CM के कार्यक्रम से 500 मीटर दूर मालगाड़ी के 3 डिब्बे डीरेल

कुरुक्षेत्र रेलवे स्टेशन के पास मालगाड़ी के तीन डिब्बे पटरी से उतर गए। हादसे से बिजली सप्लाई बाधित हुई और कई ट्रेनें देरी से चलीं। रेलवे ने जांच शुरू कर दी है।

CM के कार्यक्रम से 500 मीटर दूर मालगाड़ी के 3 डिब्बे डीरेल

CM के कार्यक्रम से 500 मीटर दूर मालगाड़ी के 3 डिब्बे डीरेल

बिजली सप्लाई ठप होने से कई ट्रेनों की आवाजाही प्रभावित

तकनीकी खराबी की आशंका, रेलवे ने शुरू की जांच

हरियाणा के कुरुक्षेत्र में सोमवार को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के कार्यक्रम से ठीक पहले एक बड़ा रेल हादसा होते-होते टल गया। रेलवे स्टेशन से करीब 500 मीटर दूर एक मालगाड़ी के तीन डिब्बे पटरी से उतर गए, जिससे रेलवे प्रशासन में हड़कंप मच गया। हादसे के चलते ट्रैक की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई और कई ट्रेनों का संचालन प्रभावित हुआ।

जानकारी के अनुसार मालगाड़ी कुरुक्षेत्र रेलवे स्टेशन से होकर कैथल की ओर स्थित अडाणी के साइलो, सोलू माजरा जा रही थी। दोपहर करीब 12 बजे ट्रेन के शुरुआती चार डिब्बों में से तीन डिब्बे अचानक पटरी से उतर गए। हादसे में कई पहियों को भारी नुकसान पहुंचा और कुछ पहिए जमीन में धंस गए।

डीरेल हुए डिब्बों में से एक का पहिया रेलवे लाइन के किनारे लगे बिजली के खंभे से टकरा गया। टक्कर इतनी तेज थी कि खंभा झुक गया और संबंधित ट्रैक की ओवरहेड इलेक्ट्रिक (OHE) सप्लाई बंद हो गई। इसके अलावा आसपास के कई अन्य खंभों को भी नुकसान पहुंचा।

घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारियों और तकनीकी टीमों में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर राहत एवं बचाव दल भेजा गया और ट्रैक को जल्द से जल्द बहाल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई।

हादसे के समय कुरुक्षेत्र रेलवे स्टेशन पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का कार्यक्रम प्रस्तावित था। उन्हें सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा की विशेष ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करना था। डीरेलमेंट के कारण कुछ समय के लिए इस ट्रेन को भी स्टेशन पर रोका गया। बाद में स्थिति सामान्य होने पर मुख्यमंत्री ने ट्रेन को रवाना किया।

रेल हादसे के कारण कई महत्वपूर्ण ट्रेनों की आवाजाही प्रभावित हुई। कुरुक्षेत्र-दिल्ली पैसेंजर ट्रेन करनाल स्टेशन पर रुकी रही। वहीं पश्चिम एक्सप्रेस दोनों दिशाओं में करीब डेढ़ घंटे की देरी से चली। इसके अलावा पठानकोट-दिल्ली ट्रेन भी लगभग एक घंटे देरी से अपने गंतव्य की ओर रवाना हुई।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार हादसे के पीछे शुरुआती तौर पर तकनीकी खराबी की आशंका जताई जा रही है। हालांकि वास्तविक कारणों का पता विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल रेलवे की टीमें ट्रैक और बिजली व्यवस्था को पूरी तरह सामान्य करने में जुटी हुई हैं।