तालाब में डूबने से छह वर्षीय मासूम की मौ*त
गुरुग्राम की देवीलाल कॉलोनी में छठ घाट तालाब में डूबने से छह वर्षीय अंकुश की मौत हो गई। स्थानीय लोगों ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया।
छठ घाट के तालाब में डूबा छह वर्षीय अंकुश
➤ बच्चों संग नहाने गया था, गहरे पानी में चला गया मासूम
➤ हादसे के बाद प्रशासन पर भड़के स्थानीय लोग, प्रदर्शन की चेतावनी
गुरुग्राम: शहर की देवीलाल कॉलोनी स्थित छठ घाट तालाब में डूबने से छह वर्षीय मासूम की मौत हो गई। गुरुवार को बच्चों के साथ खेलते-खेलते तालाब के पास पहुंचे अंकुश ने पानी में नहाने के लिए कदम रखा, लेकिन गहराई का अंदाजा नहीं होने के कारण वह गहरे पानी में चला गया। कुछ ही देर में वह डूबने लगा। साथ मौजूद बच्चों ने शोर मचाया तो आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और उसकी तलाश शुरू की। काफी मशक्कत के बाद अंकुश को पानी से बाहर निकाला गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसने दम तोड़ दिया।
मृतक बच्चे की पहचान छह वर्षीय अंकुश के रूप में हुई है। अंकुश के पिता नहीं है और वह अपनी मां के साथ देवीलाल कॉलोनी में अपने मामा के घर पर रह रहा था। इकलौते बच्चे की मौत के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। बेटे की मौत की खबर सुनकर उसकी मां का रो-रोकर बुरा हाल है और वह बदहवास हालत में है।
खेलते-खेलते तालाब तक पहुंचे बच्चे
गुरुवार को अंकुश गली के ही कुछ अन्य बच्चों के साथ खेल रहा था। खेलते-खेलते बच्चे छठ घाट के पास स्थित तालाब की तरफ चले गए। गर्मी और उमस के कारण तालाब के पास पहुंचे बच्चे पानी में नहाने के लिए उतर गए।
चश्मदीदों के अनुसार, इसी दौरान खेलते हुए अंकुश तालाब के उस हिस्से में पहुंच गया, जहां पानी काफी गहरा था। उसे पानी की गहराई का अंदाजा नहीं था। अचानक वह गहरे पानी में डूबने लगा। अंकुश को डूबता देख उसके साथ खेल रहे बच्चों ने शोर मचाना शुरू कर दिया।
बच्चों की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग तुरंत तालाब की ओर दौड़े। इसके बाद लोगों ने पानी में उतरकर अंकुश की तलाश शुरू की। युवाओं ने काफी मशक्कत के बाद मासूम को पानी से बाहर निकाला।
अस्पताल पहुंचने से पहले तोड़ा दम
तालाब से बाहर निकालने के बाद अंकुश को तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने उसे देखते ही मृत घोषित कर दिया। अस्पताल प्रशासन की सूचना के बाद पुलिस भी मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी।
अंकुश की मौत की खबर जैसे ही परिवार वालों को मिली, घर में मातम छा गया। मां का रो-रोकर बुरा हाल है। इकलौते बच्चे को खोने का दुख परिवार के लिए बेहद भारी है। हादसे के बाद पूरे इलाके में भी शोक का माहौल है।
तालाब की हालत को लेकर स्थानीय लोगों में रोष
हादसे के बाद देवीलाल कॉलोनी के स्थानीय निवासियों में प्रशासन के प्रति भारी रोष है। लोगों का आरोप है कि छठ घाट का तालाब लंबे समय से हादसों को न्योता दे रहा है। तालाब में गंदा और गहरा पानी है, जिसके कारण यहां बच्चों के लिए खतरा बना रहता है।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, तालाब के गंदे और गहरे पानी को निकलवाने के लिए कई बार स्थानीय पार्षद से लेकर नगर निगम अधिकारियों तक लिखित शिकायतें की गई थीं। इसके बावजूद तालाब को सुरक्षित बनाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
लोगों का कहना है कि तालाब के आसपास बच्चों की आवाजाही बनी रहती है, लेकिन सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं। यदि तालाब के चारों तरफ बैरिकेडिंग की गई होती या समय रहते इसका पानी साफ करवाकर इसे सुरक्षित किया गया होता, तो शायद यह दर्दनाक हादसा टाला जा सकता था।
कार्रवाई नहीं हुई तो सड़क पर उतरने की चेतावनी
मासूम की मौत के बाद स्थानीय लोगों का गुस्सा और बढ़ गया है। निवासियों का कहना है कि वे पहले भी प्रशासन से तालाब को लेकर शिकायत कर चुके हैं, लेकिन उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया। लोगों ने आरोप लगाया कि बार-बार गुहार लगाने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि तालाब को लेकर जल्द कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, तो वे सड़क पर उतरकर उग्र प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होंगे। हादसे के बाद अब लोगों की मांग है कि तालाब को सुरक्षित किया जाए, ताकि भविष्य में किसी और बच्चे की जान खतरे में न पड़े।
Akhil Mahajan