विश्नोई गैंग से करनाल विधायक को मिली धमकी, कहा-तुझे और तेरे बेटे को AK-47 से गोलियों से करेंगे छलनी
करनाल विधायक जगमोहन आनंद और उनके बेटे को डाक से जान से मारने की धमकी मिली। पुलिस ने केस दर्ज कर कई टीमें लगाईं, पत्र में हर्ष एनकाउंटर का जिक्र है।
करनाल विधायक जगमोहन आनंद और उनके बेटे को जान से मारने की धमकी
➤ डाक से पहुंचे पत्र में एक महीने के भीतर हत्या की चेतावनी, खुद को गैंग का एरिया कमांडर बताया
➤ हर्ष एनकाउंटर का जिक्र, विधायक की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर कई टीमें जांच में लगाईं
करनाल: हरियाणा के करनाल से भाजपा विधायक जगमोहन आनंद और उनके बेटे को जान से मारने की धमकी मिलने के बाद पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया है। विधायक के कैंप कार्यालय में 27 अगस्त को डाक के जरिए एक धमकी भरा पत्र पहुंचा। पत्र भेजने वाले ने खुद को लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा बताते हुए एरिया कमांडर बलबीर सिंह होने का दावा किया है। पत्र में विधायक और उनके बेटे को एक महीने के भीतर जान से मारने की धमकी दी गई है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए विधायक ने पुलिस अधिकारियों के साथ मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को भी पत्र भेजकर अपने और परिवार की सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है। शिकायत की प्रतियां हरियाणा के पुलिस महानिदेशक, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (CID) और करनाल के पुलिस अधीक्षक को भी भेजी गई हैं। सिविल लाइन थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर ली है और मामले की जांच के लिए कई पुलिस टीमें लगाई गई हैं।
डाक से आया धमकी भरा पत्र, विधायक और बेटे को निशाना बनाने की बात
विधायक जगमोहन आनंद की ओर से दी गई शिकायत के अनुसार, 27 अगस्त को बलबीर सिंह नाम के व्यक्ति ने डाक के माध्यम से उनके कैंप कार्यालय में पत्र भेजा। पत्र में उनके प्रति अभद्र और आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया है। साथ ही विधायक और उनके पुत्र को जान से मारने की धमकी दी गई है।
पत्र में भेजने वाले ने खुद को लॉरेंस बिश्नोई गैंग का एरिया कमांडर बताया है। हालांकि पुलिस अब इस दावे की भी जांच कर रही है कि पत्र भेजने वाले का वास्तव में किसी आपराधिक गिरोह से कोई संबंध है या नहीं। पुलिस पत्र की भाषा, उसमें किए गए दावों, इसे भेजने वाले व्यक्ति और पत्र को पोस्ट किए जाने की जगह सहित सभी पहलुओं को खंगाल रही है।
धमकी में विधायक और उनके बेटे को निशाना बनाने की बात कही गई है। पत्र में AK-47 से गोली मारने जैसी गंभीर धमकी भी दी गई है। इसके अलावा पत्र में हर्ष की मौत का बदला लेने की बात लिखे जाने की जानकारी सामने आई है।
विधायक ने मुख्यमंत्री से मांगी सुरक्षा
धमकी भरा पत्र मिलने के बाद विधायक जगमोहन आनंद ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को पत्र भेजा। उन्होंने अपने और परिवार की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
विधायक ने पुलिस और खुफिया तंत्र के अधिकारियों से मामले में तत्काल कार्रवाई करने का आग्रह किया। शिकायत की प्रतियां डीजीपी, एडीजीपी (CID) और करनाल एसपी को भी भेजी गई हैं। पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद मामले को दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
हर्ष एनकाउंटर का पत्र में क्यों किया गया जिक्र?
विधायक को धमकी ऐसे समय मिली है, जब करनाल में बीरू वाल्मीकि हत्याकांड और उसके बाद हुए हर्ष-बीरबल एनकाउंटर को लेकर पहले से विवाद चल रहा है। इसी घटनाक्रम के बीच विधायक जगमोहन आनंद भी निशाने पर रहे हैं।
5 अगस्त को करनाल में बीरू वाल्मीकि की गोली मारकर हत्या की गई थी। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की। 6 अगस्त की रात पुलिस की हर्ष और बीरबल से मुठभेड़ हुई, जिसमें दोनों की मौत हो गई। पुलिस का दावा था कि दोनों बीरू हत्याकांड में शामिल संदिग्ध शूटर थे।
हर्ष-बीरबल एनकाउंटर के बाद रोड़ समाज की ओर से पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए गए और निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर विरोध भी हुआ। इसी मुद्दे को लेकर विधायक जगमोहन आनंद के खिलाफ भी नाराजगी सामने आई थी। अब धमकी पत्र में हर्ष की मौत का जिक्र होने के बाद पुलिस इस पहलू को भी जांच में शामिल कर रही है। हालांकि धमकी देने वाले व्यक्ति का हर्ष-बीरबल एनकाउंटर से कोई सीधा संबंध है या नहीं, यह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
एनकाउंटर की जांच के लिए SIT भी कर रही जांच
हर्ष और बीरबल की पुलिस मुठभेड़ को लेकर बढ़े विवाद के बाद सरकार ने मामले की जांच स्टेट क्राइम ब्रांच की SIT से कराने का फैसला लिया है। एडीजीपी लॉ एंड ऑर्डर आईपीएस संजय कुमार की अध्यक्षता में गठित टीम ने जांच शुरू कर दी है।
SIT ने 27 अगस्त को गोगड़ीपुर के पास एनकाउंटर स्थल का मौका मुआयना किया। टीम ने घटनास्थल के आसपास के क्षेत्र, भौतिक साक्ष्यों, गोलियों के निशान और अन्य पहलुओं का निरीक्षण किया, ताकि पुलिस की ओर से बताए गए घटनाक्रम की जांच की जा सके।
पुलिस ने कई टीमें लगाईं, धमकी देने वाले की तलाश
करनाल एसपी नरेंद्र बिजारणिया ने बताया कि विधायक की ओर से शिकायत मिली है। शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है और कई पुलिस टीमों को जांच में लगाया गया है। पुलिस धमकी देने वाले व्यक्ति तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि पत्र वास्तव में किसने भेजा, इसे कहां से पोस्ट किया गया और धमकी देने वाले व्यक्ति का किसी आपराधिक गिरोह से कोई संबंध है या नहीं। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि किसी भी स्थिति में शहर का माहौल खराब नहीं होने दिया जाएगा।
फिलहाल करनाल पुलिस धमकी पत्र की जांच के साथ-साथ हर्ष-बीरबल एनकाउंटर से जुड़े घटनाक्रम को भी ध्यान में रखकर आगे बढ़ रही है। धमकी देने वाला व्यक्ति वास्तव में कौन है और उसका किसी गैंग से संबंध है या नहीं, इसका पता पुलिस जांच के बाद ही चल पाएगा।
Akhil Mahajan