7 हजार की घूस लेते पकड़ा गया सब इंस्पेक्टर, गिरफ्तार
हिसार के एचटीएम थाने में तैनात सब इंस्पेक्टर नेहरा सिंह को सिरसा एसीबी ने 7 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया।
■ एचटीएम थाने का SI रिश्वत लेते गिरफ्तार
■ सिरसा ACB ने 7 हजार रुपए के साथ दबोचा
■ केस में फायदा पहुंचाने के बदले मांगी गई थी घूस
हिसार में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए सिरसा एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की टीम ने एचटीएम थाने में तैनात सब इंस्पेक्टर नेहरा सिंह को 7 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई रविवार दोपहर करीब 3 बजे इंस्पेक्टर सत्यवान के नेतृत्व में की गई। टीम ने थाने के नजदीक चाय की दुकान के पास जाल बिछाकर आरोपी एसआई को पकड़ा और उसकी जेब से रिश्वत की पूरी रकम बरामद कर ली।
जानकारी के अनुसार, यह मामला एक पुराने केस से जुड़ा हुआ है, जिसमें जांच को प्रभावित करने और आरोपी पक्ष को फायदा पहुंचाने के बदले रिश्वत की मांग की गई थी। शिवनगर निवासी सोमनाथ ने एसीबी को शिकायत दी थी कि एसआई नेहरा सिंह उससे पैसे मांग रहा है। शिकायत की पुष्टि होने के बाद एसीबी ने पूरी योजना बनाकर ट्रैप लगाया। जैसे ही आरोपी ने पैसे लिए, टीम ने तुरंत उसे काबू कर लिया।
बताया जा रहा है कि जिस केस में रिश्वत मांगी गई, वह न्यू हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी की रहने वाली मीरा देवी की शिकायत से जुड़ा है। मीरा देवी ने सोमनाथ और शुभम पर धोखाधड़ी, अमानत में खयानत और धमकी देने के गंभीर आरोप लगाए थे। शिकायत के मुताबिक, सोमनाथ ने 70 हजार रुपए के बदले उनके गहने गिरवी रखवाए थे और पैसे लौटाने के बावजूद जेवर वापस नहीं किए। वहीं शुभम पर भी करीब 1.20 लाख रुपए के बदले गहने लेकर उन्हें हड़पने का आरोप है।
मीरा देवी ने यह भी आरोप लगाया था कि जब उन्होंने अपने गहने वापस मांगे तो आरोपियों ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी और उनकी गरीबी व अनपढ़ता का फायदा उठाया। इसी शिकायत के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू की थी।
सूत्रों के अनुसार, इसी केस में आरोपी सोमनाथ को राहत दिलाने और जांच को प्रभावित करने के लिए एसआई नेहरा सिंह ने 7 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। शिकायत मिलने के बाद एसीबी ने सटीक योजना बनाकर आरोपी पुलिसकर्मी को रंगे हाथ पकड़ लिया।
एसीबी अधिकारियों का कहना है कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है और यह भी जांच की जा रही है कि इस मामले में कोई अन्य पुलिसकर्मी या व्यक्ति शामिल है या नहीं। इस कार्रवाई के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। एसीबी ने साफ संकेत दिए हैं कि भ्रष्टाचार के मामलों में आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
Akhil Mahajan