सिंगर का हथियार लाइसेंस होगा कैंसिल?बेटी संग यूनिवर्सिटी में रिवॉल्वर लेकर पहुंचे थे
कैथल NIILM यूनिवर्सिटी में रिवॉल्वर लेकर पहुंची कर्मवीर फौजी की बेटी का वीडियो वायरल होने पर पुलिस ने हथियार जब्त किए और लाइसेंस रद्द करने की प्रक्रिया शुरू की
NIILM यूनिवर्सिटी में रिवॉल्वर लेकर पहुंचने के मामले में कर्मवीर फौजी पर कार्रवाई की तैयारी
➤ पुलिस ने .32 बोर रिवॉल्वर और दो नाली बंदूक जब्त कर डीसी को लाइसेंस रद्द करने के लिए पत्र भेजा
➤ बेटी के पास हथियार का लाइसेंस है या नहीं, इसकी भी जांच; नियमों के तहत FIR और सजा का प्रावधान
कैथल की NIILM यूनिवर्सिटी में बेटी शीतल जागलान के रिवॉल्वर टांगकर पहुंचने का वीडियो वायरल होने के बाद हरियाणवी सिंगर कर्मवीर फौजी की मुश्किलें बढ़ गई हैं। मामले में कैथल पुलिस ने सख्त कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है। पुलिस ने सिंगर के दोनों हथियार जब्त करने के बाद उनके लाइसेंस रद्द कराने के लिए जिला प्रशासन को पत्र भेज दिया है।
पुलिस की ओर से डीसी अपराजिता को लिखे गए पत्र में कर्मवीर फौजी के दोनों हथियारों के लाइसेंस रद्द करने की सिफारिश की गई है। वहीं, डीसी की ओर से सिंगर को नोटिस जारी कर पूरे मामले पर जवाब मांगा गया है। नोटिस में उनसे पूछा गया है कि लाइसेंसी हथियार उनकी बेटी के पास किस परिस्थिति में पहुंचा और ऐसा क्यों हुआ।
पुलिस ने जांच के लिए दो टीमें लगाई थीं। जांच में सामने आया कि कर्मवीर फौजी के पास मौजूद दोनों हथियार लाइसेंसी हैं। इनमें एक .32 बोर का रिवॉल्वर और दूसरी दो नाली बंदूक (राइफल) शामिल है। अब पुलिस यह भी पता कर रही है कि सिंगर की बेटी शीतल जागलान के पास हथियार रखने या लेकर चलने का कोई लाइसेंस है या नहीं।
डीएसपी सुशील प्रकाश ने बताया कि वायरल वीडियो की भी जांच की जा रही है। पुलिस सिंगर से पूछताछ की तैयारी कर रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
मंगलवार को वायरल हुआ था हथियारों वाला वीडियो
यह पूरा विवाद मंगलवार को उस समय शुरू हुआ, जब सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया। इसमें 'पानी आली पानी प्यादे' फेम कर्मवीर फौजी और उनकी बेटी शीतल जागलान रिवॉल्वर टांगे हुए दिखाई दिए। उनके पास खड़ा एक युवक भी गन लिए नजर आया।
पुलिस के मुताबिक, यह वीडियो कैथल की NIILM यूनिवर्सिटी का है। दोनों वहां एक कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे। वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर इसको लेकर सवाल उठने लगे। लोगों ने हथियारों की इस तरह नुमाइश को अनुचित बताया। लोगों का कहना था कि खासकर किसी सेलिब्रिटी को सार्वजनिक जगह पर हथियारों के प्रदर्शन को लेकर अधिक सावधानी बरतनी चाहिए।
कर्मवीर फौजी की पत्नी सोनिया रानी कैथल जिला परिषद की वाइस चेयरपर्सन हैं।
पुलिस ने दोनों हथियार किए जब्त
वीडियो सामने आने के बाद मामला पुलिस तक पहुंचा। पुलिस ने कर्मवीर फौजी के दोनों हथियार जब्त कर लिए। इसके बाद जब सिंगर से इस बारे में सवाल किया गया तो उन्होंने कहा था कि लाइसेंस उनका है और उनकी बेटी उनके साथ थी। उन्होंने यह भी कहा था कि बेटी ने रिवॉल्वर अपनी जेब में डाल लिया था और वह उनके पास ही खड़ी थी।
कर्मवीर फौजी ने खुद को वाइस चेयरमैन बताते हुए कहा था कि वह गाने भी गाते हैं और अपनी बंदूक लेकर घूम रहे थे।
अब पुलिस ने इसी मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
लाइसेंस रद्द कराने के लिए डीसी को भेजा पत्र
सिटी थाना इंस्पेक्टर सतपाल सिंह ने बताया कि उच्च अधिकारियों के आदेश पर सिंगर कर्मवीर फौजी के दोनों हथियारों के लाइसेंस रद्द कराने के लिए डीसी को पत्र लिखा गया है।
