नाना पाटेकर के निधन पर पीएम मोदी का खास संदेश, बोले- उनके बेबाक और स्पष्ट विचार हमेशा याद रहेंगे
नाना पाटेकर के निधन पर पीएम मोदी और अमित शाह ने शोक जताया। दोनों नेताओं ने उनके अभिनय, स्पष्ट विचारों और सिनेमा में योगदान को याद किया।
➤ पीएम मोदी ने नाना पाटेकर के निधन पर जताया दुख
➤ बेबाक विचारों और दमदार अभिनय को किया याद
➤ अमित शाह ने भी बताया कला जगत के लिए अपूरणीय क्षति
दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शोक व्यक्त किया है। पीएम मोदी ने नाना पाटेकर को याद करते हुए कहा कि उनमें जिस तरह की तीव्रता, अनोखापन और दमदार मौजूदगी थी, वह बहुत कम अभिनेताओं में देखने को मिलती है। उन्होंने कहा कि नाना पाटेकर ने हर भूमिका को शानदार तरीके से और नए अंदाज में निभाया तथा ऐसे किरदार दिए, जिन्हें आने वाली पीढ़ियां भी याद रखेंगी। प्रधानमंत्री ने उनके बेबाक और स्पष्ट विचारों को भी याद किया और कहा कि वह अपनी बात कहने में कभी नहीं हिचकिचाते थे।
पीएम मोदी ने नाना पाटेकर के निधन पर शोक जताते हुए कहा कि हिंदी और मराठी सिनेमा में उनका योगदान बहुत बड़ा था। उन्होंने कहा कि नाना पाटेकर के निधन से एक बड़ी कमी महसूस हो रही है। प्रधानमंत्री ने उनके परिवार, दोस्तों और अनगिनत प्रशंसकों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त कीं और दिवंगत अभिनेता को श्रद्धांजलि दी।
अमित शाह ने भी नाना पाटेकर को किया याद
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने भी नाना पाटेकर के निधन पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि भारतीय सिनेमा के महान अभिनेता नाना पाटेकर का निधन कला जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है। अमित शाह ने कहा कि पांच दशकों तक नाना पाटेकर ने अपने सहज अभिनय और सशक्त संवाद अदायगी से दर्शकों के मन पर अमिट छाप छोड़ी।
अमित शाह ने कहा कि गंभीर सामाजिक विषय हों या हास्य-व्यंग्य, नाना पाटेकर ने जिस भी किरदार को निभाया, उसे जीवंत बना दिया। उन्होंने अभिनेता के साथ अपनी पुरानी तस्वीर साझा करते हुए उनके सामाजिक कार्यों का भी उल्लेख किया।
अमित शाह के अनुसार, नाम फाउंडेशन के माध्यम से सूखे से जूझ रहे किसान परिवारों की सेवा करने से लेकर सीमा पर जाकर जवानों का हौसला बढ़ाने तक, नाना पाटेकर ख्याति के शिखर पर पहुंचने के बावजूद अपनी मिट्टी से जुड़े रहे। उन्होंने कहा कि जब भी उनसे मुलाकात हुई, उनकी सरलता और स्पष्टवादिता ने प्रभावित किया।
75 वर्ष की उम्र में हुआ नाना पाटेकर का निधन
75 वर्षीय नाना पाटेकर का गुरुवार, 8 अक्टूबर को तड़के गोवा में निधन हुआ। वह डोना पाउला स्थित अपने अपार्टमेंट में बेहोश पाए गए थे। इसके बाद उन्हें एक निजी अस्पताल ले जाया गया।
डॉ. शेखर सालकर के अनुसार, अस्पताल में नाना पाटेकर को लगातार करीब 45 मिनट तक CPR दिया गया, लेकिन वह होश में नहीं आए। डॉक्टरों की कोशिश के बावजूद उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ। इसके बाद उन्हें सुबह करीब 5 बजकर 10 मिनट पर मृत घोषित किया गया।
मौत के मामले में मेडिको-लीगल प्रक्रिया के तहत पोस्टमार्टम किया जाएगा। नाना पाटेकर के निधन की खबर सामने आने के बाद फिल्म जगत, उनके प्रशंसकों और उन्हें चाहने वालों के बीच शोक की लहर है।
शासकीय सम्मान के साथ होगा अंतिम संस्कार
नाना पाटेकर के अंतिम संस्कार को लेकर भी जानकारी सामने आई है। महाराष्ट्र के सांस्कृतिक कार्य मंत्री आशीष शेलार ने बताया है कि नाना पाटेकर का अंतिम संस्कार शासकीय सम्मान के साथ करने का निर्णय लिया गया है।
नाना पाटेकर ने हिंदी और मराठी सिनेमा में लंबे समय तक अपनी अलग पहचान बनाई। उनके निधन के बाद राजनीतिक और फिल्म जगत से जुड़े कई लोगों ने उन्हें याद करते हुए श्रद्धांजलि दी है। पीएम मोदी और अमित शाह के संदेशों में भी उनके अभिनय, स्पष्ट विचारों और सामाजिक सरोकारों को विशेष रूप से याद किया गया।
Akhil Mahajan