राखी बंधवाकर मामाओं के साथ नहर में नहाने गया 16 वर्षीय समीर पानीपत नहर में डूबा, 48 घंटे बाद मिला शव

पानीपत में रक्षाबंधन पर राखी बंधवाने के बाद नहर में नहाने गए 16 वर्षीय समीर की डूबने से मौत हुई। 48 घंटे बाद नारायणा के पास शव मिला।

राखी बंधवाकर मामाओं के साथ नहर में नहाने गया 16 वर्षीय समीर पानीपत नहर में  डूबा, 48 घंटे बाद मिला शव

राखी बंधवाकर मामाओं के साथ नहर में नहाने गया 16 वर्षीय समीर डूबा
48 घंटे बाद गांव नारायणा के पास नहर में मिला शव
इकलौते बेटे की मौत से परिवार में मचा कोहराम, जांच शुरू


पानीपत। रक्षाबंधन के दिन बहन से राखी बंधवाने के बाद मामाओं के साथ नहर में नहाने गया 16 वर्षीय समीर गहरे पानी में डूब गया। करीब 48 घंटे बाद रविवार सुबह उसका शव गांव नारायणा के पास नहर में बहता हुआ मिला। शव मिलने की सूचना के बाद परिवार में कोहराम मच गया।

पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल के शव गृह में रखवा दिया है। मामले की आगामी जांच शुरू कर दी गई है।

मामाओं को नहाते देखकर समीर ने लगाई थी छलांग

जानकारी के अनुसार, अर्जुन नगर निवासी 16 वर्षीय समीर रक्षाबंधन के दिन अपनी बहन से राखी बंधवाने के बाद घर से निकला था। वह अपने दो नाबालिग मामाओं के साथ पास ही स्थित नहर पर नहाने चला गया।

नहर पर पहुंचने के बाद समीर ने जब अपने दोनों मामाओं को पानी में नहाते देखा तो उसने भी गहरे पानी में छलांग लगा दी। नहर में पानी का बहाव तेज और गहराई ज्यादा थी। इसी दौरान समीर संतुलन खो बैठा और देखते ही देखते पानी में लापता हो गया।

इसके बाद परिजनों और पुलिस को मामले की जानकारी दी गई। समीर की तलाश शुरू की गई, लेकिन करीब दो दिन तक उसका पता नहीं चल सका।

मां ने दोपहर 3 बजे की थी आखिरी बार बात

समीर की मां पारुल ने बिलखते हुए बताया कि समीर घर से यह कहकर निकला था कि वह नाना के घर जा रहा है। दोपहर करीब 3 बजे पारुल ने समीर को फोन कर घर लौटने के लिए कहा था।

इस पर समीर ने अपनी मां से कहा था कि वह कुछ ही देर में वापस आ रहा है। लेकिन इसके बाद न तो समीर का कोई फोन आया और न ही वह घर लौटा।

काफी देर तक उसके वापस नहीं आने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। इसी दौरान उन्हें पता चला कि समीर नहर में नहाने गया था और गहरे पानी में डूब गया

48 घंटे बाद नहर में मिला शव

समीर की तलाश के बीच रविवार सुबह करीब 48 घंटे बाद उसका शव गांव नारायणा के पास नहर में बहता हुआ मिला। शव मिलने के बाद पुलिस ने उसे अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए पानीपत सिविल अस्पताल के शव गृह में रखवा दिया।

पुलिस ने मामले की आगामी जांच शुरू कर दी है।

इकलौते बेटे की मौत से परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

मां पारुल ने बताया कि उनके दो बच्चे थे—एक बेटा समीर और एक बेटी। समीर उनके परिवार का इकलौता बेटा था। उसकी मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।

रक्षाबंधन के दिन बहन से राखी बंधवाकर घर से निकला समीर दोबारा वापस नहीं लौट सका। करीब दो दिन बाद उसका शव मिलने की खबर ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया।