महिलाओं में प्रोटीन की कमी? डाइट में जरूर शामिल करें ये चीजें
महिलाओं में प्रोटीन की कमी पूरी करने के लिए दाल, चना, राजमा, सोयाबीन, टोफू, पनीर, दूध, दही और बीज डाइट में शामिल किए जा सकते हैं
दाल, चना, राजमा और सोयाबीन जैसे शाकाहारी खाद्य पदार्थ प्रोटीन के अच्छे स्रोत
➤ टोफू, पनीर, दूध-दही के साथ मूंगफली और बीज भी डाइट में किए जा सकते हैं शामिल
➤ प्रोटीन की जरूरत उम्र, वजन, शारीरिक गतिविधि और स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार अलग-अलग होती है
प्रोटीन शरीर को स्वस्थ रखने के साथ-साथ मांसपेशियों की मरम्मत, हार्मोन और इम्यून सिस्टम के सामान्य कामकाज के लिए जरूरी पोषक तत्व है। इसके बावजूद कई बार व्यस्त दिनचर्या और संतुलित डाइट की कमी के कारण महिलाओं के भोजन में पर्याप्त प्रोटीन शामिल नहीं हो पाता।
खास तौर पर शाकाहारी महिलाओं को अक्सर लगता है कि प्रोटीन लेने के लिए उनके पास विकल्प कम हैं। हालांकि, ऐसा नहीं है। कई शाकाहारी खाद्य पदार्थ प्रोटीन के अच्छे स्रोत हो सकते हैं। इन्हें सही मात्रा और संतुलित तरीके से रोजाना की डाइट में शामिल करने से शरीर की प्रोटीन जरूरत को पूरा करने में मदद मिल सकती है।
दालें रोजाना की डाइट में बढ़ा सकती हैं प्रोटीन
मूंग, मसूर, अरहर और उड़द जैसी दालें रोजाना के भोजन में प्रोटीन बढ़ाने का आसान तरीका हैं। इन्हें अलग-अलग तरह से डाइट में शामिल किया जा सकता है। दाल के अलावा खिचड़ी या सूप के रूप में भी इनका सेवन किया जा सकता है।
रोजाना के भोजन में दाल को शामिल करना शाकाहारी डाइट में प्रोटीन का सेवन बढ़ाने का एक आसान विकल्प हो सकता है।
चना और राजमा से प्रोटीन के साथ मिलेगा फाइबर
चना, काबुली चना और राजमा भी शाकाहारी भोजन में प्रोटीन के अच्छे विकल्प हो सकते हैं। इनमें प्रोटीन के साथ-साथ फाइबर भी पाया जाता है।
इन्हें सलाद, सब्जी या चाट के रूप में खाया जा सकता है। अपनी रोजाना की डाइट में इन खाद्य पदार्थों को संतुलित मात्रा में शामिल किया जा सकता है।
सोयाबीन और टोफू भी हैं अच्छे विकल्प
सोयाबीन शाकाहारी लोगों के लिए प्रोटीन का अच्छा स्रोत है। इससे बने सोया चंक्स या अन्य सोया खाद्य पदार्थों को संतुलित डाइट का हिस्सा बनाया जा सकता है।
वहीं, टोफू भी सोयाबीन से बनाया जाता है। जो लोग मांसाहारी भोजन नहीं खाते, उनके लिए यह एक अच्छा विकल्प हो सकता है। टोफू को सब्जी, सलाद या सैंडविच में शामिल किया जा सकता है।
पनीर के साथ कैल्शियम भी मिलता है
पनीर में प्रोटीन के साथ कैल्शियम भी पाया जाता है। हालांकि, इसमें वसा भी हो सकती है। इसलिए पनीर की मात्रा और उसके प्रकार का चुनाव अपनी जरूरत के अनुसार करना बेहतर है।
दूध और दही से भी डाइट में शामिल करें प्रोटीन
दूध और दही रोजाना की डाइट में प्रोटीन शामिल करने के आसान विकल्प हैं। दही का सेवन करते समय बिना ज्यादा चीनी वाला दही बेहतर विकल्प हो सकता है।
इन्हें भोजन के साथ या अपनी दैनिक डाइट के अनुसार अलग-अलग समय पर लिया जा सकता है।
मूंगफली और बीजों को भी डाइट में जगह दें
मूंगफली, कद्दू के बीज, चिया सीड्स और अलसी जैसे विकल्पों में प्रोटीन के साथ कुछ जरूरी फैट भी पाए जाते हैं। हालांकि, इनका सेवन सीमित मात्रा में करना चाहिए।
इन खाद्य पदार्थों को अपनी जरूरत और संतुलित डाइट के अनुसार भोजन में शामिल किया जा सकता है।
प्रोटीन लेते समय एक ही खाद्य पदार्थ पर निर्भर न रहें
सिर्फ एक ही खाद्य पदार्थ पर निर्भर रहने के बजाय अलग-अलग शाकाहारी प्रोटीन स्रोतों को डाइट में शामिल करना बेहतर है। इससे भोजन में विविधता भी बनी रहती है।
यह भी ध्यान रखना जरूरी है कि हर महिला की प्रोटीन जरूरत एक जैसी नहीं होती। उम्र, वजन, शारीरिक गतिविधि और स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार प्रोटीन की जरूरत अलग हो सकती है।
अगर किसी महिला को लंबे समय से कमजोरी, थकान या अन्य स्वास्थ्य संबंधी परेशानी है, तो इसे केवल प्रोटीन की कमी मानकर खुद से सप्लीमेंट लेना सही नहीं है। जरूरत पड़ने पर डॉक्टर या योग्य आहार विशेषज्ञ से सलाह लेनी चाहिए।
Akhil Mahajan