Live: दिल्ली में INDIA गठबंधन की महारैली, ओपन रूफ गाड़ी में राहुल के साथ अखिलेश-प्रियंका; SIR पर चुनाव आयोग को घेरेंगे विपक्षी नेता
दिल्ली के रामलीला मैदान में INDIA गठबंधन की महारैली में राहुल गांधी, अखिलेश यादव और प्रियंका गांधी शामिल हुए। SIR विरोध और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग उठी।
➤ रामलीला मैदान में INDIA गठबंधन की महारैली, राहुल गांधी ओपन रूफ गाड़ी से मार्च में शामिल; अखिलेश, प्रियंका, तेजस्वी और फारूक अब्दुल्ला भी साथ।
➤ SIR के विरोध और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्ष का प्रदर्शन, 10 लाख लोगों के जुटने का दावा।
➤ दिल्ली में 4 हजार से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात, रामलीला मैदान को 14 सुरक्षा जोन में बांटा; मैदान की क्षमता 30 से 40 हजार तक सीमित।
नई दिल्ली। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर देश की सियासत रविवार को दिल्ली के रामलीला मैदान में गरमा गई। INDIA गठबंधन के बड़े नेता एक मंच पर जुटकर चुनाव आयोग और केंद्र सरकार के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद कर रहे हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ओपन रूफ गाड़ी में सवार होकर रामलीला मैदान के लिए रवाना हुए। उनके साथ समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी, TMC नेता अभिषेक बनर्जी, RJD नेता तेजस्वी यादव, फारूक अब्दुल्ला और सुप्रिया सुले समेत कई विपक्षी नेता मौजूद रहे। गठबंधन की इस महारैली में मुख्य मुद्दा SIR प्रक्रिया का विरोध और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग है।
विपक्ष ने रैली में 10 लाख लोगों के जुटने का दावा किया है, जबकि दिल्ली पुलिस का अनुमान करीब 50 हजार लोगों का है। सुरक्षा के मद्देनजर दिल्ली में 4 हजार से अधिक पुलिसकर्मियों और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की तैनाती की गई है।
“Double engine to double zero": Akhilesh Yadav slams BJP over MLC poll results ahead of INDIA bloc's 'Chalo Delhi' rally Read @ANI Story | https://t.co/XGvS1wAV4V #AkhileshYadav #MLCPollResults #INDIABlocRally https://t.co/WzPoshkTju — ANI Digital (@ani_digital) November 1, 2026
ओपन रूफ गाड़ी में राहुल गांधी, साथ दिखे विपक्ष के बड़े नेता
रविवार को राहुल गांधी ओपन रूफ गाड़ी में सवार होकर रामलीला मैदान की ओर निकले। उनके साथ अखिलेश यादव, प्रियंका गांधी, अभिषेक बनर्जी, तेजस्वी यादव, फारूक अब्दुल्ला और सुप्रिया सुले समेत कई विपक्षी नेता मौजूद रहे।
रैली में शामिल होने से पहले गठबंधन के कई नेता कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर पहुंचे। यहां से नेता मिंटो ब्रिज और मिंटो रोड की तरफ रवाना हुए। इसके बाद सभी को मार्च के जरिए रामलीला मैदान पहुंचना है।
कांग्रेस ने मार्च का रूट मैप भी साझा किया है। रविवार को प्रस्तावित मार्च कनॉट प्लेस से शुरू होकर मिंटो रोड जंक्शन और अजमेरी गेट के रास्ते रामलीला मैदान तक पहुंचने का कार्यक्रम है।
INDIA bloc leaders converge at Ramlila Maidan for ‘Chalo Delhi’ rally Read @ANI Story | https://t.co/cLOveQnF25 #RamlilaMaidan #ChaloDelhiRally #INDIABlocLeaders https://t.co/ylz87YVO7o — ANI Digital (@ani_digital) November 1, 2026
SIR के विरोध में प्रदर्शन, मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग
INDIA गठबंधन की इस रैली का प्रमुख मुद्दा मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR है। विपक्षी दलों का आरोप है कि इस प्रक्रिया के कारण बड़ी संख्या में वास्तविक मतदाताओं के नाम सूची से हटने का खतरा है।
विपक्ष ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी उठाई है। रैली के जरिए गठबंधन चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और मतदाताओं के अधिकारों का मुद्दा उठाना चाहता है।
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि देश में मतदाता सूची पूरी तरह साफ होनी चाहिए, लेकिन इसके नाम पर 13 करोड़ वास्तविक मतदाताओं के नाम नहीं काटे जा सकते। उन्होंने कहा कि एक-दो मृत लोगों के नाम सूची में रह जाना, बड़ी संख्या में वास्तविक मतदाताओं के नाम हटाने से बेहतर है।
