हरियाणा में नकली पनीर-घी पर सरकार का बड़ा एक्शन, आज से एक साल की रोक; उल्लंघन किया तो जेल की हवा

हरियाणा सरकार ने नकली पनीर और घी के उत्पादन-बिक्री पर एक साल की रोक लगाई है। उल्लंघन पर सामान जब्त होगा और दोषी को जेल हो सकती है।

हरियाणा में नकली पनीर-घी पर सरकार का बड़ा एक्शन, आज से एक साल की रोक; उल्लंघन किया तो जेल की हवा

➤ नकली पनीर और घी के उत्पादन व बिक्री पर हरियाणा में एक साल का प्रतिबंध
➤ नियम तोड़ने पर सामान जब्त कर नष्ट होगा और दोषी को जेल हो सकती है
➤ प्रदेश के बाजार में 70 प्रतिशत पनीर नकली होने का दावा, अब सख्त कार्रवाई


हरियाणा में दूध की जगह वनस्पति तेल, स्टार्च और रसायनों से तैयार किए जाने वाले नकली पनीर और घी की बिक्री अब भारी पड़ सकती है। प्रदेश सरकार ने एनालॉग या नॉन-डेयरी पनीर और घी के उत्पादन व बिक्री पर एक साल के लिए प्रतिबंध लगा दिया है। यह नियम आज से ही लागू हो गया है। प्रतिबंध का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। ऐसे सामान को जब्त कर नष्ट किया जाएगा और दोषी को जेल की सजा भी काटनी पड़ सकती है।

सरकार का यह कदम खास तौर पर उन खाद्य पदार्थों को लेकर उठाया गया है, जिनमें दूध और डेयरी उत्पादों के नाम पर दूसरे पदार्थों का इस्तेमाल किया जा रहा है। ढाबों और होटलों में मक्खन के नाम पर वनस्पति तेल परोसे जाने तथा देसी घी के नाम पर मिठाइयों में पाम आयल इस्तेमाल किए जाने को लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ माना गया है। इसी को रोकने के लिए प्रदेश सरकार ने नॉन-डेयरी उत्पादों के उत्पादन और बिक्री पर कड़ा प्रतिबंध लगाया है।

सरकार के फैसले के बाद अब वनस्पति तेल, स्टार्च और रसायनों से तैयार नकली पनीर तथा घी की बिक्री करने वालों पर कार्रवाई का रास्ता साफ हो गया है। प्रतिबंधित सामान मिलने पर उसे जब्त करने के साथ नष्ट करने की कार्रवाई की जाएगी। नियमों का उल्लंघन करने वाले कारोबारियों और संबंधित लोगों को कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है।

बाजार में बिक रहा 70 प्रतिशत पनीर नकली

हरियाणा में नकली पनीर की स्थिति को लेकर सामने आई जानकारी के मुताबिक, प्रदेश के बाजार में बिक रहा 70 प्रतिशत पनीर नकली है। यही वजह है कि सरकार ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए नॉन-डेयरी पनीर और घी के खिलाफ सख्त कदम उठाया है।

नकली पनीर और घी पर प्रतिबंध लगाने वाला हरियाणा अब अकेला राज्य नहीं है। हिमाचल प्रदेश, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, गुजरात और महाराष्ट्र की सरकारें पहले ही नकली पनीर और घी पर प्रतिबंध लगा चुकी हैं। अब हरियाणा भी इस सूची में शामिल हो गया है।

सरकार का उद्देश्य ऐसे उत्पादों की बिक्री पर रोक लगाकर खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और लोगों के स्वास्थ्य से जुड़े खतरे को कम करना है। दूध से बने उत्पादों के नाम पर वनस्पति तेल, स्टार्च, पाम आयल और रसायनों के इस्तेमाल को लेकर उठ रही चिंता के बीच यह फैसला महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

अब प्रदेश में नॉन-डेयरी पनीर और घी के उत्पादन तथा बिक्री पर एक साल की रोक के दौरान नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी। बाजार में ऐसे उत्पादों की बिक्री पाए जाने पर सामान जब्त और नष्ट करने के साथ दोषी के खिलाफ जेल की कार्रवाई भी हो सकती है।