व्रत से वजन घटता है या बढ़ता? जानिए सच्चाई, सिर्फ उपवास नहीं काम आता सही तरीका
क्या व्रत रखने से वजन घटता है? जानिए एक्सपर्ट्स के अनुसार व्रत, डाइट और वजन घटाने की पूरी सच्चाई।
■ व्रत से वजन अस्थायी रूप से घट सकता है, स्थायी नहीं
■ गलत खानपान से व्रत में भी बढ़ सकता है वजन
■ संतुलित आहार और व्यायाम ही असली उपाय
नई दिल्ली। आजकल व्रत या उपवास को वजन घटाने का आसान और तेज तरीका माना जा रहा है, लेकिन क्या सच में व्रत रखने से वजन कम होता है? इस सवाल का जवाब पूरी तरह सीधा नहीं है। हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, वजन कम होना मुख्य रूप से कैलोरी की कमी पर निर्भर करता है, न कि केवल व्रत रखने पर।
दरअसल, जब व्यक्ति व्रत के दौरान कम कैलोरी लेता है, तो शरीर में ऊर्जा की कमी होती है और इससे वजन कुछ समय के लिए घट सकता है। लेकिन यह असर अधिकतर अस्थायी होता है। जैसे ही व्यक्ति सामान्य खानपान पर लौटता है, वजन फिर से बढ़ने लगता है। इसलिए केवल व्रत के भरोसे वजन कम करना एक स्थायी समाधान नहीं माना जाता।
विशेषज्ञ बताते हैं कि व्रत के दौरान लोग अक्सर हेल्दी भोजन की जगह तले-भुने और स्टार्चयुक्त खाद्य पदार्थ जैसे साबुदाना, आलू, हलवा आदि का अधिक सेवन कर लेते हैं। यह भोजन शरीर में कैलोरी बढ़ाता है और वजन कम होने की बजाय बढ़ भी सकता है। इसके अलावा ब्लड शुगर लेवल पर भी इसका असर पड़ सकता है।
व्रत करते समय शरीर को पर्याप्त पानी, प्रोटीन और फाइबर की जरूरत होती है। अगर इनकी कमी हो जाए तो शरीर में कमजोरी, थकान और मांसपेशियों की ताकत कम होने जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं। इसलिए व्रत के दौरान संतुलित आहार लेना बेहद जरूरी है।
लंबे समय तक या गलत तरीके से व्रत रखने से शरीर का मेटाबॉलिज्म भी धीमा पड़ सकता है, जिससे कैलोरी बर्न करने की क्षमता कम हो जाती है। इसके कारण वजन घटने की प्रक्रिया भी प्रभावित होती है और स्वास्थ्य पर नकारात्मक असर पड़ सकता है।
अंत में विशेषज्ञ यही सलाह देते हैं कि व्रत को सिर्फ वजन घटाने का तरीका न समझें। अगर आप स्वस्थ और स्थायी तरीके से वजन कम करना चाहते हैं, तो संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और सही जीवनशैली अपनाना ही सबसे बेहतर उपाय है।
Akhil Mahajan