कांग्रेस नेता टी.एस. सिंह देव ने भी रैली को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि जब लोकतंत्र के बुनियादी अधिकारों पर सवाल खड़े हो रहे हों तो इस तरह का विरोध जरूरी हो जाता है।
विपक्ष ने 10 लाख लोगों के जुटने का किया दावा
INDIA गठबंधन ने इस रैली में करीब 10 लाख लोगों के शामिल होने का दावा किया है। हालांकि, दिल्ली पुलिस का अनुमान लगभग 50 हजार लोगों के पहुंचने का है।
रामलीला मैदान की क्षमता भी सुरक्षा और व्यवस्थाओं के अनुसार सीमित रखी गई है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, मैदान में करीब 30 से 40 हजार लोगों के बैठने और मौजूद रहने की व्यवस्था है।
रैली में राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं के साथ छात्र संगठनों और नागरिक समाज के प्रतिनिधियों के भी शामिल होने की बात कही गई है। पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव समेत विपक्ष के कई बड़े नेताओं की भागीदारी को लेकर भी चर्चा है।
दिल्ली में 4 हजार से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात
रैली और मार्च को देखते हुए दिल्ली पुलिस अलर्ट मोड पर है। सुरक्षा व्यवस्था के लिए 4 हजार से ज्यादा पुलिसकर्मियों और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPF) की टुकड़ियों को तैनात किया गया है।
रामलीला मैदान को 14 सुरक्षा जोन में बांटा गया है। प्रत्येक जोन की निगरानी असिस्टेंट कमिश्नर रैंक के अधिकारी करेंगे। मार्च के निर्धारित रास्ते और कार्यक्रम स्थल पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, रैली के आयोजन के लिए सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक की अनुमति दी गई है। निर्धारित समय के बाद मैदान खाली करना होगा। कार्यक्रम स्थल पर रातभर रुकने की अनुमति नहीं है।
व्यापारियों ने रैली को लेकर जताई चिंता
INDIA गठबंधन की रैली को लेकर दिल्ली के व्यापारिक संगठनों ने भी चिंता जताई है। चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (CTI) ने राहुल गांधी को पत्र लिखकर रैली के कारण कारोबार और परिवहन व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका जताई थी।
CTI के चेयरमैन बृजेश गोयल के अनुसार, रैली के कारण करीब 2.5 लाख दुकानें बंद रहने की आशंका है। संगठन ने यह भी कहा कि 10 किलोमीटर के दायरे में परिवहन सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं। इससे करीब 10 से 12 हजार करोड़ रुपये के कारोबार पर असर पड़ने की आशंका जताई गई है।
CTI ने राहुल गांधी से अपील की थी कि राजनीतिक कार्यक्रमों के दौरान व्यापारियों के हितों का भी ध्यान रखा जाए।
राहुल गांधी ने व्यापारियों से खरीदारी की भी अपील की
व्यापारियों की चिंता पर राहुल गांधी ने कहा कि त्योहारों का मौसम चल रहा है। दिवाली, छठ और भाईदूज के अवसर पर बड़ी संख्या में लोग दिल्ली पहुंच रहे हैं।
उन्होंने अपील की कि जो लोग दूसरे राज्यों से दिल्ली आ रहे हैं, वे यहां के व्यापारियों से खरीदारी भी करें। राहुल गांधी ने कहा कि प्रदर्शन, मार्च और रैली के साथ थोड़ी खरीदारी करने से व्यापारियों को फायदा होगा।
पिछले 25 दिनों में विपक्ष की सातवीं एकजुटता
SIR के मुद्दे पर विपक्षी दल पिछले कुछ समय से लगातार एकजुट होकर विरोध कर रहे हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, पिछले 25 दिनों में यह सातवां मौका है, जब विपक्षी दलों ने इस मुद्दे पर सामूहिक रूप से प्रदर्शन किया है।
इससे पहले 6 से 13 अक्टूबर के बीच छह बार विरोध प्रदर्शन हो चुके हैं। अब दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित इस महारैली के जरिए विपक्ष ने अपने आंदोलन को और व्यापक बनाने की कोशिश की है।
इस बीच, भाजपा की ओर से भी नितिन नवीन के नेतृत्व में 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' मार्च निकाला जा रहा है। ऐसे में दिल्ली में रविवार को राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं।
Akhil Mahajan