हरियाणा पुलिस की कस्‍टडी से भागा युवक चिट्टा खरीदने पंजाब जा पहुंचा, आईफोन आौर बाइक की चोरी

कुरुक्षेत्र में कैदी वार्ड से फरार हवालाती 11 दिन बाद पकड़ा गया। चिट्टे की तलब में पंजाब पहुंचा, iPhone और बाइक चोरी कर गांव लौटते समय गिरफ्तार हुआ।

हरियाणा पुलिस की कस्‍टडी से भागा युवक चिट्टा खरीदने पंजाब जा पहुंचा,  आईफोन आौर बाइक की चोरी

कुरुक्षेत्र में कैदी वार्ड से भागा हवालाती 11 दिन बाद गिरफ्तार
चिट्टे की तलब में पंजाब पहुंचा, iPhone और बाइक चुराकर नशा किया
गांव लौटते ही CIA-1 ने बिछाया जाल, चोरी की बाइक समेत पकड़ा


कुरुक्षेत्र। हरियाणा के कुरुक्षेत्र में सरकारी अस्पताल के कैदी वार्ड से फरार हुआ हवालाती 11 दिन बाद पुलिस के हत्थे चढ़ गया। पूछताछ में उसकी फरारी की ऐसी कहानी सामने आई, जिसमें नशे की तलब के चलते उसने पुलिस को चकमा देने के बाद पंजाब का रुख किया और वहां चिट्टा खरीदने के लिए चोरी की वारदातें कीं। पुलिस के मुताबिक, आरोपी सतिंद्र अस्पताल से भागने के बाद कुरुक्षेत्र रेलवे स्टेशन पहुंचा और ट्रेन से अंबाला होते हुए पंजाब चला गया। लुधियाना पहुंचने के बाद उसने चिट्टा खरीदने के लिए एक दुकान से iPhone चोरी किया। इसके बाद खन्ना में नशे की तलब पूरी करने के लिए बाइक चोरी की और अंबाला पहुंचा। बाद में अपने गांव मंडोखरा लौटकर कपड़े और पैसे लेने की कोशिश कर रहा था, तभी CIA-1 की टीम ने उसे दबोच लिया।

वॉशरूम जाने के बहाने कैदी वार्ड से निकला और हो गया फरार

सतिंद्र को कुरुक्षेत्र पुलिस ने 1 सितंबर को महिला से बालियां झपटने के मामले में गिरफ्तार किया था। पुलिस के अनुसार, उसने ईशरगढ़ गांव में सुंदर देवी के कान से बालियां झपटीं और भाग निकला था। ग्रामीणों ने उसका पीछा किया और शाहाबाद बाजार में उसे पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया था।

गिरफ्तारी के बाद सतिंद्र को जिला जेल भेज दिया गया। पुलिस के मुताबिक, 3-4 सितंबर की रात उसने जेल में फंदा लगाकर सुसाइड की कोशिश की। हालत बिगड़ने पर उसे LNJP सिविल अस्पताल लाया गया। डॉक्टरों ने उसकी शारीरिक और मानसिक स्थिति को देखते हुए उसे कैदी वार्ड में भर्ती कर दिया।

इसके बाद 5 सितंबर सुबह करीब 6 बजे सतिंद्र ने पुलिस गार्द से वॉशरूम जाने की बात कही। गार्द उसे वॉशरूम की तरफ लेकर गया। वहां उसने वाटर कूलर से पानी भरने की बात कही। इसी दौरान वह पुलिस गार्द को चकमा देकर फरार हो गया। वह तेजी से इमरजेंसी गेट की तरफ से अस्पताल से बाहर निकल गया।

फरारी के बाद सीधे पंजाब पहुंचा

पुलिस पूछताछ में सतिंद्र ने बताया कि अस्पताल से भागने के बाद वह कुरुक्षेत्र रेलवे स्टेशन पहुंचा। वहां से ट्रेन पकड़कर अंबाला आया। कुछ देर रुकने के बाद उसने पंजाब जाने वाली ट्रेन पकड़ ली। उसे डर था कि अगर वह रेलवे स्टेशन से बाहर निकला तो पुलिस उसे पकड़ सकती है।

इसके बाद वह लुधियाना पहुंचा। रेलवे स्टेशन से बाहर निकलने के बाद रात गुजारने के लिए वह पास के एक पार्क में चला गया। दिन के समय आसपास घूमता रहता और अंधेरा होने पर पार्क में लौटकर सो जाता था।

जेब खाली थी, चिट्टे की तलब लगी तो iPhone चुराया

लुधियाना में रहने के दौरान सतिंद्र को चिट्टे की तलब लगी, लेकिन उसके पास पैसे नहीं थे। पुलिस के मुताबिक, नशे की जरूरत और पकड़े जाने के डर के बीच उसने चोरी का रास्ता अपनाया।

