लॉर्ड्स में हरियाणा के छोरे का जलवा: रणवीर दांगी को मिला ‘यंग अचीवर्स अवॉर्ड’, 114 रन की पारी से बनाई पहचान

रोहतक के गांव मदीना निवासी युवा क्रिकेटर रणवीर दांगी को लंदन के ऐतिहासिक लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर यंग अचीवर्स अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। रणवीर ने MCC फाउंडेशन हब की ओर से खेलते हुए पिछले सीजन में 114 रन बनाए थे।

लॉर्ड्स में हरियाणा के छोरे का जलवा:  रणवीर दांगी को मिला ‘यंग अचीवर्स अवॉर्ड’, 114 रन की पारी से बनाई पहचान

MCC फाउंडेशन हब की ओर से खेलते हुए पिछले सीजन में बनाए थे 114 रन

लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर MCC अध्यक्ष एड स्मिथ ने रणवीर को किया सम्मानित

10वीं कक्षा में पढ़ रहे रणवीर चार साल से पढ़ाई के साथ क्रिकेट में संवार रहे भविष्य


हरियाणा के रोहतक जिले के गांव मदीना के युवा क्रिकेटर रणवीर दांगी ने लंदन में अपनी शानदार क्रिकेट प्रतिभा से प्रदेश और देश का नाम रोशन किया है। लंदन में पढ़ाई के साथ क्रिकेट खेल रहे रणवीर को ऐतिहासिक लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर यंग अचीवर्स अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। पिछले सीजन में MCC फाउंडेशन हब की ओर से खेलते हुए 114 रन की शानदार पारी खेलने वाले रणवीर को यह प्रतिष्ठित सम्मान लॉर्ड्स में खेले गए महिला क्रिकेट टेस्ट मैच के दौरान MCC के अध्यक्ष एड स्मिथ ने प्रदान किया।

रणवीर मूल रूप से रोहतक के गांव मदीना के रहने वाले हैं। वह पिछले काफी समय से अपने पिता धीरेंद्र दांगी और परिवार के साथ लंदन में रहकर पढ़ाई कर रहे हैं। पढ़ाई के साथ-साथ रणवीर क्रिकेट में भी लगातार आगे बढ़ रहे हैं और पिछले चार वर्षों से MCC फाउंडेशन हब की ओर से खेल रहे हैं।

17 प्रतिभाशाली स्कूली खिलाड़ियों में शामिल हुए रणवीर

यंग अचीवर्स अवॉर्ड के लिए उन स्कूली क्रिकेटरों को चुना गया, जिन्होंने पिछले सीजन में MCC यानी मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब के खिलाफ 100 या उससे अधिक रन बनाए या पांच विकेट लेने की उपलब्धि हासिल की। इस उपलब्धि के आधार पर सम्मानित किए गए 17 स्कूली खिलाड़ियों में रणवीर दांगी भी शामिल रहे।

रणवीर ने पिछले सीजन में MCC फाउंडेशन हब की ओर से खेलते हुए 114 रन की शानदार पारी खेली थी। इसी प्रदर्शन ने उन्हें युवा प्रतिभाओं की विशेष सूची में जगह दिलाई और अंततः क्रिकेट के सबसे प्रतिष्ठित मैदानों में शामिल लॉर्ड्स पर सम्मान पाने का अवसर मिला।

MCC फाउंडेशन हब से युवा खिलाड़ियों को मिलता है आगे बढ़ने का मंच

MCC फाउंडेशन हब युवा क्रिकेटरों को अपनी प्रतिभा निखारने और क्रिकेट में आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करता है। इस व्यवस्था से जुड़े कई खिलाड़ी आगे चलकर काउंटी क्रिकेट और उच्च स्तर की क्रिकेट तक पहुंच चुके हैं।

देशभर में संचालित हब की टीमें गर्मियों के दौरान नॉकआउट मुकाबलों में हिस्सा लेती हैं। इन मुकाबलों के जरिए युवा खिलाड़ियों को प्रतिस्पर्धी क्रिकेट का अनुभव मिलता है और बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों के लिए आगे बढ़ने के रास्ते खुलते हैं। रणवीर भी इसी मंच के जरिए लगातार अपनी क्रिकेट प्रतिभा को निखार रहे हैं।

चार साल से क्रिकेट खेल रहे रणवीर, पढ़ाई पर भी पूरा ध्यान

रणवीर के पिता धीरेंद्र दांगी के अनुसार, उनका बेटा पिछले चार वर्षों से MCC फाउंडेशन हब की ओर से क्रिकेट खेल रहा है। वह इस समय 10वीं कक्षा में पढ़ रहा है और पढ़ाई के साथ क्रिकेट को भी पूरा समय दे रहा है।

कम उम्र में लॉर्ड्स जैसे ऐतिहासिक क्रिकेट मैदान पर सम्मान हासिल करना रणवीर के क्रिकेट सफर की बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। परिवार के लिए भी यह गर्व का क्षण है कि हरियाणा के एक गांव से जुड़ा युवा खिलाड़ी विदेश में अपनी प्रतिभा के दम पर पहचान बना रहा है।

रोहतक के जाट स्कूल में पढ़े पिता, 2005 में पहुंचे थे लंदन

रणवीर के पिता धीरेंद्र दांगी ने रोहतक के जाट स्कूल से शिक्षा ग्रहण की थी। उन्होंने बताया कि स्कूल के दिनों में उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि भविष्य में उनका परिवार लंदन में रहेगा। पढ़ाई और परिस्थितियों के साथ जीवन ने नया मोड़ लिया और वर्ष 2005 में वह लंदन चले गए

अब उनका बेटा रणवीर लंदन में पढ़ाई करते हुए क्रिकेट के मैदान पर अपनी पहचान बना रहा है। लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर मिला सम्मान परिवार के साथ-साथ गांव मदीना और रोहतक के लिए भी गौरव का अवसर बन गया है।

क्रिकेट के नियमों से जुड़ा है ऐतिहासिक MCC का नाम

मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब (MCC) दुनिया के सबसे प्रसिद्ध और प्रभावशाली क्रिकेट क्लबों में शामिल है। इसकी स्थापना 1787 में हुई थी और इसका मुख्यालय लंदन के ऐतिहासिक लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड में है, जिसे दुनियाभर में ‘क्रिकेट का घर’ कहा जाता है। MCC का क्रिकेट के नियमों के विकास और संरक्षण में ऐतिहासिक योगदान रहा है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद यानी ICC के गठन से पहले MCC की क्रिकेट प्रशासन में महत्वपूर्ण भूमिका थी। आज भी क्रिकेट के नियमों के संरक्षण और उनमें समय-समय पर बदलाव की जिम्मेदारी MCC से जुड़ी हुई है।