बद्रीनाथ से देहरादून जा रहा हेलिकॉप्टर क्रैश, पायलट समेत 6 की मौत
बद्रीनाथ से देहरादून जा रहा निजी हेलिकॉप्टर जोशीमठ के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसे में पायलट समेत छह लोगों की मौत हुई। उत्तराखंड में हेलिकॉप्टर हादसों का आंकड़ा चिंताजनक।
➤ जोशीमठ के पास चाई गांव में हुआ हादसा, हेलिकॉप्टर में सवार सभी 6 लोगों की मौत
➤ ट्रांस भारत एविएशन का था हेलिकॉप्टर, हादसे के बाद कंपनी की सभी उड़ानें रोकी गईं
➤ उत्तराखंड में 10 साल में 12 हेलिकॉप्टर हादसों में 27 लोगों की गई जान
उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में खराब मौसम के बीच एक और बड़ा हवाई हादसा हो गया। शुक्रवार को बद्रीनाथ से देहरादून आ रहा एक निजी कंपनी का हेलिकॉप्टर जोशीमठ के पास चाई गांव के नजदीक दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस दर्दनाक हादसे में पायलट समेत हेलिकॉप्टर में सवार सभी छह लोगों की मौत हो गई। हादसे के बाद पुलिस, प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीम ने तलाश अभियान चलाया और सभी छह शव बरामद कर लिए।
जानकारी के अनुसार, हेलिकॉप्टर ने शुक्रवार दोपहर करीब 1:14 बजे बद्रीनाथ से देहरादून के सहस्रधारा के लिए उड़ान भरी थी। जोशीमठ घाटी के ऊपर उड़ान के दौरान अचानक हेलिकॉप्टर का संपर्क टूट गया। इसके बाद ट्रैकिंग सिस्टम पर भी उसकी लोकेशन मिलनी बंद हो गई। काफी देर तक संपर्क स्थापित नहीं होने पर प्रशासन और संबंधित एजेंसियों ने उसकी तलाश शुरू की।
दो हेलिकॉप्टर की मदद से तलाश अभियान चलाया गया
आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदकिशोर जोशी के मुताबिक, जेपी डैम के ऊपर जंगल में सफेद रंग की किसी वस्तु में आग लगने की सूचना मिली थी। इसके बाद मामले की जांच और लापता हेलिकॉप्टर का पता लगाने के लिए दो हेलिकॉप्टर भेजे गए। तलाश के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हेलिकॉप्टर का मलबा मिला।
हादसे के दौरान जोशीमठ के पास चाई गांव में मौजूद कुछ लोगों ने हेलिकॉप्टर के गिरने का वीडियो भी बनाया। घटना के बाद पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव अभियान चलाया।
हेलिकॉप्टर में सवार थे ये छह लोग
दुर्घटनाग्रस्त हेलिकॉप्टर ट्रांस भारत एविएशन प्राइवेट लिमिटेड का था। इसमें पायलट कैप्टन हिमांशु के अलावा पांच यात्री सवार थे। यात्रियों की पहचान प्रतापा, अरुण, शंकर गौड़ा, सुधीर के. और एचएस नटराज के रूप में बताई गई है। सभी यात्री बेंगलुरु के रहने वाले बताए जा रहे हैं।
हादसे के बाद एहतियाती कदम उठाते हुए ट्रांस भारत एविएशन के सभी हेलिकॉप्टरों की उड़ानें रोक दी गई हैं।
खराब मौसम के बीच हुआ हादसा
उत्तराखंड के कई हिस्सों में इन दिनों मौसम खराब बना हुआ है। राज्य के अलग-अलग क्षेत्रों में बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हो रही है। ऐसे मौसम में पहाड़ी क्षेत्रों में हेलिकॉप्टर संचालन को लेकर सुरक्षा संबंधी चिंताएं भी बढ़ जाती हैं। हालांकि, इस हादसे के वास्तविक कारणों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
10 साल में उत्तराखंड में 12 हेलिकॉप्टर हादसे
उत्तराखंड में पिछले एक दशक के दौरान हेलिकॉप्टर दुर्घटनाओं का आंकड़ा चिंता बढ़ाने वाला है। उपलब्ध सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, 2016 से 2026 के बीच राज्य में 12 हेलिकॉप्टर हादसे हुए, जिनमें 27 लोगों की मौत हुई।
देशभर में पांच साल में 12 बड़े हादसे, 30 मौतें
केंद्रीय नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने 28 जुलाई 2025 को राज्यसभा में बताया था कि वर्ष 2020 से 2025 के बीच देशभर में हेलिकॉप्टर से जुड़े 12 बड़े हादसे हुए। इन दुर्घटनाओं में कुल 30 लोगों की जान गई थी।
उत्तराखंड की ताजा दुर्घटना ने एक बार फिर पहाड़ी क्षेत्रों में हेलिकॉप्टर सेवाओं की सुरक्षा, मौसम की स्थिति और उड़ान संचालन से जुड़े सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
Akhil Mahajan