हरियाणा पुलिस ने दिग्विजय चौटाला, राहुल फाजिलपुरिया समेत कई नेताओं की सुरक्षा हटाई
हरियाणा पुलिस ने समीक्षा प्रक्रिया के बाद जजपा नेताओं दिग्विजय चौटाला, राहुल फाजिलपुरिया समेत चार नेताओं की सुरक्षा वापस ले ली। धमकियों और हमलों के बाद दी गई सुरक्षा अब हटाई गई।
➤ हरियाणा में पुलिस ने जजपा के दिग्विजय चौटाला, राहुल फाजिलपुरिया समेत चार नेताओं की सिक्योरिटी वापस ली
➤ धमकियों और हमलों के बाद मिली सुरक्षा, अब प्रक्रिया समीक्षा के बाद हटाई गई
➤ पुलिस महानिदेशक के बयान पर दुष्यंत चौटाला की प्रतिक्रिया भी मानी जा रही कारणों में शामिल
हरियाणा में कानून-व्यवस्था से जुड़े एक महत्वपूर्ण फैसले के तहत पुलिस विभाग ने जननायक जनता पार्टी (जजपा) के कई नेताओं की सिक्योरिटी वापस ले ली है। यह कदम जजपा के आठवें स्थापना दिवस पर जुलाना में हुई बड़ी रैली के तुरंत बाद सामने आया है। बुधवार को पुलिस ने करीब आधा दर्जन नेताओं की सुरक्षा हटाई, जिनमें कुछ ऐसे भी शामिल हैं जिन्हें जान से मारने की धमकियों और हमलों के बाद सुरक्षा दी गई थी।
पुलिस विभाग के सूत्रों के अनुसार यह कार्रवाई नियमित समीक्षा प्रक्रिया के तहत की गई है, लेकिन राजनीतिक हलकों में इसे हाल ही में दिए गए बयानों से भी जोड़कर देखा जा रहा है। कार्यवाहक पुलिस महानिदेशक ओपी सिंह के कथन—“थार और बुलेट पर चलने वालों का दिमाग सटका हुआ होता है”—पर जजपा नेता दुष्यंत चौटाला ने कड़ी आपत्ति जताई थी। चौटाला ने केंद्रीय गृहमंत्री, राज्यसभा सदस्य और वरिष्ठ नेताओं की बुलेट पर बैठी हुई तस्वीरें साझा करते हुए सवाल उठाया था कि फिर इनके बारे में क्या राय है।
जुलाना रैली में दुष्यंत चौटाला थार में बैठकर पहुंचे थे, जिसे एक महिला कार्यकर्ता चला रही थी। इसी रैली के बाद जजपा यूथ विंग के अध्यक्ष दिग्विजय चौटाला, पूर्व एडीजीपी और दुष्यंत चौटाला के ससुर परमजीत सिंह अहलावत, गायक व नेता राहुल फाजिलपुरिया और सोहना से चुनाव लड़ चुके विनेश गुर्जर की सिक्योरिटी वापस ले ली गई।
राहुल फाजिलपुरिया पर पिछले दिनों फायरिंग हुई थी, जिसके बाद सुरक्षा बढ़ाई गई थी। वहीं दिग्विजय चौटाला को भी जान से मारने की धमकियां मिलने पर सुरक्षा दी गई थी। अब पुलिस विभाग का कहना है कि व्यापक जांच-पड़ताल और प्रक्रिया के तहत सुरक्षा हटाई गई है। हालांकि जजपा की ओर से अब तक इस कार्रवाई पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई है।
Author1