काला जठेड़ी कस्टडी पैरोल पर जठेड़ी गांव पहुंचा, बेटियों के नामकरण में शामिल हुआ; ढोल-नगाड़ों से स्वागत

काला जठेड़ी जुड़वां बेटियों के नामकरण और हवन-यज्ञ में शामिल होने के लिए कस्टडी पैरोल पर जठेड़ी गांव पहुंचा, जहां ढोल-नगाड़ों से स्वागत हुआ।

काला जठेड़ी कस्टडी पैरोल पर जठेड़ी गांव पहुंचा, बेटियों के नामकरण में शामिल हुआ; ढोल-नगाड़ों से स्वागत

काला जठेड़ी 4 घंटे की कस्टडी पैरोल पर जठेड़ी गांव पहुंचा, पुलिस वैन से उतरते ही हाथ हिलाकर किया अभिवादन
➤ जुड़वां बेटियों के जन्म के 80 दिन बाद हवन-यज्ञ, नामकरण और अन्य रस्मों में शामिल हुआ, ढोल-नगाड़ों से स्वागत
➤ काला जठेड़ी पर दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान में 30 से ज्यादा मामले दर्ज, 30 जुलाई 2021 को सहारनपुर से हुआ था गिरफ्तार

सोनीपत के जठेड़ी गांव में कुख्यात गैंगस्टर संदीप उर्फ काला जठेड़ी रविवार को कस्टडी पैरोल पर पहुंचा। जुड़वां बेटियों के जन्म के 80 दिन बाद होने वाले हवन-यज्ञ, नामकरण और अन्य रस्मों में शामिल होने के लिए उसे पैरोल मिली है। पुलिस वैन से गांव पहुंचते ही जठेड़ी ने बाहर निकलकर हाथ हिलाकर अभिवादन किया। इस दौरान वहां ढोल-नगाड़ों के साथ उसका स्वागत किया गया।

काला जठेड़ी के गांव पहुंचने को देखते हुए जठेड़ी गांव में भारी पुलिसबल तैनात किया गया है। पुलिस सुरक्षा के बीच उसे निर्धारित समय के लिए गांव लाया गया। यहां वह अपनी पत्नी अनुराधा चौधरी और परिवार के साथ बेटियों के नामकरण से जुड़ी रस्मों में शामिल होगा। अनुराधा चौधरी को ‘लेडी डॉन’ के नाम से भी जाना जाता है।

पैरोल की अवधि को लेकर अलग-अलग जानकारी

अनुराधा चौधरी ने दैनिक भास्कर से बातचीत में बताया कि पहले 6 घंटे की कस्टडी पैरोल की अनुमति ली गई थी, लेकिन प्रशासनिक गाइडलाइन के अनुसार अब 5 घंटे की पैरोल मिली है। काला जठेड़ी सुबह 11 बजे गांव पहुंचा और शाम 4 बजे तक वहां रहेगा।

अनुराधा के मुताबिक सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों की शिफ्ट 5 घंटे की होती है। पैरोल के दौरान सुरक्षा का खर्च भी संबंधित पक्ष को ही उठाना पड़ता है। उन्होंने बताया कि 10 घंटे की पैरोल संभव नहीं थी, क्योंकि एक घंटे बाद पुलिसकर्मियों की दूसरी शिफ्ट लगती और उसका खर्च भी देना पड़ता।

वहीं, काला जठेड़ी के गांव पहुंचने को लेकर उपलब्ध जानकारी में उसे 4 घंटे की कस्टडी पैरोल मिलने का उल्लेख है। इस दौरान भारी पुलिस सुरक्षा के बीच उसे गांव लाया गया।

80 दिन बाद बेटियों का नामकरण और हवन-यज्ञ

काला जठेड़ी की पत्नी अनुराधा चौधरी ने 1 जुलाई को जुड़वां बेटियों को जन्म दिया था। अब बेटियों के जन्म के 80 दिन बाद जठेड़ी गांव में उनके हवन-यज्ञ, नामकरण और अन्य पारिवारिक रस्में आयोजित की जा रही हैं।

