करनाल हर्ष एनकाउंटर की अब ADGP करेंगे जांच, प्रदर्शन से पहले सरकार का बड़ा फैसला

करनाल हर्ष एनकाउंटर मामले की जांच ADGP संजय कुमार के नेतृत्व में होगी। 24 अगस्त के प्रदर्शन से पहले सरकार ने जांच के आदेश जारी किए हैं।

करनाल हर्ष एनकाउंटर की अब ADGP करेंगे जांच, प्रदर्शन से पहले सरकार का बड़ा फैसला

हर्ष एनकाउंटर की जांच ADGP संजय कुमार के नेतृत्व में होगी
13 अगस्त के सीएम आश्वासन के बाद पुलिस विभाग ने जारी किए आदेश
24 अगस्त के प्रदर्शन से पहले रोड़ समाज को मिला जांच का भरोसा


हरियाणा के करनाल में बीरु वाल्मीकि हत्याकांड के बाद हुई पुलिस मुठभेड़ में हर्ष और कैथल के बीरबल की मौत के मामले की अब वरिष्ठ स्तर पर जांच होगी। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने का जो आश्वासन रोड़ समाज के प्रतिनिधिमंडल को दिया था, उसे आगे बढ़ाते हुए सरकार ने जांच की जिम्मेदारी अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) संजय कुमार के नेतृत्व में कराने का फैसला लिया है। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद पुलिस विभाग की ओर से इसके आदेश जारी कर दिए गए हैं। बुधवार सुबह समाज के प्रधान की तरफ से जांच के आदेश का पत्र भी जारी किया गया।

बीरु वाल्मीकि की हत्या के बाद करनाल में पुलिस कार्रवाई के दौरान हुई मुठभेड़ में करनाल के हर्ष और कैथल के बीरबल की मौत हो गई थी। इस पुलिस कार्रवाई के बाद अलग-अलग वर्गों की ओर से सवाल उठाए गए थे। कुछ लोगों ने इसे कथित तौर पर फर्जी मुठभेड़ बताते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की थी। मामले को लेकर रोड़ समाज की ओर से भी लगातार आवाज उठाई जा रही थी।

13 अगस्त को सीएम से हुई थी मुलाकात

इसी मांग को लेकर 13 अगस्त को रोड़ समाज का एक प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से मिला था। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री के सामने पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष और स्वतंत्र जांच कराने की मांग रखी थी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया था कि 15 अगस्त के बाद जल्द ही मामले में उचित कार्रवाई की जाएगी।

अब सरकार ने इस मामले की जांच का जिम्मा वरिष्ठ अधिकारी को सौंप दिया है। पुलिस विभाग की ओर से जारी आदेशों के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि हर्ष एनकाउंटर से जुड़े घटनाक्रम की अब वरिष्ठ स्तर पर पड़ताल की जाएगी।

डीजीपी ने जारी किए जांच से जुड़े आदेश

हरियाणा के डीजीपी अजय सिंघल की ओर से जारी आदेश की प्रति संबंधित अधिकारियों को भेजी गई है। इसमें IG क्राइम, हरियाणा को निर्देश दिए गए हैं कि वह किसी अधिकारी या कर्मचारी को नियुक्त कर जिला पुलिस करनाल से केस की पूरी फाइल और रिकॉर्ड हासिल करवाएं।

वहीं, करनाल के SP को निर्देश दिया गया है कि वह केस से संबंधित पूरी फाइल और अन्य रिकॉर्ड स्टेट क्राइम ब्रांच द्वारा नियुक्त अधिकारी को सौंपें, ताकि आगे की जांच की जा सके। आदेश की प्रतियां ADGP लॉ एंड ऑर्डर, IG क्राइम हरियाणा, IG करनाल रेंज, SP करनाल और OSD to DGP हरियाणा को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजी गई हैं।

संजय कुमार के नेतृत्व में होगी पूरे मामले की पड़ताल

सरकार ने अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक कानून एवं व्यवस्था संजय कुमार को जांच की जिम्मेदारी दी है। पुलिस विभाग में संजय कुमार की गिनती ईमानदार और सख्त अधिकारियों में होती है। कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में उनका अनुभव भी माना जाता है। ऐसे में सरकार के इस फैसले के बाद पुलिस कार्रवाई को लेकर उठे सवालों की गंभीरता से जांच होने की उम्मीद है।

जांच के दौरान मुठभेड़ से जुड़े सभी पहलुओं को देखा जाएगा। पुलिस कार्रवाई किन परिस्थितियों में हुई, घटनाक्रम किस तरह आगे बढ़ा और उससे जुड़े तथ्य क्या हैं, इन सभी बिंदुओं की पड़ताल की जाएगी। जांच के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर सामने आ सकेगी।

24 अगस्त को प्रदर्शन का किया था ऐलान

हर्ष एनकाउंटर मामले को लेकर रोड़ समाज ने मंगलवार को रोड़ धर्मशाला में महापंचायत का आयोजन किया था। इसमें समाज के लोगों ने मुख्यमंत्री के प्रति नाराजगी जाहिर करते हुए एक कमेटी का गठन किया था। कमेटी ने निर्णय लिया था कि 24 अगस्त को पूरे हरियाणा से रोड़ समाज के लोग करनाल की धर्मशाला में एकत्रित होंगे और रोड़ धर्मशाला से जिला सचिवालय तक प्रदर्शन करेंगे।

समाज की ओर से जिला सचिवालय पहुंचकर डीसी के नाम राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपने की बात कही गई थी, ताकि हर्ष को इंसाफ मिल सके। प्रदर्शन की तैयारी के बीच देर रात डीजीपी की ओर से मामले की जांच के आदेश ADGP संजय कुमार को सौंप दिए गए। अब संजय कुमार के नेतृत्व में पूरे मामले की जांच की जाएगी।

इस फैसले को हर्ष एनकाउंटर मामले में उठाए जा रहे सवालों के बीच सरकार की ओर से उठाए गए महत्वपूर्ण कदम के तौर पर देखा जा रहा है। अब जांच में सामने आने वाले तथ्यों से ही स्पष्ट होगा कि मुठभेड़ किन परिस्थितियों में हुई और पूरे घटनाक्रम में वास्तविक स्थिति क्या थी।