हरियाणा से ITBP जवान दो महीने से लापता, ड्यूटी जॉइन नहीं करने पर परिवार को मिला पत्र
महेंद्रगढ़ का ITBP जवान योगेश 8 जुलाई से लापता है। मोबाइल बंद है और ड्यूटी पर नहीं पहुंचा। परिवार को पंचकूला ITBP से पत्र मिलने पर मामला दर्ज हुआ।
ITBP जवान योगेश दो महीने से लापता, मोबाइल लगातार बंद
➤ 8 जुलाई को छुट्टी के बाद ड्यूटी के लिए निकला, वापस नहीं पहुंचा
➤ पहले भी दो बार हो चुका है लापता, पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज किया
हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले के कनीना क्षेत्र के गांव नौताना निवासी आईटीबीपी (भारत-तिब्बत सीमा पुलिस) जवान योगेश पिछले करीब दो महीने से लापता है। एक माह की छुट्टी पूरी होने के बाद वह 8 जुलाई 2026 को घर से ड्यूटी के लिए रवाना हुआ था, लेकिन इसके बाद वह अपनी ड्यूटी पर नहीं पहुंचा। जवान का मोबाइल फोन भी लगातार बंद आ रहा है। परिजनों ने कई बार उससे संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन कोई बात नहीं हो सकी।
इस बीच पंचकूला स्थित 50वीं वाहिनी आईटीबीपी से परिवार को पत्र मिला, जिसमें बताया गया कि योगेश निर्धारित समय पर अपनी ड्यूटी पर वापस नहीं पहुंचा। पत्र मिलने के बाद परिजनों की चिंता और बढ़ गई। इसके बाद जवान के पिता फूलचंद ने थाना सदर कनीना में शिकायत देकर बेटे की तलाश करने की गुहार लगाई। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 127(6) के तहत गुमशुदगी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
2006 में ITBP में भर्ती हुआ था योगेश
सदर थाना कनीना के गांव नौताना निवासी फूलचंद ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह खाती मिस्त्री का काम करते हैं। उनके तीन बच्चे हैं। बड़ा बेटा योगेश 38 वर्ष का है और वह जून 2006 में आईटीबीपी में भर्ती हुआ था।
फूलचंद के अनुसार योगेश की वर्तमान तैनाती चंडीगढ़ में है। वह विवाहित है और उसके दो बच्चे हैं। परिवार के मुताबिक योगेश के लापता होने के बाद से परिजन लगातार उसकी तलाश में जुटे हुए हैं।
9 जून को छुट्टी लेकर घर आया था, 8 जुलाई को ड्यूटी के लिए निकला
शिकायत के अनुसार योगेश 9 जून 2026 को एक माह की छुट्टी लेकर घर आया था। छुट्टी पूरी होने के बाद वह 8 जुलाई 2026 को घर से ड्यूटी के लिए रवाना हुआ।
इसके बाद से उसका मोबाइल फोन लगातार बंद आ रहा है। परिजनों ने उसके मोबाइल पर कई बार संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन फोन बंद होने के कारण उससे बात नहीं हो सकी। काफी समय बीतने के बाद भी जब योगेश का कोई सुराग नहीं मिला तो परिवार की चिंता बढ़ती गई।
पंचकूला की 50वीं वाहिनी से आया पत्र, तब बढ़ी परिवार की चिंता
योगेश के ड्यूटी पर नहीं पहुंचने की जानकारी परिवार को तब मिली, जब 50वीं वाहिनी आईटीबीपी, पंचकूला (हरियाणा) की ओर से उन्हें पत्र मिला।
पत्र में बताया गया कि योगेश निर्धारित समय पर अपनी ड्यूटी पर वापस नहीं पहुंचा है। पत्र मिलने के बाद परिजनों को उसके लापता होने की जानकारी हुई और उन्होंने थाना सदर कनीना पहुंचकर पुलिस से जवान की तलाश करने की गुहार लगाई।
पांच साल से मायके में रह रही योगेश की पत्नी
लापता जवान के पिता फूलचंद ने बताया कि योगेश की पत्नी पिछले 5 साल से मायके में रह रही है। वहीं जवान के दोनों बच्चे गांव में ही अपने दादा के पास रहते हैं।
योगेश के बच्चों में एक लड़की और एक लड़का शामिल हैं। लड़की 11वीं कक्षा में पढ़ती है, जबकि लड़का 9वीं कक्षा का विद्यार्थी है। परिवार के मुताबिक दोनों बच्चे गांव में दादा के पास रहते हैं।
एक साल में तीसरी बार लापता हुआ योगेश
फूलचंद ने बताया कि योगेश एक साल में तीसरी बार लापता हुआ है। इससे पहले भी वह दो बार लापता हो चुका है। एक बार वह करीब 15 दिन तक और दूसरी बार करीब एक महीने तक न तो घर आया और न ही अपनी बटालियन में पहुंचा।
पिता के मुताबिक, एक बार योगेश बाघोत के मेले में मिला था। वहीं दूसरी बार वह कनीना के अस्पताल में पैर का इलाज कराने आया था, तब उसका पता चला था।
पहले दोनों मामलों में योगेश बटालियन से लापता हुआ था और वहीं से एफआईआर दर्ज हुई थी। इस बार वह घर से ड्यूटी के लिए रवाना होने के बाद लापता हुआ है।
रिश्तेदारियों और ससुराल में भी तलाश, लेकिन नहीं मिला सुराग
फूलचंद ने बताया कि परिवार ने योगेश की तलाश के लिए कई जगहों पर संपर्क किया। उसके ससुराल के अलावा रिश्तेदारियों और अन्य कई जगहों पर भी उसकी तलाश की गई, लेकिन कहीं से उसका पता नहीं चल सका।
परिवार की ओर से उसकी तलाश लगातार की जा रही है। पिता का कहना है कि पहले जब योगेश बटालियन से लापता हुआ था, तब वहीं से एफआईआर दर्ज हुई थी। इस बार उसके घर से निकलने के बाद लापता होने के कारण परिवार ने स्थानीय पुलिस को शिकायत दी है।
पुलिस ने BNS की धारा 127(6) में दर्ज किया मामला
पुलिस ने फूलचंद की शिकायत के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 127(6) के तहत गुमशुदगी का मामला दर्ज कर लिया है।
जांच अधिकारी ने बताया कि जवान की तलाश के लिए विभिन्न स्थानों पर सूचना भेजी गई है। सीसीटीएनएस के माध्यम से एफआईआर की प्रतियां संबंधित अधिकारियों और क्षेत्रीय मजिस्ट्रेट को भेजी गई हैं।
पुलिस जवान की तलाश में जुटी है और उसके लापता होने से जुड़े सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। करीब दो महीने से योगेश का मोबाइल बंद होने और ड्यूटी पर नहीं पहुंचने के कारण परिवार उसकी सुरक्षित वापसी को लेकर लगातार चिंतित है।
Akhil Mahajan