दिल्ली होटल अग्निकांड में हरियाणा का पूरा परिवार खत्म: CA समेत 8 परिजनों की दर्दनाक मौत, पिता को देखने आए थे दिल्ली

दिल्ली के फ्लरिश होटल अग्निकांड में गुरुग्राम के चार्टर्ड अकाउंटेंट विवेक अग्रवाल समेत उनके परिवार और रिश्तेदारों के 8 सदस्यों की मौत हो गई। सभी बीमार पिता को देखने दिल्ली आए थे।

दिल्ली होटल अग्निकांड में हरियाणा का पूरा परिवार खत्म: CA समेत 8 परिजनों की दर्दनाक मौत, पिता को देखने आए थे दिल्ली

दिल्ली होटल अग्निकांड में गुरुग्राम के CA विवेक अग्रवाल समेत 8 परिजनों की मौत

बीमार पिता को देखने दिल्ली आए थे, होटल में नाश्ता करते समय लगी आग

मृतकों में मां, पत्नी, दो बेटियां, मामा और मौसी भी शामिल


दिल्ली के मालवीय नगर स्थित फ्लरिश होटल अग्निकांड ने गुरुग्राम के एक परिवार को पूरी तरह उजाड़ दिया। हादसे में चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) विवेक अग्रवाल सहित उनके परिवार और रिश्तेदारों के कुल 8 सदस्यों की मौत हो गई। परिवार दिल्ली में भर्ती अपने बीमार बुजुर्ग पिता का हालचाल जानने आया था, लेकिन कुछ ही घंटों बाद यह यात्रा दर्दनाक त्रासदी में बदल गई।

परिजनों के अनुसार विवेक अग्रवाल के पिता दिल्ली के मैक्स अस्पताल में भर्ती हैं और वेंटिलेटर पर हैं। उन्हें देखने के लिए विवेक अपनी मां, पत्नी, दोनों बेटियों और रिश्तेदारों के साथ दिल्ली पहुंचे थे। सभी लोग होटल में ठहरे हुए थे और बुधवार सुबह रेस्टोरेंट में नाश्ता कर रहे थे, तभी आग लग गई।

विवेक अग्रवाल के ससुर प्रेम बंसल ने बताया कि सुबह करीब 9:30 बजे होटल में अचानक आग भड़क उठी। देखते ही देखते धुआं पूरे परिसर में फैल गया। परिवार के सभी सदस्य आग और धुएं की चपेट में आ गए। इस हादसे में विवेक अग्रवाल, उनकी पत्नी तर्जनी अग्रवाल, मां प्रेमलता अग्रवाल, बड़ी बेटी एंजल अग्रवाल, छोटी बेटी पर्ल अग्रवाल, मामा अशोक गोयल, मौसी कमला देवी और एक अन्य परिजन की जान चली गई।

बताया गया कि विवेक अग्रवाल गुरुग्राम के सेक्टर-46 में रहते थे और पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट थे। उनकी बड़ी बेटी उच्च शिक्षा के लिए बेंगलुरु में रहती थी और दादा की तबीयत खराब होने की सूचना पर हाल ही में दिल्ली पहुंची थी। छोटी बेटी 10वीं कक्षा की छात्रा थी।

परिजनों के मुताबिक आग लगने के दौरान विवेक ने अपने रिश्तेदार को फोन कर बताया था कि वह होटल के बेसमेंट में फंस गए हैं और मदद की गुहार लगा रहे हैं। हालांकि सहायता पहुंचने से पहले पूरा परिवार हादसे का शिकार हो चुका था।

इस अग्निकांड में अब तक 21 लोगों की मौत की आधिकारिक पुष्टि हो चुकी है। मृतकों में कई विदेशी नागरिक भी बताए जा रहे हैं। शव बुरी तरह झुलस जाने के कारण उनकी पहचान के लिए DNA परीक्षण कराया जा रहा है।

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आग लगने के बाद होटल में कई धमाकों जैसी आवाजें सुनाई दीं। लोग जान बचाने के लिए खिड़कियों से बाहर निकलने की कोशिश कर रहे थे। स्थानीय लोगों ने फायर ब्रिगेड के पहुंचने से पहले कंबल और गद्दे बिछाकर कई लोगों की जान बचाने का प्रयास किया।

हादसे के बाद गुरुग्राम स्थित विवेक अग्रवाल के घर में मातम पसरा हुआ है। एक ही परिवार के इतने सदस्यों की मौत ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है।