डीसी अपराजिता ने भी पत्र भेजे जाने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि प्रशासन की ओर से सिंगर को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। सिंगर के जवाब के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, डीएसपी सुशील प्रकाश के अनुसार पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि वायरल वीडियो में दिखाई दे रही लड़की के पास हथियार रखने का लाइसेंस है या नहीं। पुलिस वायरल वीडियो और पूरे घटनाक्रम की जांच के बाद आगे का निर्णय लेगी।
आर्म्स लाइसेंस आत्मरक्षा के लिए, दिखावे के लिए नहीं
एडवोकेट देवेंद्र शर्मा के अनुसार आर्म्स लाइसेंस यानी शस्त्र लाइसेंस का उद्देश्य आत्मरक्षा है। यह किसी तरह की विलासिता या दिखावे का साधन नहीं है। कानून के दायरे में रहकर अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यह एक विधिक अधिकार है।
वर्तमान में आर्म्स लाइसेंस के लिए राष्ट्रीय पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन करना होता है। इसके बाद पुलिस वेरिफिकेशन और जिला मजिस्ट्रेट (DM) के स्तर पर आवेदक की पृष्ठभूमि तथा हथियार की वास्तविक आवश्यकता की जांच की जाती है।
एडवोकेट देवेंद्र शर्मा ने बताया कि आर्म्स लाइसेंस के लिए किसी विशेष बल या होमगार्ड के प्रमाण पत्र की अनिवार्यता नहीं है। कोई भी पात्र नागरिक इसके लिए आवेदन कर सकता है।
दूसरे के लाइसेंसी हथियार के इस्तेमाल पर हो सकती है कार्रवाई
एडवोकेट देवेंद्र शर्मा के मुताबिक, किसी दूसरे व्यक्ति के लाइसेंसी हथियार का इस्तेमाल करना प्रतिबंधित है। यदि कोई व्यक्ति दूसरे के लाइसेंसी हथियार का इस्तेमाल करता है तो लाइसेंसधारी या हथियार लेकर घूमने वाले व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई हो सकती है। कार्रवाई किसके खिलाफ होगी, यह प्रशासन मामले के तथ्यों के आधार पर तय करता है।
ऐसी स्थिति में हथियार का लाइसेंस रद्द किया जा सकता है। इसके अलावा असलहा धारक या हथियार लेकर घूमने वाले व्यक्ति पर जुर्माना भी लगाया जा सकता है। मामले की परिस्थितियों के आधार पर दोनों में से किसी के खिलाफ FIR दर्ज हो सकती है। इसमें दो से 5 साल तक जेल का प्रावधान भी बताया गया है।
लाइसेंस रद्द होने पर अपील का अधिकार
एडवोकेट देवेंद्र शर्मा ने बताया कि उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय के स्पष्ट निर्देश हैं कि केवल FIR दर्ज होने मात्र से या बिना यह साबित किए कि किसी हथियार से लोक शांति या सुरक्षा को सीधा खतरा है, लाइसेंस रद्द नहीं किया जा सकता।
जिस व्यक्ति का लाइसेंस रद्द किया जाता है, उसे प्रशासन की ओर से पत्र जारी कर अपना पक्ष रखने और जवाब देने का मौका दिया जाता है।
यदि प्रशासनिक स्तर पर लाइसेंस रद्द कर दिया जाता है तो इसके खिलाफ पहले संभागीय आयुक्त (Divisional Commissioner) के समक्ष धारा 18 के तहत अपील की जा सकती है। वहां से राहत नहीं मिलने पर उच्च न्यायालय में अनुच्छेद 226 के तहत रिट याचिका दाखिल करने का कानूनी प्रावधान और अधिकार उपलब्ध है।
हरियाणा में गन कल्चर वाले गानों पर भी हो चुकी है कार्रवाई
हरियाणा में गन, गैंग और हिंसा को बढ़ावा देने वाले गानों को लेकर भी पुलिस कार्रवाई कर चुकी है। वर्ष 2025 में हरियाणा पुलिस ने ऐसे गानों पर कार्रवाई शुरू की थी। शुरुआत में 67 गाने चिन्हित किए गए थे, जिनमें 29 सिंगरों के गाने शामिल थे।
इन गानों को यूट्यूब समेत अलग-अलग म्यूजिक प्लेटफॉर्म से हटाने या ब्लॉक कराने की कार्रवाई की गई थी। सूची में मासूम शर्मा, अमन राज गिल, आशु ट्विंकल, मनीषा शर्मा, नरेंद्र भगाना और अमित सैनी रोहतकिया समेत 29 सिंगर शामिल थे।
पुलिस का कहना था कि ऐसे गानों से युवाओं में गन और गैंग कल्चर को बढ़ावा मिल सकता है।
Akhil Mahajan