हिमाचल विधानसभा में हंगामा,आउटसोर्स भर्ती पर विपक्ष का वॉकआउट, जयराम के आरोपों से गरमाई सियासत

हिमाचल विधानसभा में आउटसोर्स भर्ती पर हंगामा हुआ। जयराम ठाकुर ने कांग्रेस नेताओं के रिश्तेदारों के नाम कंपनियां पंजीकृत होने का आरोप लगाया, विपक्ष ने वॉकआउट किया।

हिमाचल विधानसभा में हंगामा,आउटसोर्स भर्ती पर विपक्ष का वॉकआउट, जयराम के आरोपों से गरमाई सियासत

हिमाचल विधानसभा में आउटसोर्स भर्ती पर हंगामा, विपक्ष ने नारेबाजी के बाद किया वॉकआउट

➤ जयराम ठाकुर का आरोप- कांग्रेस नेताओं के रिश्तेदारों के नाम पंजीकृत हैं आउटसोर्स कंपनियां

➤ हिमकेयर-सहारा योजना बंद करने और रोजगार के मुद्दे पर सत्ता पक्ष-विपक्ष में तीखी बहस के आसार

हिमाचल प्रदेश विधानसभा के मानसून सेशन के चौथे दिन आउटसोर्स भर्ती को लेकर सदन में जमकर हंगामा हुआ। आउटसोर्स आधार पर भर्ती में चहेतों को लाभ देने और भेदभाव के आरोपों को लेकर सत्तापक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक के बाद विपक्षी विधायकों ने नारेबाजी की और सदन से वॉकआउट कर दिया।

मामला उस समय गरमा गया जब सदन में भाजपा विधायक विक्रम सिंह ठाकुर ने अपने विधानसभा क्षेत्र में आउटसोर्स आधार पर चहेतों को लाभ देने और भेदभाव के आरोप लगाए। इस पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस हुई। इसके बाद विपक्ष ने सदन से बाहर निकलकर नारेबाजी की।

जयराम ठाकुर का आरोप- कांग्रेस नेताओं के रिश्तेदारों के नाम पंजीकृत हैं आउटसोर्स कंपनियां

नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सदन के बाहर मीडिया से बातचीत में आउटसोर्स भर्ती को लेकर सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि आउटसोर्स कंपनियां कांग्रेस नेताओं के रिश्तेदारों के नाम पंजीकृत की गईं। इसके बाद धड़ाधड़ भाई-भतीजावाद के आधार पर नौकरियां बांटी गईं।

जयराम ठाकुर ने कहा कि उद्योग मंत्री ने अपने चुनाव क्षेत्र में 600 लोगों को नौकरियों की बात खुद कही है। उन्होंने आउटसोर्स भर्ती की प्रक्रिया को लेकर सरकार को घेरते हुए इसे सदन में उठाया।

विधानसभा परिसर में कांग्रेस और BJP का अलग-अलग प्रदर्शन

विधानसभा बजट सेशन की कार्यवाही से पहले कांग्रेस और BJP विधायकों ने परिसर में प्रदर्शन किया। कांग्रेस ने राष्ट्रगान के अपमान को लेकर धरना दिया, जबकि बीजेपी ने सहारा योजना और पांच लाख रुपए तक के मुफ्त इलाज की हिमकेयर योजना की बहाली की मांग को लेकर नारेबाजी की।

विधानसभा के बाहर दोनों दलों के प्रदर्शन के कारण राजनीतिक माहौल गरमाया रहा। इसके बाद सदन की कार्यवाही शुरू हुई और प्रश्नकाल के दौरान भी सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तकरार देखने को मिली।

जयराम बोले- चार साल में कांग्रेस सरकार ने कोई जनहित की योजना शुरू नहीं की

नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि चार साल के कार्यकाल में कांग्रेस सरकार अपनी कोई भी जनहित की योजना शुरू नहीं कर पाई। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके उलट पूर्व सरकार द्वारा शुरू की गई योजनाओं को बंद किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि मशीनें महंगी-महंगी खरीदी जा रही हैं। बड़ी मशीनें खरीदने के पीछे कोई और राज है। उसमें जो पैसा खरीदने के लिए लगाया जाता है, उसमें सरकार और अधिकारी क्या कर रहे हैं? ये पूरा प्रदेश अच्छी तरह जानता है।

हिमेकयर योजना बंद करने को लेकर भी सरकार पर निशाना

जयराम ठाकुर ने कहा कि लाखों लोगों को जीवन देने वाली हिमेकयर योजना को बंद करने के लिए बदनाम किया जा रहा है। इसकी जांच की जा रही है और बीजेपी विधायकों पर FIR की जा रही है।

उन्होंने कहा कि सहारा योजना को भी बंद कर दिया गया है। इससे बेसहारा और जरूरतमंद लोगों को सरकार ने मरने के लिए छोड़ दिया है।

