शिमला में 257 ग्राम चिट्टे के साथ पंजाब का युवक गिरफ्तार
शिमला के शोघी में टैक्सी से 257 ग्राम चिट्टा बरामद, अमृतसर का रेशम सिंह गिरफ्तार। पुलिस बड़े सप्लाई नेटवर्क की जांच में जुटी है।
शिमला के शोघी में टैक्सी से 257 ग्राम चिट्टा बरामद, पंजाब के अमृतसर का 34 वर्षीय युवक गिरफ्तार
➤ बालूगंज थाने में NDPS एक्ट की धारा 21 के तहत केस दर्ज, बड़े नशा सप्लाई नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
➤ शिमला पुलिस का दावा- इस साल 5.5 किलो हेरोइन बरामद, अनुमानित कीमत 30 करोड़ रुपये से अधिक
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस की स्पेशल सेल टीम ने शोघी के पास एक टैक्सी से करीब 257 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद किया है। इस मामले में पंजाब के अमृतसर निवासी 34 वर्षीय रेशम सिंह को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी कथित तौर पर नशे की यह खेप शिमला में सप्लाई करने की कोशिश कर रहा था। बरामदगी के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इतनी बड़ी मात्रा में हेरोइन कहां से लाई गई थी और इसे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था।
पुलिस के अनुसार, स्पेशल सेल की टीम लंबे समय से संदिग्ध सप्लायर की गतिविधियों पर नजर रख रही थी। इसी दौरान शोघी के नजदीक एक टैक्सी को जांच के लिए रोका गया। तलाशी लेने पर आरोपी के कब्जे से 257 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। पुलिस ने इसे वाणिज्यिक मात्रा की श्रेणी में आने वाली बरामदगी बताया है। इस मामले में बालूगंज पुलिस थाना में अभियोग संख्या 230/2026, दिनांक 27 अक्तूबर 2026 के तहत केस दर्ज किया गया है। पुलिस अब आरोपी से जुड़े संभावित सप्लायरों और नशे के नेटवर्क की कड़ियां तलाश रही है।
शोघी के पास टैक्सी रोककर की तलाशी, आरोपी के कब्जे से मिला 257 ग्राम चिट्टा
शिमला पुलिस की स्पेशल सेल को नशे की सप्लाई से जुड़े एक संदिग्ध व्यक्ति के बारे में जानकारी मिली थी।
पुलिस के मुताबिक, टीम काफी समय से उसकी गतिविधियों पर नजर रख रही थी। इसी निगरानी के दौरान शोघी के पास एक टैक्सी को जांच के लिए रोका गया।
वाहन की तलाशी लेने पर पुलिस को करीब 257 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) मिला।
इसके बाद पुलिस ने नशीला पदार्थ कब्जे में लेकर संबंधित व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी इतनी बड़ी मात्रा में हेरोइन शिमला में सप्लाई करने की कोशिश में था।
हालांकि, यह खेप किस व्यक्ति या समूह तक पहुंचाई जानी थी, इसकी जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
पुलिस इस संबंध में आगे जांच कर रही है।
अमृतसर का रहने वाला है गिरफ्तार आरोपी रेशम सिंह, उम्र 34 साल
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी की पहचान रेशम सिंह (34) के रूप में की है।
वह पंजाब के अमृतसर का निवासी बताया गया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी के कब्जे से बरामद नशीले पदार्थ की मात्रा को देखते हुए मामले की गंभीरता बढ़ गई है।
प्रारंभिक जानकारी के आधार पर पुलिस को आशंका है कि आरोपी शिमला में हेरोइन की सप्लाई करने के उद्देश्य से आया था।
अब जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि आरोपी का संपर्क किन लोगों से था और नशे की यह खेप कहां से लाई गई थी।
इसके साथ ही पुलिस सप्लाई नेटवर्क से जुड़े अन्य संभावित लोगों की भूमिका भी जांच रही है।
वाणिज्यिक मात्रा में बरामद हुई हेरोइन, पुलिस ने बताया साल की प्रमुख कार्रवाई
शोघी के पास टैक्सी से बरामद 257 ग्राम हेरोइन को पुलिस ने वाणिज्यिक मात्रा की श्रेणी में बताया है।
एनडीपीएस कानून के तहत हेरोइन की वाणिज्यिक मात्रा की निर्धारित सीमा 250 ग्राम है।
ऐसे में 257 ग्राम की बरामदगी इस सीमा से अधिक है।
पुलिस ने इसे इस साल की प्रमुख बरामदगियों में शामिल बताया है।
वाणिज्यिक मात्रा में नशीले पदार्थ की बरामदगी के मामलों में कानून के तहत गंभीर दंडात्मक प्रावधान हैं।
हालांकि, आरोपी के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर अंतिम निर्णय न्यायिक प्रक्रिया के तहत ही होगा।
पुलिस फिलहाल बरामदगी और संभावित सप्लाई नेटवर्क से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है।
बालूगंज थाने में केस नंबर 230/2026 दर्ज, एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 लगाई
