हरियाणा में पारा 13° से नीचे! हिसार 12.7°C, 31 अक्टूबर तक बारिश के आसार
हरियाणा में ठंड बढ़ी, हिसार के बालसमंद में पारा 12.7 डिग्री पहुंचा। 28 से 31 अक्टूबर तक बारिश के आसार, पश्चिमी विक्षोभ से बदलेगा मौसम।
हरियाणा में पहली बार 13 डिग्री से नीचे पहुंचा पारा, हिसार का बालसमंद 12.7°C के साथ सबसे ठंडा
➤ 28 और 29 अक्टूबर को हल्की से मध्यम बारिश के आसार, 31 अक्टूबर तक बदलता रहेगा मौसम
➤ चक्रवात 'अर्नब' और पश्चिमी विक्षोभ का दिख सकता है असर, दिवाली तक और बढ़ेगी ठंड
हरियाणा में दिवाली से पहले ही ठंड ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। सुबह और शाम के समय तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। प्रदेश में इस सीजन में पहली बार न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच गया है। हिसार का बालसमंद क्षेत्र 12.7°C न्यूनतम तापमान के साथ पूरे हरियाणा में सबसे ठंडा रहा। पिछले दो दिनों में हुई हल्की बारिश और ओलावृष्टि के बाद मौसम में यह बदलाव देखने को मिला है। वहीं, मौसम विभाग ने 28 से 31 अक्टूबर के बीच प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश और बूंदाबांदी की संभावना जताई है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, आने वाले दिनों में हरियाणा के मौसम पर दो अलग-अलग मौसमी गतिविधियों का असर पड़ सकता है। एक तरफ बंगाल की खाड़ी में बना चक्रवात 'अर्नब' आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ रहा है, जबकि दूसरी तरफ 29 अक्टूबर से नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय होने जा रहा है। दोनों मौसमी सिस्टम के प्रभाव से आने वाली नमी वाली हवाएं आपस में मिलती हैं तो प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। इसके साथ ही दिवाली तक ठंड और तेज होने के आसार हैं।
हिसार का बालसमंद प्रदेश में सबसे ठंडा, न्यूनतम तापमान 12.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज
हरियाणा में मौसम के बदलते मिजाज के बीच रात का तापमान तेजी से नीचे आने लगा है। हिसार जिले के बालसमंद क्षेत्र में न्यूनतम तापमान 12.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा।
इस बार दिवाली से पहले ही तापमान में आई गिरावट ने ठंड का एहसास बढ़ा दिया है। खासकर सुबह और शाम के समय ठंड का असर अधिक महसूस किया जा रहा है।
मौसम विभाग के अनुसार, पिछले दो दिनों में प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में हुई हल्की बारिश और ओलावृष्टि के कारण तापमान में गिरावट आई है। मौसम में आए इस बदलाव का असर राज्य के औसत न्यूनतम तापमान पर भी दिखाई दिया है।
हरियाणा के औसत न्यूनतम तापमान में 0.4°C की गिरावट, सुबह और शाम बढ़ी ठंड
प्रदेश के औसत न्यूनतम तापमान में 0.4 डिग्री सेल्सियस की कमी दर्ज की गई है। तापमान में इस गिरावट के बाद सुबह और शाम के समय ठंड बढ़ गई है।
मौसम विज्ञान केंद्र चंडीगढ़ के अनुसार, आने वाले दिनों में तापमान में और गिरावट होने की संभावना है। मौसम में लगातार हो रहे बदलाव और बारिश की संभावनाओं को देखते हुए ठंड का असर और बढ़ सकता है।
पिछले दो दिनों की हल्की बारिश और ओलावृष्टि के बाद अब एक बार फिर मौसम करवट लेने वाला है। मौसम विभाग ने अगले चार दिनों के दौरान प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश की संभावना जताई है।
28 और 29 अक्टूबर को हरियाणा में बारिश के आसार, कई इलाकों में बदल सकता है मौसम
हरियाणा में 28 अक्टूबर से मौसम में बदलाव आने की संभावना है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 28 और 29 अक्टूबर को प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।
बारिश के कारण दिन के तापमान में भी गिरावट आने के आसार हैं। इसके साथ ही रात के समय ठंड का असर बढ़ सकता है।
मौसम विभाग का अनुमान है कि बारिश की गतिविधियों के चलते दिन और रात दोनों के तापमान में और कमी दर्ज की जाएगी। इससे प्रदेश में ठंड का दायरा बढ़ सकता है।
30 और 31 अक्टूबर को भी राहत नहीं, बूंदाबांदी के साथ तेज हवाएं चलने की संभावना
हरियाणा में मौसम का बदला हुआ मिजाज केवल 28 और 29 अक्टूबर तक सीमित नहीं रहेगा। 30 और 31 अक्टूबर को भी राज्य के कुछ स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी होने के आसार हैं।
इस दौरान कुछ इलाकों में तेज हवाएं भी चल सकती हैं। बारिश और हवाओं के प्रभाव से तापमान में और गिरावट आने की संभावना जताई गई है।
मौसम विज्ञान केंद्र चंडीगढ़ के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में सुबह और शाम के साथ दिन के तापमान में भी बदलाव देखने को मिल सकता है।
बंगाल की खाड़ी में बना चक्रवात 'अर्नब', हरियाणा की हवाओं पर पड़ सकता है आंशिक असर
चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (HAU), हिसार के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के अध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि इस समय दो अलग-अलग मौसमी गतिविधियां सक्रिय हो रही हैं।
उन्होंने बताया कि बंगाल की खाड़ी में बना चक्रवात 'अर्नब' आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ रहा है। इस चक्रवात का आंशिक प्रभाव हरियाणा में हवाओं के रुख पर पड़ सकता है।
हालांकि, प्रदेश में बारिश की गतिविधियां कितनी बढ़ेंगी, यह आने वाले दिनों में मौसमी सिस्टम के प्रभाव और नमी वाली हवाओं की स्थिति पर निर्भर करेगा।
29 अक्टूबर से सक्रिय होगा नया पश्चिमी विक्षोभ, बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना
डॉ. मदन खीचड़ के अनुसार, 29 अक्टूबर से उत्तर-पश्चिम भारत में नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है। इसका प्रभाव हरियाणा के मौसम पर भी पड़ सकता है।
इस दौरान बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवात के प्रभाव से आने वाली नमी वाली हवाएं और पश्चिमी विक्षोभ का असर एक साथ देखने को मिल सकता है।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि यदि दोनों मौसमी सिस्टम के प्रभाव से आने वाली नमी वाली हवाएं आपस में मिलती हैं तो हरियाणा के ज्यादातर हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
ऐसी स्थिति में प्रदेश के अधिक क्षेत्रों में बारिश होने की संभावना बनेगी और तापमान में गिरावट का सिलसिला आगे भी जारी रह सकता है।
दिवाली तक और बढ़ सकती है ठंड, बारिश से दिन और रात के तापमान में आएगी गिरावट
हरियाणा में इस बार दिवाली से पहले ही ठंड का असर बढ़ने लगा है। हिसार के बालसमंद में तापमान 12.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने के बाद आने वाले दिनों में और गिरावट की संभावना जताई जा रही है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, यदि पश्चिमी विक्षोभ और चक्रवात के प्रभाव से नमी वाली हवाएं एक साथ सक्रिय होती हैं तो प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
28 से 31 अक्टूबर के बीच संभावित बारिश और तेज हवाओं के कारण दिन और रात के तापमान में और कमी आ सकती है। इससे दिवाली तक हरियाणा में ठंड का असर काफी बढ़ने की संभावना है।
Akhil Mahajan