पार्क के पास एक गली में उसे एक दुकान दिखाई दी। वह दुकान पर पहुंचा और मौका मिलते ही दुकानदार का iPhone उठाकर भाग गया। फोन बेचने से मिले पैसों से उसने चिट्टा खरीदा। इसके बाद वह वापस पार्क में पहुंचा, रात को नशा किया और वहीं सो गया।

पुलिस के मुताबिक, अगले 2-3 दिन इसी तरह गुजर गए।

नशा खत्म हुआ तो बिगड़ी हालत, अस्पताल में भी भागा

जब नशा खत्म हो गया तो सतिंद्र की हालत बिगड़ने लगी। पुलिस के अनुसार, वह दिन में दोबारा चोरी करने के लिए निकला था, लेकिन रास्ते में बेहोश होकर गिर पड़ा। आसपास के लोगों ने उसे अस्पताल पहुंचाया।

वहां करीब 2-3 दिन उसका इलाज चला। तबीयत सुधरने के बाद उसे दोबारा पकड़े जाने का डर सताने लगा। पुलिस के मुताबिक, इसी डर के कारण वह वहां से भी फरार हो गया।

खन्ना में बाइक चोरी कर अंबाला पहुंचा

अस्पताल से निकलने के बाद सतिंद्र ट्रेन से खन्ना पहुंचा। वहां वह एक दिन रुका। इसके बाद फिर से नशे की तलब लगी तो उसने एक बाइक चोरी कर ली। बाइक लेकर वह अंबाला पहुंचा।

अंबाला में उसने एक जानकार से चिट्टा खरीदा। इसके बाद उसने अपने गांव लौटने की तैयारी शुरू कर दी। उसका इरादा मंडोखरा गांव जाकर कपड़े और पैसे लेने का था।

पुलिस को पहले से था गांव लौटने का अंदेशा

कुरुक्षेत्र CIA-1 के इंचार्ज प्रतीक कुमार के अनुसार, 1 सितंबर को बालियां झपटने के बाद पूछताछ में सतिंद्र ने बताया था कि वारदात के बाद वह शाहाबाद, बाबैन और अंबाला में छिपता रहा था।

इसके बाद पुलिस टीम ने इन स्थानों के साथ-साथ उसके गांव और घर पर भी नजर रखनी शुरू कर दी। पुलिस को अंदेशा था कि फरार होने के बाद वह किसी न किसी समय अपने घर जरूर आएगा।

इसी आधार पर ASI गिरीवर शर्मा की टीम ने गांव की ओर जाने वाले रास्तों पर निगरानी बढ़ा दी और जाल बिछाया।

पंजाब नंबर की बाइक दिखी तो पुलिस ने दबोचा

पुलिस को गांव की तरफ जाते समय ईशरगढ़ पुल के पास पंजाब नंबर की बाइक दिखाई दी। पुलिस टीम ने संदिग्ध को रोककर जांच की तो उसकी पहचान सतिंद्र के रूप में हुई। इसके बाद टीम ने उसे काबू कर लिया।

पुलिस ने उसके पास से चोरी की बाइक भी बरामद कर ली। पुलिस के मुताबिक, पहचान छिपाने के लिए सतिंद्र ने अपने बाल और दाढ़ी कटवा ली थी

पहले से दर्ज हैं 10 आपराधिक मामले

पुलिस के अनुसार, सतिंद्र पर कुरुक्षेत्र और करनाल में चोरी, छीनाझपटी, लड़ाई-झगड़े और मारपीट के 10 केस दर्ज हैं। पुलिस का कहना है कि नशे की लत के चलते वह लगातार वारदात करता रहा।

अब पुलिस उसकी फरारी के दौरान पंजाब में की गई चोरी की वारदातों और वहां उसके संपर्कों से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही है। उसके द्वारा iPhone चोरी करने और खन्ना से बाइक चोरी करने की बताई गई घटनाओं को भी जांच में शामिल किया जा रहा है।

11 दिन की फरारी के बाद गांव लौटते ही गिरफ्तारी

कैदी वार्ड से फरार होने के बाद सतिंद्र ने पुलिस से बचने के लिए पहले ट्रेन और फिर चोरी के साधनों का सहारा लिया। लुधियाना में पार्क को ठिकाना बनाया, नशे की तलब पूरी करने के लिए iPhone चोरी किया और बाद में खन्ना से बाइक चोरी कर अंबाला पहुंचा। आखिरकार जब वह अपने गांव मंडोखरा लौटने की कोशिश कर रहा था, तो पुलिस की पहले से तैयार निगरानी उसके लिए भारी पड़ गई।

CIA-1 की टीम ने उसे ईशरगढ़ पुल के पास दबोच लिया और चोरी की बाइक बरामद कर ली। इस तरह कैदी वार्ड से फरार होने के 11 दिन बाद सतिंद्र दोबारा पुलिस की गिरफ्त में आ गया।