इस मामले में पुलिस थाना बालूगंज में औपचारिक मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, मामले का विवरण इस प्रकार है।
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विवरण |
जानकारी |
|---|---|
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पुलिस थाना |
बालूगंज, शिमला |
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अभियोग संख्या |
230/2026 |
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मामला दर्ज होने की तारीख |
27 अक्तूबर 2026 |
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संबंधित कानून |
एनडीपीएस एक्ट |
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धारा |
21 |
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बरामद नशीला पदार्थ |
करीब 257 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) |
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गिरफ्तार आरोपी |
रेशम सिंह |
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आरोपी की उम्र |
34 वर्ष |
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आरोपी का निवास |
अमृतसर, पंजाब |
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बरामदगी का स्थान |
शोघी के पास, शिमला |
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
उसे न्यायालय में पेश किया जाएगा।
मामले की आगामी जांच जारी है।
शिमला में किसे सप्लाई होनी थी हेरोइन? पुलिस तलाश रही नशे के नेटवर्क की कड़ियां
257 ग्राम चिट्टे की बरामदगी के बाद पुलिस की जांच का मुख्य केंद्र नशे की सप्लाई चेन है।
पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि बरामद हेरोइन का स्रोत क्या था और इसे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था।
इसके अलावा आरोपी से जुड़े संभावित संपर्कों और अन्य सप्लायरों की भूमिका भी जांच के दायरे में है।
पुलिस का कहना है कि मामले में केवल बरामदगी तक सीमित रहने के बजाय सप्लाई नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों का पता लगाने की कोशिश की जा रही है।
हालांकि, अभी किसी अन्य व्यक्ति की गिरफ्तारी या नेटवर्क के संबंध में अतिरिक्त आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
जांच आगे बढ़ने के साथ मामले से जुड़े अन्य तथ्यों के स्पष्ट होने की संभावना है।
इस साल 5.5 किलो हेरोइन बरामद करने का दावा, कीमत 30 करोड़ रुपये से अधिक
शिमला पुलिस ने नशे के खिलाफ इस साल की कार्रवाई से जुड़े आंकड़े भी साझा किए हैं।
पुलिस के अनुसार, इस साल अब तक करीब 5.5 किलोग्राम हेरोइन या चिट्टा बरामद किया जा चुका है।
पुलिस ने इसकी अनुमानित कीमत 30 करोड़ रुपये से अधिक बताई है।
इन आंकड़ों के आधार पर पुलिस का कहना है कि नशे की सप्लाई पर अंकुश लगाने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस की ओर से की गई अलग-अलग बरामदगियों में बड़ी मात्रा में हेरोइन पकड़े जाने की जानकारी दी गई है।
शोघी के पास हुई 257 ग्राम की ताजा बरामदगी भी इसी अभियान का हिस्सा बताई गई है।
हालांकि, बरामद नशीले पदार्थों की बताई गई कीमत पुलिस के अनुमान पर आधारित है।
एक कार्रवाई में 1.120 किलो हेरोइन भी पकड़ी, करीब छह करोड़ रुपये बताई कीमत
शिमला पुलिस के अनुसार, इस साल की प्रमुख बरामदगियों में करीब 1.120 किलोग्राम हेरोइन की एक बड़ी खेप भी शामिल है।
पुलिस ने इस बरामदगी की अनुमानित कीमत लगभग छह करोड़ रुपये बताई है।
इसके अलावा अन्य कार्रवाइयों में भी हेरोइन बरामद की गई है।
पुलिस का कहना है कि इस साल कुल बरामदगी करीब 5.5 किलोग्राम तक पहुंच चुकी है।
इन मामलों में नशे की सप्लाई से जुड़े लोगों और उनके नेटवर्क पर कार्रवाई करने की बात कही गई है।
एलएसडी की वाणिज्यिक मात्रा भी बरामद, करीब एक करोड़ रुपये बताई कीमत
हेरोइन के अलावा शिमला पुलिस ने अन्य नशीले पदार्थों की बरामदगी की जानकारी भी दी है।
पुलिस के अनुसार, इस साल एलएसडी की वाणिज्यिक मात्रा भी बरामद की गई है।
इसकी अनुमानित कीमत करीब एक करोड़ रुपये बताई गई है।
पुलिस का कहना है कि अलग-अलग प्रकार के नशीले पदार्थों की अवैध सप्लाई पर रोक लगाने के लिए अभियान चलाया जा रहा है।
इसी अभियान के तहत हेरोइन के साथ अन्य प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की बरामदगी भी हुई है।
16.5 किलो चरस और 14 किलो अफीम बरामद, छह किलो पॉपी हस्क भी पकड़ा