बेटियों के जन्म के समय भी काला जठेड़ी को कस्टडी पैरोल मिली थी। वह 1 जुलाई को गुरुग्राम के एक निजी अस्पताल में अपनी बेटियों को देखने पहुंचा था। सुरक्षा कारणों के चलते कोर्ट ने अस्पताल का नाम सार्वजनिक नहीं करने का निर्देश दिया था।

अनुराधा ने 1 जुलाई को इन-विट्रो फर्टिलाइजेशन (IVF) तकनीक से गुरुग्राम के एक निजी अस्पताल में जुड़वां बेटियों को जन्म दिया था। प्रसव के दौरान तबीयत बिगड़ने पर उसकी सीजेरियन डिलीवरी करानी पड़ी थी। इसी दिन काला जठेड़ी अपनी बेटियों को देखने के लिए 4 घंटे की कस्टडी पैरोल पर आया था।

बेटियों के जन्म के बाद जठेड़ी गांव में अनुराधा चौधरी के कुआं पूजन की रस्म भी निभाई गई थी।

काला जठेड़ी पर चार राज्यों में 30 से ज्यादा मामले

काला जठेड़ी पर दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान में 30 से ज्यादा मामले दर्ज हैं। इनमें हत्या, फिरौती, रंगदारी और हत्या के प्रयास जैसे मामले शामिल हैं।

काला जठेड़ी को 30 जुलाई 2021 को उत्तर प्रदेश के सहारनपुर से गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद से वह जेल में है और अलग-अलग मौकों पर कोर्ट की अनुमति से उसे कस्टडी पैरोल मिलती रही है।

2020 में काला जठेड़ी के संपर्क में आई थी अनुराधा

अनुराधा चौधरी राजस्थान के सीकर की रहने वाली है। उसका भी आपराधिक पृष्ठभूमि से संबंध रहा है। वह कभी कुख्यात अपराधी आनंदपाल सिंह से जुड़ी थी।

बताया जाता है कि आनंदपाल के ठेठ पहनावे में बदलाव अनुराधा ने ही किया था। उसने आनंदपाल को अंग्रेजी बोलना भी सिखाया था। इसके बदले आनंदपाल ने अनुराधा को AK-47 चलाना सिखाया।

27 जून, 2006 को बहुचर्चित जीवणराम गोदारा हत्याकांड के मुख्य गवाह प्रमोद चौधरी के भाई इंद्रचंद के अपहरण मामले में अनुराधा चौधरी का नाम आया था। साल 2016 में उसे जयपुर से गिरफ्तार किया गया था।

अनुराधा चौधरी जब इस केस में दो साल की सजा काट रही थी, उसी दौरान साल 2017 में आनंदपाल सिंह को पुलिस ने एनकाउंटर में मार गिराया था। इसके बाद साल 2020 में अनुराधा काला जठेड़ी के संपर्क में आई थी। हालांकि, अनुराधा का दावा है कि उसके सभी केस बंद हो चुके हैं।

2024 में हुई थी काला जठेड़ी और अनुराधा की शादी

काला जठेड़ी और अनुराधा चौधरी की शादी 12 मार्च 2024 को दिल्ली के द्वारका सेक्टर-3 स्थित संतोष गार्डन में हुई थी। शादी के लिए द्वारका कोर्ट ने जठेड़ी को 6 घंटे की कस्टडी पैरोल दी थी।

कोर्ट के निर्देश के मुताबिक काला जठेड़ी को सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक शादी समारोह में शामिल होना था। शादी के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। जठेड़ी को तिहाड़ की मंडोली जेल से पुलिस सुरक्षा में शादी स्थल तक लाया गया था।

कोर्ट ने अगले दिन गृह प्रवेश के लिए भी पैरोल की अनुमति दी थी, लेकिन बाद में यह अनुमति वापस ले ली गई।

अब जुड़वां बेटियों के जन्म के 80 दिन बाद होने वाली रस्मों में शामिल होने के लिए काला जठेड़ी एक बार फिर कस्टडी पैरोल पर जठेड़ी गांव पहुंचा है। इस दौरान गांव में भारी पुलिसबल तैनात रहा और पुलिस सुरक्षा के बीच वह निर्धारित समय तक पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल हुआ।