26 वर्षीय युवक ने दी जान,आखिरी मैसेज में 10 लाख कर्ज का जिक्र
फतेहाबाद में 26 वर्षीय गौरव ने जहरीला पदार्थ खाकर जान दी। आखिरी मैसेज में 10 लाख कर्ज, किस्त और फाइनेंसर की कथित धमकियों का जिक्र किया।
फतेहाबाद में 26 वर्षीय गौरव ने जहरीला पदार्थ खाकर जान दी
➤ आखिरी मैसेज में 10 लाख कर्ज, 3% ब्याज और ₹80 हजार मासिक किस्त का जिक्र
➤ पुलिस ने मोबाइल और वॉट्सऐप मैसेज कब्जे में लेकर फाइनेंसर की भूमिका की जांच शुरू की
फतेहाबाद में 26 वर्षीय युवक गौरव ने फाइनेंसर से लिए कर्ज और कथित दबाव से परेशान होकर जहरीला पदार्थ खा लिया। हालत बिगड़ने पर परिजन उसे अग्रोहा मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मौत से पहले गौरव ने अपने पिता के नाम वॉट्सऐप पर एक मैसेज सेव किया था। इसमें उसने 10 लाख रुपए के कर्ज, 3 प्रतिशत ब्याज, ₹80 हजार मासिक किस्त और फाइनेंसर से मिल रही कथित धमकियों का जिक्र किया।
गौरव ने अपने आखिरी मैसेज में मां-पिता से माफी मांगी और लिखा कि वह उनसे बहुत प्यार करता है। उसने यह भी कहा कि वह जो कुछ कर रहा है, उसकी वजह उसकी मजबूरी है। मैसेज में उसने परिवार की बेइज्जती होने की बात का भी जिक्र किया। पुलिस ने इस मैसेज को जांच में शामिल कर लिया है।
काम के लिए लिया था 10 लाख रुपए का कर्ज
मृतक की पहचान 4 मरला कॉलोनी, मसीत वाली गली निवासी गौरव के रूप में हुई है। उसके पिता तरुण की उम्र 48 साल है। पिता के मुताबिक, गौरव ने काम शुरू करने के लिए हिसार के एक फाइनेंसर से 10 लाख रुपए लिए थे।
गौरव ने अपने पिता के नाम छोड़े मैसेज में भी इस रकम का जिक्र किया। उसने बताया कि यह पैसा उसने काम करने के लिए लिया था, लेकिन वह अपने काम में सफल नहीं हो सका।
मैसेज में गौरव ने लिखा कि 10 लाख रुपए 3 प्रतिशत ब्याज पर लिए थे और हर महीने ₹80 हजार की किस्त बनती थी। उसने यह भी बताया कि पिछले महीने की किस्त उसने दे दी थी, लेकिन इस महीने किस्त की व्यवस्था नहीं हो पाई।
आखिरी मैसेज में परिवार को लेकर जताई चिंता
गौरव ने अपने पिता को भेजे मैसेज में फाइनेंसर का नाम प्रदीप बताया। उसने लिखा कि उसने अपनी मां का चेक भी उसे दिया था। इसके साथ ही उसने फाइनेंसर के व्यवहार को लेकर चिंता जताई।
मैसेज में गौरव ने परिवार को लेकर डर जाहिर करते हुए कहा कि अगर किस्त नहीं दी गई तो फाइनेंसर घर आ सकता है और परिवार के साथ मारपीट कर सकता है। उसने इस स्थिति को लेकर अपने माता-पिता की चिंता भी जताई।
मैसेज के अंत में गौरव ने अपने माता-पिता से माफी मांगी। उसने लिखा कि वह उनसे बहुत प्यार करता है और परिवार को और दुखी नहीं देख सकता। उसने अपनी वजह से परिवार की बेइज्जती होने की बात कहते हुए माफी मांगी।
रात में मैसेज सेव किया, सुबह जहरीला पदार्थ खाया
परिजनों के मुताबिक, गौरव ने मंगलवार रात करीब 10 बजे अपने मोबाइल फोन में पूरा मैसेज लिखकर सेव किया था। इसके बाद अगले दिन सुबह करीब 4 बजे उसने जहरीला पदार्थ खा लिया।
शुरुआत में गौरव ने किसी को इस बारे में नहीं बताया। उसकी तबीयत बिगड़ने पर घर वालों को लगा कि उसे फूड पॉइजनिंग हुई है। परिवार ने उसे दवाई दी, लेकिन हालत में सुधार नहीं हुआ।
करीब 5 घंटे बाद गौरव ने अपनी बुआ को पूरी बात बताई। इसके बाद परिजन उसे तुरंत अग्रोहा मेडिकल कॉलेज लेकर गए। डॉक्टरों ने उसका इलाज शुरू किया, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी।
मोबाइल और वॉट्सऐप मैसेज पुलिस के कब्जे में
घटना की सूचना मिलने के बाद बस स्टैंड पुलिस चौकी ने मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस ने गौरव का मोबाइल फोन और पिता के नाम लिखा आखिरी वॉट्सऐप मैसेज अपने कब्जे में ले लिया है।
पुलिस अब परिजनों के बयान दर्ज कर रही है और गौरव के मैसेज में लगाए गए आरोपों की भी जांच की जा रही है। शव के पोस्टमॉर्टम की कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है।
गौरव था परिवार का इकलौता बेटा
परिजनों के अनुसार, गौरव परिवार का इकलौता बेटा था। उसकी बहन की करीब 2 साल पहले हिसार में शादी हो चुकी है।
गौरव के मामा के बेटे राजू ने बताया कि गौरव हिसार के एक प्राइवेट अस्पताल में मेडिकल शॉप पर काम करता था। इसके बाद 1 तारीख से वह फतेहाबाद के जन औषधालय में काम कर रहा था।
परिजनों के मुताबिक, गौरव अपना कुछ काम शुरू करना चाहता था। इसी उद्देश्य से उसने कर्ज लेकर पैसे जुटाए थे।
पुलिस बोली- फाइनेंसर की भूमिका की भी जांच होगी
सिटी थाना प्रभारी संजय मोरवाल के अनुसार, युवक की मौत के मामले में उसके आखिरी मैसेज और परिजनों के बयानों को जांच का आधार बनाया जा रहा है।
पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि फाइनेंसर की ओर से गौरव पर किस तरह का दबाव बनाया गया था और उसके द्वारा लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है। जांच पूरी होने के बाद सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
परिवार के लिए गौरव का आखिरी संदेश क्या कहता है
गौरव ने अपने आखिरी मैसेज में माता-पिता से माफी मांगते हुए कहा कि वह उनसे बहुत प्यार करता है। उसने अपनी परेशानी को मजबूरी बताते हुए परिवार को और दुखी नहीं देख पाने की बात लिखी। पुलिस ने इस मैसेज को जांच का अहम हिस्सा बनाया है और अब इसी के आधार पर कर्ज तथा फाइनेंसर से जुड़े आरोपों की पड़ताल की जा रही है।
Akhil Mahajan