शिमला पुलिस ने इस साल की कार्रवाई में चरस, अफीम और पॉपी हस्क की बरामदगी के आंकड़े भी जारी किए हैं।
पुलिस के मुताबिक, अलग-अलग कार्रवाइयों में 16.5 किलोग्राम चरस बरामद की गई है।
इसके अलावा 14 किलोग्राम अफीम और छह किलोग्राम पॉपी हस्क भी पकड़ा गया है।
पुलिस का कहना है कि नशीले पदार्थों की अवैध सप्लाई रोकने के लिए विभिन्न स्तरों पर कार्रवाई की जा रही है।
इन बरामदगियों को भी इसी अभियान का हिस्सा बताया गया है।
भांग और अफीम की अवैध खेती पर भी कार्रवाई, 10 लाख से अधिक पौधे नष्ट करने का दावा
नशीले पदार्थों की बरामदगी के साथ शिमला पुलिस ने अवैध खेती के खिलाफ की गई कार्रवाई की जानकारी भी दी है।
पुलिस के अनुसार, इस साल भांग और अफीम की अवैध खेती के 10 लाख से अधिक पौधे नष्ट किए गए हैं।
पुलिस का कहना है कि नशे के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए सप्लाई के साथ अवैध उत्पादन को भी रोकने का प्रयास किया जा रहा है।
इसी के तहत भांग और अफीम की अवैध खेती के खिलाफ अभियान चलाया गया।
पुलिस ने इसे नशे के खिलाफ जारी कार्रवाई का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया है।
शिमला पुलिस ने साझा किए नशे के खिलाफ कार्रवाई के आंकड़े
शिमला पुलिस की ओर से उपलब्ध कराए गए आंकड़ों के अनुसार, इस साल की कार्रवाई का विवरण इस प्रकार है।
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नशीला पदार्थ या कार्रवाई |
पुलिस के अनुसार मात्रा या अनुमानित कीमत |
|---|---|
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हेरोइन/चिट्टा |
करीब 5.5 किलोग्राम |
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हेरोइन की अनुमानित कुल कीमत |
30 करोड़ रुपये से अधिक |
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एक बड़ी हेरोइन बरामदगी |
करीब 1.120 किलोग्राम |
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उक्त बड़ी बरामदगी की अनुमानित कीमत |
लगभग छह करोड़ रुपये |
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एलएसडी |
वाणिज्यिक मात्रा |
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एलएसडी की अनुमानित कीमत |
करीब एक करोड़ रुपये |
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चरस |
16.5 किलोग्राम |
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अफीम |
14 किलोग्राम |
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पॉपी हस्क |
छह किलोग्राम |
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नष्ट किए गए भांग और अफीम के पौधे |
10 लाख से अधिक |
ये सभी आंकड़े शिमला पुलिस की ओर से किए गए दावों पर आधारित हैं।
बड़े सप्लायरों पर कार्रवाई जारी रखने की तैयारी, युवाओं को नशे से बचाने पर जोर
शिमला पुलिस का कहना है कि नशे की सप्लाई चेन को तोड़ना उसकी प्राथमिकताओं में शामिल है।
पुलिस के अनुसार, केवल छोटे स्तर पर नशीले पदार्थ पहुंचाने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय बड़े सप्लायरों और उनसे जुड़े नेटवर्क की पहचान करने पर भी ध्यान दिया जा रहा है।
इसी उद्देश्य से संदिग्ध सप्लायरों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।
शोघी के पास हुई ताजा बरामदगी को भी पुलिस ने इसी कार्रवाई का हिस्सा बताया है।
पुलिस ने युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए अभियान तेज करने की बात कही है।
इसके साथ ही अवैध नशा कारोबार में शामिल लोगों और सप्लाई नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई जारी रखने का दावा किया गया है।
आरोपी को न्यायालय में किया जाएगा पेश, जांच में अन्य लोगों की भूमिका तलाशेगी पुलिस
शोघी के पास टैक्सी से 257 ग्राम चिट्टा बरामद होने के मामले में पुलिस ने अमृतसर निवासी रेशम सिंह को गिरफ्तार किया है।
आरोपी के खिलाफ बालूगंज थाने में एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी को न्यायालय में पेश किया जाएगा।
अब जांच का ध्यान इस बात पर है कि नशे की खेप कहां से आई और इसकी सप्लाई किन लोगों तक की जानी थी।
पुलिस संभावित सप्लाई नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों की पहचान करने का प्रयास कर रही है।
फिलहाल मामले में किसी अन्य गिरफ्तारी की जानकारी नहीं दी गई है।
शिमला पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नशे के अवैध कारोबार और उससे जुड़े बड़े सप्लायरों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
Akhil Mahajan