मुकेश अग्निहोत्री बोले- अटैची लाकर अराजकता फैलाना चाह रही बीजेपी

वहीं डिप्टी सीएम मुकेश अग्निहोत्री ने विपक्ष पर पलटवार किया। उन्होंने कहा कि विपक्ष विधानसभा में अटैची लाकर अराजकता फैलाना चाह रहा है। सभी लोग जानते हैं कि एमएलए की खरीद पर किस प्रकार अटैचियां इस्तेमाल हुईं।

मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि 85 रुपए चीनी हो गई। प्याज के रेट बढ़ गए, बीजेपी इन चीजों पर चर्चा से बचने को यह ड्रामे कर रही है। उन्होंने विपक्ष को पूरी तरह दिशाहीन बताया। साथ ही कहा कि सरकार सदन के भीतर हर सवाल का जवाब देने को तैयार है।

जेआर कटवाल ने उठाया बेरोजगारी से जुड़ा सवाल

विधानसभा के बाहर प्रदर्शन के बाद सदन की कार्यवाही शुरू हो गई। सदन की कार्यवाही की शुरुआत प्रश्नकाल से हुई। पहला ही प्रश्न बेरोजगारी से जुड़ा हुआ है। झंडुता से बीजेपी विधायक जेआर कटवाल ने इससे जुड़ा सवाल पूछ रखा है।

इस सवाल के जरिए विपक्ष सत्तारूढ़ कांग्रेस को घेरने की कोशिश करेगा। प्रश्नकाल के दौरान लोक निर्माण विभाग, कर्मचारियों और विभिन्न विभागों से जुड़े सवाल भी गूंजेंगे।

कीटनाशक और फफूंदनाशकों की गुणवत्ता का मुद्दा उठाएंगे कुलदीप राठौर

सदन में किसानों-बागवानों को उपलब्ध कराए जा रहे कीटनाशकों और फफूंदनाशकों की गुणवत्ता का मामला भी गूंजेगा। ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिए ठियोग के विधायक कुलदीप राठौर ने कीटनाशकों व फफूंदनाशकों की क्वालिटी सुनिश्चित करने के लिए चर्चा की मांग रखी है।

इनकी क्वालिटी सेब समेत विभिन्न फलों और सब्जियों की उत्पादकता को प्रभावित करती है। ऐसे में सदन में इस मुद्दे पर चर्चा होने की संभावना है।

गगल में भूमि अधिग्रहण से प्रभावित परिवारों के पुनर्वास का मामला

कुलदीप राठौर के बाद बीजेपी विधायक पवन काजल ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिए गगल क्षेत्र में भूमि अधिग्रहण से प्रभावित परिवारों के पुनर्वास का मामला सदन में उठाएंगे।

इसमें प्रभावित परिवारों के मुआवजे, वैकल्पिक आवास और आजीविका से जुड़े सवाल शामिल हैं। प्रभावित परिवारों के पुनर्वास को लेकर सदन में चर्चा की जाएगी।

रोजगार की गारंटी पर जारी रहेगी चर्चा

प्रश्नकाल के बाद सदन में बीजेपी विधायक रणधीर शर्मा, सुधीर शर्मा, राकेश जम्वाल, डॉ. हंस राज और जीत राम कटवाल के संयुक्त प्रस्ताव में ‘युवाओं के लिए रोजगार संबंधी गारंटी’ पर चर्चा जारी रहेगी।

बीजेपी विधायकों ने बीते सोमवार को बेरोजगारी के मुद्दे पर काम रोको प्रस्ताव दिया था। स्पीकर ने काम रोको की जगह नियम 130 के तहत चर्चा की इजाजत दी। कल भी इस मुद्दे पर चर्चा जारी रही। आज भी बेरोजगारी के मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस के आसार हैं।

रणधीर शर्मा बोले- पौने चार साल में चंद हजार रोजगार दे पाई सरकार

बीजेपी विधायक रणधीर शर्मा ने कहा कि कांग्रेस ने हर साल एक लाख और पांच साल में पांच लाख लोगों को नौकरी देने का वादा किया था। उन्होंने कहा कि पौने चार साल में चंद हजार लोगों को ही रोजगार दिया गया है।

रणधीर शर्मा के मुताबिक इससे युवा परेशान हैं और नौकरी के इंतजार में लाइब्रेरी में पढ़ाई कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार नौकरियां नहीं निकाल रही। उन्होंने कहा कि युवाओं के रोजगार से जुड़े इस मसले को विपक्ष सदन में उठाएगा

विधानसभा के चौथे दिन आउटसोर्स भर्ती, हिमकेयर और सहारा योजना, बेरोजगारी, किसानों-बागवानों के लिए कीटनाशकों की गुणवत्ता और भूमि अधिग्रहण से प्रभावित परिवारों के पुनर्वास जैसे मुद्दों पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव की स्थिति बनी हुई है। वहीं आउटसोर्स भर्ती को लेकर विपक्ष के वॉकआउट के बाद विधानसभा के भीतर और बाहर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है।