₹10 के विवाद में गोलगप्पा विक्रेता की चाकुओं से हत्या, पानीपत में सनसनी पैसे मांगना पड़ा भारी

पानीपत में 17 वर्षीय गोलगप्पा विक्रेता की महज ₹10 के विवाद में चाकुओं से हत्या कर दी गई। 5 हमलावरों ने रास्ते में घेरकर हमला किया, अस्पताल ले जाते समय मौत हो गई।

₹10 के विवाद में गोलगप्पा विक्रेता की चाकुओं से हत्या, पानीपत में सनसनी पैसे मांगना पड़ा भारी

₹10 के विवाद में गोलगप्पा विक्रेता की हत्या
5 हमलावरों ने घेरकर पेट-छाती पर किए चाकू से वार
घायल तड़पता रहा, लोग वीडियो बनाते रहे


हरियाणा के पानीपत में गोलगप्पा बेचने वाले 17 वर्षीय अश्वनी की हत्या के मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। शुरुआत में पुलिस इस हत्याकांड को पुरानी रंजिश से जोड़कर देख रही थी, लेकिन जांच में सामने आया कि महज ₹10 के मामूली विवाद के कारण नाबालिग की चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी गई। इस घटना ने न केवल कानून व्यवस्था बल्कि समाज की संवेदनहीनता पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

पुलिस जांच के अनुसार, वारदात से कुछ देर पहले कुछ युवक अश्वनी की रेहड़ी पर गोलगप्पे खाने आए थे। गोलगप्पे खाने के बाद उन्होंने पूरे पैसे नहीं दिए। जब अश्वनी ने अपने ₹10 मांगे तो आरोपियों से उसकी कहासुनी हो गई। उस समय आरोपी वहां से चले गए, लेकिन कुछ देर बाद बदला लेने की नीयत से वापस लौटे और अश्वनी को रास्ते में घेर लिया।

शनिवार रात करीब 8:15 बजे जब अश्वनी कुटानी रोड स्थित गंदे नाले की पुलिया और रानी महल के पास से अपनी रेहड़ी लेकर घर लौट रहा था, तभी 4-5 हमलावरों ने उसे घेर लिया और उस पर चाकुओं से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। आरोपियों ने अश्वनी की पसलियों, पेट और छाती पर 5 से ज्यादा गहरे वार किए और उसे लहूलुहान हालत में सड़क पर छोड़कर फरार हो गए।

घटना की सूचना मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे और गंभीर हालत में अश्वनी को सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां से डॉक्टरों ने उसे रोहतक PGI रेफर कर दिया, लेकिन रास्ते में ही उसने दम तोड़ दिया। मृतक अश्वनी मूल रूप से उत्तर प्रदेश के कानपुर के बिलहापुर का रहने वाला था और मात्र चार दिन पहले ही काम के सिलसिले में पानीपत आया था।

इस मामले में एक और चौंकाने वाली बात सामने आई है। परिजनों के अनुसार, अश्वनी घायल हालत में सड़क पर तड़पता रहा, लेकिन लोग उसे अस्पताल पहुंचाने की बजाय उसका वीडियो बनाते रहे। अगर समय पर उसे अस्पताल पहुंचाया जाता तो शायद उसकी जान बच सकती थी। पुलिस की सीआईए यूनिट ने मामले की जांच करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जिनका पुराना आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया है। पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी है।