हरियाणा में आधी रात को भूकंप के झटके, दिल्ली-एनसीआर में दहशत
हरियराणा में आधी रात को आए भूकंप के झटकों से दिल्ली-एनसीआर और उत्तर भारत दहल उठा। हिंदूकुश क्षेत्र में केंद्रित यह भूकंप रिक्टर स्केल पर काफी अधिक बताया जा रहा है। हालांकि, किसी तरह के जानी नुकसान की सूचना नहीं है।
- गुरुग्राम समेत दिल्ली-एनसीआर और कई राज्यों में आधी रात को भूकंप के झटके
- हिंदूकुश क्षेत्र था भूकंप का केंद्र, रिक्टर स्केल पर काफी रही तीव्रता
- किसी तरह के जानी नुकसान की सूचना नहीं, प्रशासन सतर्क
आधी रात को गुरुग्राम में लोगों ने अचानक धरती को हिलते हुए महसूस किया। झटके लगते ही लोग घरों से बाहर निकल आए और दहशत का माहौल बन गया। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी (NCS) ने जानकारी दी है कि इस भूकंप का केंद्र अफगानिस्तान-पाकिस्तान बॉर्डर के पास हिंदूकुश क्षेत्र में था और इसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर दर्ज की गई।
भूकंप के झटके न सिर्फ दिल्ली-एनसीआर, बल्कि जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड तक महसूस किए गए। हालांकि, राहत की बात यह है कि अभी तक किसी तरह के जानी नुकसान की खबर नहीं है।
गुरुग्राम जिला प्रशासन ने बताया कि आपदा प्रबंधन की टीमें पूरी तरह सतर्क हैं और हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि हिंदूकुश क्षेत्र भूकंपीय गतिविधियों के लिहाज से बेहद संवेदनशील माना जाता है और यहाँ से झटकों का असर उत्तर भारत में अक्सर महसूस होता है।
पिछले दो महीनों के दौरान हरियाणा में कई बार भूकंप के झटके महसूस किए जा चुके हैं।
-
27 जून को महेंद्रगढ़ जिले में 2.8 तीव्रता का भूकंप आया था।
-
10 जुलाई को सुबह 9:05 बजे झज्जर केंद्रित 4.4 तीव्रता के झटके महसूस हुए।
-
11 जुलाई को शाम 7:49 बजे फिर झज्जर में 3.7 तीव्रता का भूकंप आया।
-
16-17 जुलाई की रात रोहतक में 3.6 तीव्रता के झटके महसूस हुए।
-
17 जुलाई दोपहर 12:34 बजे झज्जर में 2.5 तीव्रता का भूकंप आया।
-
22 जुलाई को फरीदाबाद में सुबह 6 बजे 3.2 तीव्रता का भूकंप दर्ज हुआ।
-
10 अगस्त को झज्जर में 3.1 तीव्रता के झटके लगे।
लगातार भूकंपीय गतिविधियों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। विशेषज्ञ सलाह दे रहे हैं कि लोग किसी भी तरह की आपात स्थिति के लिए हमेशा सतर्क और तैयार रहें।
Akhil Mahajan