नेहा बोरा के खिलाफ दिल्ली पुलिस में शिकायत, BJP और VHP ने भी खोला मोर्चा, जानें वजह
AISA अध्यक्ष नेहा बोरा के पुराने वीडियो में मंदिरों के पुजारियों पर कथित टिप्पणी के बाद दिल्ली में पुलिस शिकायत दी गई। BJP और VHP ने भी बयान की आलोचना की।
➤ AISA अध्यक्ष नेहा बोरा के मंदिरों में पुजारियों को लेकर दिए गए कथित बयान पर संसद मार्ग थाने में शिकायत
➤ अधिवक्ता अमिता सचदेवा ने बयान की जांच और कानून के अनुसार कार्रवाई करने की मांग की
➤ BJP प्रवक्ता प्रदीप भंडारी और VHP पदाधिकारी सुरेंद्र जैन ने भी टिप्पणी पर जताई कड़ी आपत्ति
नई दिल्ली। मंदिरों में पुजारियों को लेकर दिए गए एक कथित बयान ने AISA अध्यक्ष नेहा बोरा को विवादों में ला दिया है। उनके पुराने वीडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला राजनीतिक और कानूनी बहस का विषय बन गया है। दिल्ली हाई कोर्ट की अधिवक्ता अमिता सचदेवा ने इस मामले में नई दिल्ली के संसद मार्ग थाने में पुलिस को औपचारिक शिकायत दी है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि मंदिरों में पुजारियों द्वारा महिलाओं के साथ दुष्कर्म किए जाने संबंधी व्यापक टिप्पणी से धार्मिक समुदाय की छवि प्रभावित हो सकती है। इससे अलग-अलग समुदायों के बीच वैमनस्य बढ़ने और सामाजिक सौहार्द बिगड़ने की आशंका भी जताई गई है। शिकायत में पुलिस से बयान की जांच कर कानून के अनुसार कार्रवाई करने की मांग की गई है। इस मामले को लेकर भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रदीप भंडारी और विश्व हिंदू परिषद के संयुक्त सचिव सुरेंद्र जैन ने भी नेहा बोरा पर निशाना साधा है।
संसद मार्ग थाने में दी गई शिकायत
नेहा बोरा के कथित बयान को लेकर अधिवक्ता अमिता सचदेवा ने नई दिल्ली के संसद मार्ग थाने के एसएचओ को शिकायत सौंपी है। शिकायत में कहा गया है कि मंदिरों में पुजारियों द्वारा महिलाओं के साथ दुष्कर्म किए जाने जैसे व्यापक आरोप धार्मिक समुदाय की छवि को नुकसान पहुंचा सकते हैं।
शिकायतकर्ता ने आशंका जताई है कि इस तरह के बयान से सामाजिक तनाव और विभिन्न समुदायों के बीच वैमनस्य बढ़ सकता है। उन्होंने पुलिस से पूरे मामले की जांच करने और तथ्यों के आधार पर कानून के मुताबिक कार्रवाई करने की मांग की है।
अभिव्यक्ति की आजादी पर भी उठाया सवाल
शिकायत में कहा गया है कि संविधान ने प्रत्येक नागरिक को अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का अधिकार दिया है, लेकिन यह अधिकार असीमित नहीं है। सार्वजनिक मंचों पर दिए जाने वाले बयानों में जिम्मेदारी और सामाजिक संवेदनशीलता का ध्यान रखा जाना चाहिए।
शिकायतकर्ता का कहना है कि किसी धार्मिक समुदाय से जुड़े पूरे वर्ग के बारे में व्यापक आरोप लगाने से सामाजिक सौहार्द प्रभावित हो सकता है। हालांकि, फिलहाल मामला पुलिस को दी गई शिकायत तक सीमित है। FIR दर्ज होने या पुलिस की ओर से किसी कानूनी कार्रवाई की पुष्टि उपलब्ध जानकारी में नहीं है।
पुराने वीडियो को लेकर शुरू हुआ विवाद
दरअसल, सोशल मीडिया पर नेहा बोरा का एक पुराना वीडियो वायरल हो रहा है। इसी वीडियो में मंदिरों में पुजारियों द्वारा महिलाओं के साथ दुष्कर्म किए जाने संबंधी कथित टिप्पणी को लेकर विवाद खड़ा हुआ है।
वीडियो सामने आने के बाद भाजपा नेताओं ने इस बयान को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधना शुरू कर दिया। इस मुद्दे पर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है।
प्रदीप भंडारी ने राहुल गांधी पर साधा निशाना
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने नेहा बोरा के बयान को राहुल गांधी से जोड़ते हुए कांग्रेस पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि नेहा बोरा राहुल गांधी से प्रेरित हैं और उनका बयान कांग्रेस के कथित हिंदू-विरोधी नजरिए को उजागर करता है।
भाजपा ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर भी नेहा बोरा का वीडियो साझा किया। पार्टी ने आरोप लगाया कि इस तरह की टिप्पणियां सनातन धर्म और हिंदू आस्थाओं को निशाना बनाती हैं। ये भाजपा की राजनीतिक प्रतिक्रिया और आरोप हैं।
VHP ने भी बयान पर जताई आपत्ति
विश्व हिंदू परिषद के संयुक्त सचिव सुरेंद्र जैन ने भी नेहा बोरा के बयान की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि नेहा बोरा और राहुल गांधी की विचारधारा एक जैसी है। उन्होंने कहा कि इस तरह की टिप्पणियां देश की सामाजिक एकता और मजबूती के लिए ठीक नहीं हैं।
सुरेंद्र जैन ने नेहा बोरा को लेकर राजनीतिक बयान देते हुए राहुल गांधी पर भी निशाना साधा। इस तरह पुराने वीडियो को लेकर शुरू हुआ विवाद अब राजनीतिक दलों और धार्मिक संगठनों की प्रतिक्रियाओं तक पहुंच गया है।
पुलिस जांच और आगे की कार्रवाई पर नजर
नेहा बोरा के कथित बयान को लेकर शिकायत दिए जाने के बाद अब पुलिस की कार्रवाई पर नजर रहेगी। शिकायतकर्ता ने बयान की जांच और कानून के अनुसार कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल शिकायत दिए जाने की जानकारी सामने आई है, लेकिन पुलिस की ओर से आगे की कार्रवाई और FIR दर्ज होने की स्थिति स्पष्ट नहीं है।
Akhil Mahajan