हरियाणा में 15 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी, जानें आपके शहर में मौसम का हाल

हरियाणा में मानसून सक्रिय हो गया है। मौसम विभाग ने कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। डॉ. मदन खीचड़ के मुताबिक 19 सितंबर तक बारिश का दौर जारी रहेगा। हिसार में स्टेट व नेशनल हाईवे डूबे, 20 से अधिक लोगों की मौतें हुई हैं। ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल भी बंद हो गया है।

हरियाणा में 15 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी, जानें आपके शहर में मौसम का हाल

➤ हरियाणा में मानसून पुनः सक्रिय, कई जिलों में बारिश का अलर्ट जारी
➤ हिसार में स्टेट व नेशनल हाईवे डूबे, 20 से अधिक मौतें और 6300 गांवों में फसलें बर्बाद
➤ डॉ. मदन खीचड़ के अनुसार 19 सितंबर तक बारिश की संभावना, 20 सितंबर से मानसून विदाई


हरियाणा में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है और मौसम विभाग (IMD) चंडीगढ़ ने प्रदेश के पंचकूला, अंबाला, कुरुक्षेत्र, यमुनानगर, करनाल, कैथल, जींद, पानीपत, सोनीपत, रोहतक, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद, नूंह और पलवल जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। विभाग के मुताबिक 19 सितंबर तक लगातार बारिश का दौर जारी रहेगा, जबकि 20 सितंबर से मानसून की विदाई संभव है। अब तक मानसून सीजन में सामान्य से 39 प्रतिशत अधिक बारिश हो चुकी है, जिसमें यमुनानगर में सबसे ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई है।

बारिश की वजह से प्रदेश भर में अब तक 20 से अधिक लोगों की जानें चली गई हैं। इनमें अधिकांश मौतें सितंबर महीने में हुई हैं। साथ ही, लगभग 70 से अधिक मकान ध्वस्त हो चुके हैं या उनमें दरारें आ गई हैं। विशेष रूप से हिसार जिले में हालात बेहद गंभीर बने हुए हैं। मंत्री रणबीर गंगवा के गांव गंगवा में हालात में कोई सुधार नहीं आया, जिससे लोग सरपंच पर नाराजगी जता रहे हैं।

बारिश के कारण हिसार में स्टेट व नेशनल हाईवे डूब गए हैं। हिसार से चंडीगढ़, हांसी से बरवाला, हिसार से राजगढ़, हिसार से तोशाम और हिसार से भादरा मार्ग पर भारी जलभराव के कारण कई ग्रामीण रूट डायवर्ट हो चुके हैं। प्रशासनिक टीमें लगातार इन जलभराव वाले क्षेत्रों का निरीक्षण कर रही हैं।

वहीं, नुकसान की भरपाई के लिए खोला गया ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल भी तकनीकी कारणों से बंद हो गया है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, बारिश के कारण प्रदेश में 6300 गांवों में 29 लाख एकड़ से ज्यादा क्षेत्रफल की फसलें तबाह हो चुकी हैं।

मौसम विशेषज्ञ डॉ. मदन खीचड़, चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, हिसार ने बताया कि मानसून ट्रफ श्रीगंगानगर, रोहतक, सियोनी, राजनंदगांव होते हुए उत्तरपूर्व बंगाल की खाड़ी तक बना हुआ है। हिमाचल प्रदेश पर साइक्लोनिक सर्कुलेशन के कारण नमी वाली हवाएं तराई क्षेत्रों की ओर बह रही हैं, जिससे 19 सितंबर तक प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में बारिश की संभावना है। विशेषकर अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, करनाल, कुरुक्षेत्र, कैथल, पानीपत, सोनीपत में आंशिक बादलवाई, हवाओं व गरज चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश के आसार हैं। साथ ही हिसार, फतेहाबाद, सिरसा, भिवानी, चरखी-दादरी, जींद, रोहतक, झज्जर, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, गुरुग्राम, नूंह, फरीदाबाद, पलवल में भी हल्की बारिश की संभावना जताई गई है।

प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और जरूरी सुरक्षा उपाय अपनाने की अपील की है, ताकि भारी बारिश से उत्पन्न समस्याओं से बचा जा सके।