PM मोदी बोले- मुझे और मेरी मां को गालियां दी गईं,गालियों का जवाब माफी से दूंगा- ये गुमराह बच्चे हैं, इन्हें राह दिखाने का समय है

जंतर-मंतर विवाद पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पहली बार प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उन्हें और उनकी मां को गालियां दी गईं, लेकिन वह गुमराह बच्चों को माफ करना चाहते हैं और उन्हें सही राह दिखाने की जरूरत है।

PM मोदी बोले- मुझे और मेरी मां को गालियां दी गईं,गालियों का जवाब माफी से दूंगा- ये गुमराह बच्चे हैं, इन्हें राह दिखाने का समय है

जंतर-मंतर पर हुई अभद्र भाषा का जिक्र करते हुए PM मोदी ने कहा- मुझे और मेरी मां को गालियां दी गईं
कहा- ये गुमराह बच्चे हैं, इन्हें सजा नहीं बल्कि सही रास्ता दिखाने की जरूरत है
9 दिनों में प्रधानमंत्री का यह पांचवां वीडियो, सोशल मीडिया पर तेजी से हुआ वायरल


नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार देर रात सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो संदेश में जंतर-मंतर पर हुए छात्र प्रदर्शन के दौरान उनके और उनकी मां के खिलाफ इस्तेमाल की गई आपत्तिजनक भाषा पर पहली बार प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उन्हें और उनकी मां को भद्दी-भद्दी गालियां दी गईं, लेकिन वह इसे व्यक्तिगत बदले का विषय नहीं मानते। उनका मानना है कि ये गुमराह बच्चे हैं और इन्हें सही दिशा दिखाने की जरूरत है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि बचपन में गलतियां होती हैं और वही उम्र उन्हें सुधारने का अवसर भी देती है। उन्होंने कहा कि वह उन बच्चों को सजा दिलाने के बजाय उन्हें माफ करना चाहते हैं ताकि वे भविष्य में बेहतर नागरिक बन सकें।

'जो हुआ, पूरी दुनिया ने देखा'

वीडियो में प्रधानमंत्री ने कहा कि जंतर-मंतर पर जो कुछ भी हुआ, उसे पूरी दुनिया ने देखा। उन्होंने कहा कि इस तरह की भाषा किसी भी सभ्य समाज के लिए उचित नहीं मानी जा सकती। उन्होंने यह भी कहा कि समाज में मौजूद आक्रोश को वह समझते हैं, लेकिन यह चिंता का विषय है कि देश की बेटियां इस प्रकार की भाषा का प्रयोग करें।

उन्होंने कहा कि केवल दंड देने से परिस्थितियां नहीं बदलेंगी। जरूरत इस बात की है कि युवाओं को सही दिशा और बेहतर संस्कार दिए जाएं।

'मैं आपके भविष्य के लिए काम करता हूं'

प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि उनका पूरा जीवन देशवासियों और विशेष रूप से युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए समर्पित है। उन्होंने युवाओं से सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने की अपील करते हुए कहा कि उनका लक्ष्य देश के भविष्य को मजबूत बनाना है।

23 जुलाई की घटना, छात्रा पर FIR दर्ज

यह मामला 23 जुलाई को जंतर-मंतर पर हुए छात्र प्रदर्शन से जुड़ा है। प्रदर्शन के दौरान सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में रुचिका सिंह नाम की युवती प्रधानमंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करती दिखाई दी थी।

शिकायत मिलने के बाद नोएडा एक्सप्रेसवे थाना पुलिस ने 30 जुलाई को युवती के खिलाफ सार्वजनिक उपद्रव, जानबूझकर अपमान और मानहानि सहित विभिन्न धाराओं में FIR दर्ज की। इस कार्रवाई का कुछ संगठनों ने विरोध भी किया।

9 दिनों में प्रधानमंत्री का पांचवां वीडियो

पिछले नौ दिनों में प्रधानमंत्री मोदी लगातार विभिन्न मुद्दों पर वीडियो संदेश जारी कर चुके हैं।

  • 30 जुलाई: पेपर लीक संशोधन कानून पर कहा कि वर्षों से राज्यों और केंद्र सरकारों के सामने यह बड़ी चुनौती रही है।
  • 26 जुलाई: परीक्षा सुधार और पेपर लीक रोकने के लिए कठोर कानून तथा हाईपावर टास्क फोर्स की जानकारी दी।
  • 24 जुलाई: पहले वीडियो पर मिले सकारात्मक सुझावों के लिए लोगों का धन्यवाद किया।
  • 23 जुलाई: आधी रात को पेपर लीक संशोधन बिल लाने की घोषणा की।
  • 1 अगस्त: जंतर-मंतर घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए माफी और सकारात्मक मार्गदर्शन का संदेश दिया।