हरियाणा में भूकंप का झटका
हरियाणा के सोनीपत में 27 सितम्बर की रात 1:47 बजे 3.4 तीव्रता का भूकंप आया। लोग दहशत में घरों से बाहर निकले। केंद्र सोनीपत रहा। कोई नुकसान नहीं हुआ।
➤ सोनीपत में देर रात भूकंप, केंद्र रहा जिला मुख्यालय
➤ तीव्रता 3.4, नींद से जागे लोग, दहशत का माहौल
➤ कोई जनहानि या नुकसान की सूचना नहीं
हरियाणा के सोनीपत जिले में बीती देर रात अचानक धरती हिल गई। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के मुताबिक, रात 1 बजकर 47 मिनट पर 3.4 तीव्रता का भूकंप आया। इसका एपिसेंटर सोनीपत ही रहा। झटके हल्के थे लेकिन इतनी तीव्रता के थे कि कई लोग गहरी नींद से जाग उठे और भय में घरों से बाहर निकल आए।
स्थानीय लोगों ने बताया कि अचानक चारों ओर हलचल सी महसूस हुई। शुरुआत में किसी को समझ नहीं आया कि आखिर क्या हुआ, लेकिन कुछ ही देर में जानकारी मिली कि धरती हिली है। देर रात भूकंप से कोई नुकसान नहीं हुआ, लेकिन लोगों के चेहरे पर डर साफ़ दिखाई दिया।
पिछले महीनों में कई बार हिली धरती
2025 में हरियाणा लगातार भूकंप की चपेट में आ रहा है।
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1 सितम्बर को गुरुग्राम में 6.2 तीव्रता का बड़ा झटका हिंदूकुश क्षेत्र से महसूस हुआ।
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10 अगस्त को झज्जर में 3.1 तीव्रता,
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22 जुलाई को फरीदाबाद में 3.2 तीव्रता,
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17 जुलाई को झज्जर में 2.5 तीव्रता,
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16-17 जुलाई को रोहतक में 3.6 तीव्रता,
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11 जुलाई को झज्जर में 3.7 तीव्रता,
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10 जुलाई को झज्जर में 4.4 तीव्रता,
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27 जून को महेंद्रगढ़ में 2.8 तीव्रता दर्ज की गई।
लगातार कंपन से लोग सवाल करने लगे हैं कि आखिर बार-बार भूकंप क्यों आ रहे हैं।
भूकंप क्यों आता है?
भूकंप विज्ञानियों के मुताबिक, धरती की सतह सात बड़ी और कई छोटी टेक्टोनिक प्लेट्स पर टिकी है। ये प्लेट्स लगातार हलचल करती रहती हैं। जब ये आपस में टकराती हैं या दबाव बढ़ता है तो ऊर्जा बाहर निकलने का रास्ता खोजती है और धरती हिलने लगती है।
विशेष रूप से हरियाणा क्षेत्र उत्तराखंड के देहरादून से लेकर महेंद्रगढ़ तक फैली फॉल्ट लाइन पर स्थित है। प्लेट मूवमेंट होने से इस क्षेत्र में बार-बार झटके महसूस होते हैं। हालांकि अब तक ज़्यादातर झटके हल्के रहे हैं और किसी बड़े नुकसान की रिपोर्ट सामने नहीं आई है।
लोगों से अपील की गई है कि भूकंप के समय घबराएँ नहीं। सुरक्षित स्थान पर जाएँ, दीवारों और खिड़कियों से दूरी बनाएँ और अगर संभव हो तो खुले स्थान की ओर निकलें।
Akhil Mahajan