमोद को पिछले कुछ दिनों से लगातार रंगदारी मांगी जा रही थी। कॉल करने वाले उनसे मोटी रकम की मांग कर रहे थे। लगातार मिल रही धमकियों के बाद प्रमोद अपनी सुरक्षा को लेकर काफी चिंतित थे।

परिवार के मुताबिक, धमकियों के बाद वह अपने एक दोस्त की बुलेटप्रूफ गाड़ी में आने-जाने लगे थे।

भाऊ गैंग ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए ली थी जिम्मेदारी

प्रमोद की हत्या के बाद भाऊ गैंग ने सोशल मीडिया पोस्ट कर हत्याकांड की जिम्मेदारी ली थी। गैंग ने दावा किया था कि रंगदारी की रकम नहीं देने के कारण प्रमोद की हत्या की गई।

3 सितंबर को दिल्ली के नरेला में जिम के बाहर प्रमोद पर ताबड़तोड़ फायरिंग की गई थी। बदमाशों ने उन्हें 16 गोलियां मारी थीं। हत्या के बाद बदमाश हथियार लहराते हुए मौके से भागे थे और उनका एक साथी बाइक पर भी नजर आया था।

अब दिल्ली पुलिस की कार्रवाई में हत्याकांड से जुड़े तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। मुठभेड़ के दौरान दो आरोपियों के घायल होने और मौके से तीन पिस्टल बरामद होने के बाद पुलिस आगे की पूछताछ और जांच में जुटी है।