हरियाणा में 27 जुलाई से फिर एक्टिव होगा मानसून, कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
हरियाणा में 27 जुलाई से मानसून फिर सक्रिय होगा। मौसम विभाग ने कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है। प्रदेश में अब तक सामान्य से 24 प्रतिशत कम वर्षा दर्ज हुई है।
- हरियाणा में 27 जुलाई से मानसून फिर होगा सक्रिय, कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना
- आज हल्की से मध्यम बारिश के आसार, 25 जुलाई से उत्तर-पूर्वी जिलों में मौसम बदलेगा
- प्रदेश में अब तक 24% कम बारिश, अगले कुछ दिनों की वर्षा से कमी घटने की उम्मीद
हरियाणा में तीन दिन की सुस्ती के बाद मानसून एक बार फिर सक्रिय होने जा रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार 27 जुलाई से प्रदेश में मानसून की गतिविधियां तेज होंगी। इसके चलते कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। हालांकि शुक्रवार को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश के आसार हैं और फिलहाल किसी जिले के लिए विशेष मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है।
मौसम विभाग के अनुसार 25 जुलाई से मौसम में बदलाव शुरू होगा। उत्तर और उत्तर-पूर्वी हरियाणा के जिलों में बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी। इसके बाद 27 जुलाई को मानसून और अधिक सक्रिय होगा, जिससे प्रदेश के कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश दर्ज की जा सकती है।
IMD के मुताबिक वर्तमान में मानसून ट्रफ श्रीगंगानगर, रोहतक, दिल्ली, लखनऊ, वाराणसी, डाल्टनगंज और दीघा होते हुए पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है। इसके प्रभाव से बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी मिल रही है। यही वजह है कि हरियाणा में अगले चार से पांच दिनों तक बारिश की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है।
बीती रात हिसार में अचानक मौसम बदला और झमाझम बारिश हुई। वहीं यमुनानगर में बूंदाबांदी के बाद कई सड़कों पर पानी भर गया। फतेहाबाद में लगातार तीसरे दिन भी हल्की बारिश दर्ज की गई। इससे कई इलाकों में लोगों को उमस से राहत मिली।
24 जुलाई को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में कहीं-कहीं तथा उत्तर-पूर्वी जिलों में कई स्थानों पर वर्षा होने की संभावना है। 25 जुलाई को पंचकूला, अंबाला और यमुनानगर सहित आसपास के क्षेत्रों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। वहीं 27 जुलाई को पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, करनाल और पानीपत समेत कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। लगातार वर्षा के कारण निचले इलाकों में जलभराव और स्थानीय स्तर पर जलजमाव की स्थिति बन सकती है।
मानसून सीजन में 1 जून से अब तक हरियाणा में सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है। प्रदेश में अब तक करीब 176 मिमी वर्षा रिकॉर्ड हुई है, जबकि इस अवधि में सामान्य रूप से लगभग 231 मिमी बारिश होती है। यानी राज्य में अभी भी करीब 24 प्रतिशत वर्षा की कमी बनी हुई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि आगामी दिनों में होने वाली बारिश से इस कमी में कुछ सुधार हो सकता है।
तापमान की बात करें तो प्रदेश का सबसे अधिक अधिकतम तापमान हिसार में 34.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद सिरसा में 34.4 डिग्री, रोहतक में 34.0 डिग्री और अंबाला में 33.4 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान नारनौल में 23.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हिसार में 26.6 डिग्री, अंबाला में 27.8 डिग्री, करनाल में 27.0 डिग्री और रोहतक में 26.8 डिग्री न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड किया गया। अधिकांश जिलों में तापमान सामान्य के आसपास बना रहा।
pooja