हरियाणा के सरकारी पॉलिटेक्निक में 12 नए तकनीकी कोर्स शुरू
हरियाणा सरकार शैक्षणिक सत्र 2026-27 से सरकारी पॉलिटेक्निक संस्थानों में 12 नए तकनीकी और डिप्लोमा कोर्स शुरू करेगी। साइबर फॉरेंसिक्स, EV टेक्नोलॉजी, VLSI डिजाइन समेत कई आधुनिक पाठ्यक्रम शामिल किए गए हैं।
■ शैक्षणिक सत्र 2026-27 से सरकारी पॉलिटेक्निक में 12 नए डिप्लोमा कोर्स शुरू होंगे
■ हर कोर्स में 60 छात्रों के प्रवेश की व्यवस्था, रोजगारपरक शिक्षा पर जोर
■ उद्योग 4.0 और राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप तैयार किए गए पाठ्यक्रम
हरियाणा सरकार ने तकनीकी शिक्षा को आधुनिक और रोजगारोन्मुख बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। शैक्षणिक सत्र 2026-27 से राज्य के विभिन्न राजकीय पॉलिटेक्निक संस्थानों में 12 नए आधुनिक डिप्लोमा और तकनीकी पाठ्यक्रम शुरू किए जाएंगे।
सरकार का उद्देश्य युवाओं को नई तकनीकों से जोड़ना और उद्योगों की वर्तमान व भविष्य की जरूरतों के अनुसार कुशल मानव संसाधन तैयार करना है। इससे विद्यार्थियों को रोजगार के बेहतर अवसर मिलने की उम्मीद है।
शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने दी जानकारी
हरियाणा के शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने बताया कि सरकार युवाओं को रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराने और तकनीकी शिक्षा को आधुनिक स्वरूप देने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
उन्होंने कहा कि नए कोर्स उद्योग जगत की मांग, डिजिटल तकनीकों, हरित ऊर्जा, स्वास्थ्य सेवाओं और उभरते रोजगार क्षेत्रों को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं।
इन 12 नए कोर्सों की होगी शुरुआत
शैक्षणिक सत्र 2026-27 से निम्नलिखित नए पाठ्यक्रम शुरू किए जाएंगे:
- इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग (VLSI Design & Technology)
- साइबर फॉरेंसिक्स एवं सूचना सुरक्षा
- टेलीकम्युनिकेशन इंजीनियरिंग
- आर्टिफिशियल ट्रेनिंग (इलेक्ट्रिकल)
- पर्यावरण इंजीनियरिंग
- जियो इन्फॉर्मेटिक्स एवं सर्वेक्षण प्रौद्योगिकी
- इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग एवं इलेक्ट्रिक व्हीकल टेक्नोलॉजी
- टेक्नीशियन एक्स-रे टेक्नोलॉजी
- पत्रकारिता एवं जनसंचार
- शुगर टेक्नोलॉजी
- एपैरल डिजाइन एवं फैशन टेक्नोलॉजी
- अन्य तकनीकी एवं उद्योग आधारित विशेष पाठ्यक्रम
प्रत्येक कोर्स में होंगे 60 प्रवेश
सरकार ने सभी नए पाठ्यक्रमों में 60-60 विद्यार्थियों के प्रवेश की व्यवस्था की है। इन कोर्सों का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को व्यावहारिक, तकनीकी और उद्योग आधारित प्रशिक्षण देना है ताकि वे पढ़ाई पूरी करने के बाद सीधे रोजगार या स्वरोजगार के क्षेत्र में आगे बढ़ सकें।
EV, साइबर सिक्योरिटी और हेल्थ सेक्टर पर फोकस
नई सूची में शामिल कई कोर्स वर्तमान समय की सबसे अधिक मांग वाली तकनीकों से जुड़े हैं। साइबर फॉरेंसिक्स, इलेक्ट्रिक व्हीकल टेक्नोलॉजी, VLSI डिजाइन, एक्स-रे टेक्नोलॉजी और पर्यावरण इंजीनियरिंग जैसे कोर्स युवाओं के लिए भविष्य में बड़े करियर विकल्प साबित हो सकते हैं।
NEP-2020 और Industry 4.0 के अनुरूप पहल
महिपाल ढांडा के अनुसार यह पहल राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 (NEP-2020) और Industry 4.0 की जरूरतों के अनुरूप तकनीकी शिक्षा को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
इससे न केवल छात्रों की रोजगार क्षमता बढ़ेगी बल्कि हरियाणा के उद्योगों को भी प्रशिक्षित और योग्य तकनीकी मानव संसाधन उपलब्ध होगा।
pooja