राहुल अहंकारी, दीपेंद्र कांग्रेस छोड़ें! जेपी दलाल की दो टूक

भिवानी में जेपी दलाल ने राहुल गांधी पर हमला बोला और दीपेंद्र हुड्डा को कांग्रेस छोड़ने की नसीहत दी। SIR और वोट चोरी पर भी कांग्रेस को घेरा।

राहुल अहंकारी, दीपेंद्र कांग्रेस छोड़ें! जेपी दलाल की दो टूक

➤ राहुल गांधी को अहंकारी बताते हुए जेपी दलाल ने कांग्रेस पर साधा निशाना
➤ दीपेंद्र हुड्डा से कहा- स्वाभिमान है तो कांग्रेस छोड़ दें, राहुल गांधी पर लगाया अपमान का आरोप
➤ वोट चोरी और SIR के मुद्दे पर बोले- कांग्रेस के 5 सांसद और 37 विधायक इस्तीफा देकर मैदान में आएं


भिवानी पहुंचे हरियाणा के पूर्व कृषि मंत्री जेपी दलाल ने कांग्रेस के वोट चोरी और SIR अभियान को लेकर पार्टी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को अहंकारी बताते हुए आरोप लगाया कि वह बार-बार चुनावी हार को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं और अपनी हार को गलत साबित करने के लिए विदेशी ताकतों का सहारा लेने जैसे मुद्दे उठा रहे हैं। जेपी दलाल ने कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा को भी नसीहत देते हुए कहा कि अगर उनके साथ सम्मानजनक व्यवहार नहीं हो रहा है तो उन्हें कांग्रेस छोड़ देनी चाहिए।

जेपी दलाल भिवानी स्थित अपने आवास पर पहुंचे थे। यहां उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों और आम लोगों से मुलाकात की। इसके बाद मीडिया से बातचीत में उन्होंने कांग्रेस की ओर से SIR और वोट चोरी को लेकर चलाए जा रहे अभियान पर अपनी प्रतिक्रिया दी और कई मुद्दों पर कांग्रेस नेतृत्व को घेरा।

वोट चोरी और SIR के मुद्दे पर कांग्रेस को घेरा

कांग्रेस के वोट बचाओ, देश बचाओ अभियान को लेकर जेपी दलाल ने कहा कि CEC ज्ञानेश कुमार और SIR अब सामने आए हैं, जबकि कांग्रेस कई राज्यों में पिछले करीब 40 वर्षों से चुनावी हार का सामना कर रही है। उन्होंने कहा कि बार-बार चुनाव हारने के बाद राहुल गांधी अपनी हार को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं।

जेपी दलाल ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी अपनी लगातार हार को बेमानी साबित करने के लिए विदेशी ताकतों का सहारा ले रहे हैं। उन्होंने कांग्रेस के वोट चोरी के आरोपों को भी बेबुनियाद बताया और कहा कि इन मुद्दों के जरिए जनता के बीच भ्रम पैदा करने की कोशिश की जा रही है।

राहुल गांधी को बताया अहंकारी

राहुल गांधी के उस बयान पर भी जेपी दलाल ने प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, CEC ज्ञानेश कुमार और मोहन भागवत को लेकर सख्त रुख अपनाने की बात कही थी।

जेपी दलाल ने राहुल गांधी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वह खुद को राजकुमार मानकर लोकतांत्रिक भाषा के बजाय राजशाही वाली भाषा बोलते हैं। उन्होंने कहा कि भारत में राजशाही नहीं बल्कि लोकतंत्र है और राहुल गांधी की ऐसी मंशा कभी पूरी नहीं होगी।

पूर्व मंत्री ने राहुल गांधी के व्यवहार को लेकर भी सवाल उठाए और आरोप लगाया कि वह अपने ही नेताओं की बेइज्जती करते हैं।

दीपेंद्र हुड्डा को कांग्रेस छोड़ने की नसीहत

दिल्ली में कांग्रेस के प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी और सांसद दीपेंद्र हुड्डा से जुड़ी वायरल वीडियो का जिक्र करते हुए जेपी दलाल ने राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी को दूसरों की बेइज्जती करने में आनंद आता है।

जेपी दलाल ने कहा कि दीपेंद्र हुड्डा स्वाभिमानी कौम से हैं, इसलिए उन्हें कांग्रेस छोड़ देनी चाहिए। उनके इस बयान के बाद हरियाणा की राजनीति में कांग्रेस के अंदर नेतृत्व और सम्मान को लेकर नई राजनीतिक बहस छिड़ने की संभावना है।

कांग्रेस के 5 सांसद और 37 विधायक इस्तीफा दें: दलाल

हरियाणा में कांग्रेस के वोट बचाओ, देश बचाओ अभियान पर भी जेपी दलाल ने सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि हरियाणा में कांग्रेस के पांच सांसद और 37 विधायक हैं। अगर कांग्रेस को लोकतंत्र की व्यवस्था पर भरोसा नहीं है तो उसके सभी सांसद और विधायक इस्तीफा देकर जनता के बीच दोबारा मैदान में आएं।

जेपी दलाल ने कहा कि इसके बाद पता चल जाएगा कि जनता किसके साथ खड़ी है। उन्होंने कांग्रेस के उस बयान पर भी निशाना साधा, जिसमें पोस्टल बैलेट में जीत और EVM में हार को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस झूठ बोलकर जनता में भ्रम फैलाना चाहती है और इसके अलावा उसके पास कहने के लिए कुछ नहीं है।

SIR और वोट चोरी पर सियासी घमासान

फिलहाल SIR और वोट चोरी का मुद्दा सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच राजनीतिक टकराव का कारण बना हुआ है। कांग्रेस जहां चुनावी प्रक्रिया और मतदाता सूची को लेकर सवाल उठा रही है, वहीं भाजपा नेता इन आरोपों को खारिज करते हुए कांग्रेस की चुनावी हार पर सवाल उठा रहे हैं।

इसी राजनीतिक माहौल के बीच जेपी दलाल ने दीपेंद्र हुड्डा को कांग्रेस छोड़ने की नसीहत देकर हरियाणा की राजनीति में एक नया मुद्दा उठा दिया है। अब इस बयान पर कांग्रेस नेताओं की प्रतिक्रिया सामने आने के बाद प्रदेश की सियासत में आरोप-प्रत्यारोप और तेज होने की संभावना है।