माता की हत्या करने और आपराधिक गैंग बनाने के लिए इकट्ठा किए हथियार , पुलिस ने किया पर्दाफाश, जानें
सीआईए-1 ने हथियार सप्लायर समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने चार अवैध पिस्तौल/देशी कट्टे और 22 जिंदा कारतूस बरामद किए।
➤ हथियार सप्लायर समेत चार आरोपी गिरफ्तार
➤ चार अवैध पिस्तौल/देशी कट्टे और 22 जिंदा कारतूस बरामद
➤ आपराधिक गैंग बनाने की तैयारी का पुलिस ने किया खुलासा
हांसी में अवैध हथियारों के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए हथियार सप्लायर समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सीआईए-1 हांसी की टीम ने कार्रवाई के दौरान आरोपियों के कब्जे से चार अवैध पिस्तौल/देशी कट्टे और 22 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। हांसी एसपी विनोद कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि आरोपी आपस में संपर्क में थे और कथित तौर पर आपराधिक गैंग बनाकर वारदातों को अंजाम देने की तैयारी में थे। पुलिस की जांच में हथियारों की खरीद-फरोख्त और आरोपियों के आपसी कनेक्शन से जुड़ी जानकारी भी सामने आई है।
पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार के अनुसार, सीआईए-1 टीम ने थाना शहर हांसी के मुकदमा नंबर 602 में कार्रवाई करते हुए सिकन्दर निवासी विकास नगर हांसी और आशीष निवासी अलीगढ़, हाल निवासी विकास नगर हांसी को गिरफ्तार किया। पुलिस ने इनके कब्जे से दो अवैध देशी कट्टे और दो जिंदा कारतूस बरामद किए।
पूछताछ के दौरान पुलिस के सामने आया कि सिकन्दर ने ये हथियार आशीष से खरीदे थे। पुलिस के मुताबिक, सिकन्दर इन हथियारों का इस्तेमाल अपनी माता की हत्या करने और आपराधिक गैंग बनाने के लिए करना चाहता था। इसी दौरान उसने एक देशी कट्टा अपने दोस्त आर्यन निवासी चारकुतब गेट हांसी को दे दिया।
इसके बाद सीआईए-1 ने मुकदमा नंबर 603 में आर्यन को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से एक अवैध देशी कट्टा बरामद किया गया। पूछताछ में सामने आया कि आर्यन ने भी सिकन्दर के साथ मिलकर आपराधिक गैंग बनाने के उद्देश्य से हथियार लिया था।
पुलिस के अनुसार, आर्यन का कोई पिछला आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है। मामले की जांच के दौरान पुलिस को आरोपियों के बीच हथियारों की खरीद-फरोख्त और आपसी संपर्क से जुड़ी जानकारी मिली है। पुलिस की कार्रवाई में अवैध हथियारों की बरामदगी के साथ उन लोगों के बीच संबंधों की भी पड़ताल की जा रही है, जो कथित तौर पर गैंग बनाने की तैयारी में शामिल थे।
Akhil Mahajan