रिश्वत लेते पटवारी रंगे हाथ गिरफ्तार, जमीन का रिकॉर्ड ठीक करने के लिए मांगे थे 10 हजार रुपए
रेवाड़ी के कोसली में एसीबी ने पटवारी पुनीत कुमार को 4 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोपी जमीन का रिकॉर्ड ठीक करने और इंतकाल दर्ज करने के लिए 10 हजार रुपए मांग रहा था।
➤ कोसली तहसील में एसीबी ने पटवारी को 4 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ दबोचा
➤ पारिवारिक जमीन का रिकॉर्ड ठीक करने और इंतकाल दर्ज करने के लिए मांगे थे 10 हजार रुपए
➤ 5 हजार पहले ले चुका था आरोपी, बाकी रकम लेते ही एसीबी ने किया गिरफ्तार
हरियाणा के रेवाड़ी जिले में राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (SV&ACB) ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कोसली तहसील में तैनात पटवारी पुनीत कुमार को 4 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी पर पारिवारिक जमीन का रिकॉर्ड ठीक करने और इंतकाल दर्ज करने के बदले रिश्वत मांगने का आरोप है। कार्रवाई के बाद आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार का मामला दर्ज कर लिया गया है।
10 हजार रुपए की रिश्वत मांगी, 9 हजार में हुआ सौदा
जानकारी के अनुसार गांव टुमना निवासी आनंद ने SV&ACB को शिकायत दी थी। शिकायत में बताया गया कि वह अपनी पारिवारिक जमीन का रिकॉर्ड ठीक करवाने और इंतकाल दर्ज करवाने के लिए कई दिनों से पटवारी पुनीत कुमार के चक्कर लगा रहा था, लेकिन उसका काम नहीं किया जा रहा था।
शिकायतकर्ता के अनुसार पटवारी ने काम करने के बदले 10 हजार रुपए की रिश्वत मांगी। बाद में बातचीत के बाद 9 हजार रुपए में सौदा तय हुआ। इनमें से 5 हजार रुपए पहले ही दिए जा चुके थे, जबकि शेष 4 हजार रुपए देने थे।
रिश्वत लेते ही एसीबी ने दबोचा
शिकायत मिलने के बाद SV&ACB ने मामले की गोपनीय जांच की। आरोप सही पाए जाने पर ट्रैप की योजना बनाई गई। शिकायतकर्ता को निर्धारित रकम देकर कोसली तहसील कार्यालय भेजा गया।
जैसे ही शिकायतकर्ता ने पटवारी को 4 हजार रुपए दिए, पहले से मौके पर मौजूद एसीबी टीम ने उसे रिश्वत की रकम के साथ रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई से तहसील कार्यालय में हड़कंप मच गया।
हाल ही में जॉइन की थी नौकरी
जानकारी के अनुसार आरोपी पुनीत कुमार कोसली निवासी एक ऑटो चालक का बेटा है। ट्रेनिंग पूरी करने के बाद उसने हाल ही में पटवारी के रूप में नौकरी जॉइन की थी। नौकरी लगने के बाद ही उसकी शादी हुई थी। उसकी पत्नी एक निजी स्कूल में अध्यापिका हैं।
बताया जा रहा है कि उसने फ्री कोचिंग के जरिए परीक्षा पास कर सरकारी नौकरी हासिल की थी और वह रोजाना साइकिल से ड्यूटी पर जाता था।
परिवार की स्थिति जानकर लोग भी हैरान
स्थानीय लोगों के अनुसार आरोपी के पिता लंबे समय से बीमार रहते हैं, जबकि उसकी मां मूक-बधिर हैं। आसपास के लोगों का कहना है कि वह बेहद सादगी से जीवन जीता था। ऐसे में रिश्वत लेते हुए गिरफ्तारी की खबर से इलाके के लोग भी हैरान हैं।
Akhil Mahajan