धान घोटाले पर हरियाणा विधानसभा में जोरदार हंगामा, CM सैनी-कांग्रेस आमने-सामने
हरियाणा विधानसभा के बजट सत्र में धान घोटाले को लेकर जोरदार हंगामा हुआ। कांग्रेस विधायक अशोक अरोड़ा ने CBI जांच की मांग की, जबकि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने आरोपों पर पलटवार करते हुए प्रक्रिया को पारदर्शी बताया।
■ धान घोटाले के आरोपों पर सदन में तीखी बहस और नारेबाजी
■ नायब सिंह सैनी बोले- बड़े घोटाले कांग्रेस के समय में हुए
■ अशोक अरोड़ा की मांग- CBI जांच कराओ, आज ही क्लेश खत्म करो
चंडीगढ़। हरियाणा विधानसभा के बजट सत्र के छठे दिन धान घोटाले को लेकर सदन में जबरदस्त हंगामा हुआ। प्रश्नकाल के बाद शून्यकाल में कांग्रेस विधायक अशोक अरोड़ा ने विशेष ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के तहत कथित धान घोटाले का मुद्दा उठाया। जैसे ही चर्चा शुरू हुई, सत्तापक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गए।
अरोड़ा ने कहा कि यह बहुत बड़ा घोटाला है और बिना राजनीतिक संरक्षण के संभव नहीं। कांग्रेस विधायक आदित्य सुरजेवाला ने आरोप लगाया कि यूपी और बिहार के धान के फर्जी गेट पास बन रहे हैं और अवैध बॉर्डर क्रॉसिंग हो रही है। इनेलो विधायक आदित्य देवीलाल ने दावा किया कि हर साल करीब 19 हजार करोड़ रुपए का घोटाला हो रहा है। विधायक बीबी बत्तरा ने सरकार से पूछा कि क्या इसकी जांच CBI से करवाई जाएगी।
CM सैनी का पलटवार
आरोपों का जवाब देने के लिए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी खड़े हुए। उन्होंने कहा कि यदि कहीं खामियां सामने आई हैं तो सरकार ने तुरंत कार्रवाई की है। साथ ही उन्होंने कहा कि बड़े-बड़े घोटाले कांग्रेस के समय में होते थे।
सीएम के इस बयान पर सदन में शोर-शराबा बढ़ गया। अशोक अरोड़ा ने बीच में हस्तक्षेप करते हुए कहा कि अगर कांग्रेस के समय में भी घोटाले हुए तो उनकी भी CBI जांच करवा दो और आज ही सारा क्लेश खत्म कर दो।
इसी दौरान मंत्री रणबीर गंगवा की टिप्पणी पर कांग्रेस विधायकों ने कड़ा विरोध जताया, जिसके बाद माहौल और गर्म हो गया।
स्पीकर को दिखानी पड़ी सख्ती
हंगामे के बीच विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण को व्यवस्था बनाए रखने के लिए हस्तक्षेप करना पड़ा। उन्होंने सदस्यों से मर्यादा में रहकर चर्चा करने की अपील की।
CM बोले- प्रक्रिया पारदर्शी, नीयत साफ
सीएम सैनी ने कहा कि भविष्य में गड़बड़ी रोकने के लिए ई-खरीद पोर्टल को अपग्रेड किया जा रहा है। मंडियों और गोदामों में जियो-फेंसिंग, ऑटोमैटिक नंबर प्लेट कैचर और सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं। किसानों का बायोमीट्रिक सत्यापन भी लागू किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सरकार ने 358 करोड़ 52 लाख रुपए सीधे किसानों के खातों में बाजरे की राशि ट्रांसफर की है। भारत सरकार द्वारा दिए गए 8 लाख मीट्रिक टन वीएमआर लक्ष्य को भी पूरा कर लिया गया है।
सीएम ने चुटकी लेते हुए कहा कि सत्र आते ही विपक्ष को मुद्दा चाहिए होता है, लेकिन हमारी प्रक्रिया पारदर्शी है और नीयत साफ है।
अन्य मुद्दे भी उठे
सत्र के दौरान विधायक गीता भुक्कल ने गुरुग्राम स्थित शीतला माता मंदिर के जीर्णोद्धार में देरी का मुद्दा उठाया। वहीं आदमपुर विधायक चंद्रप्रकाश जांगड़ा ने ओबीसी क्रीमीलेयर सीमा बढ़ाने की मांग की। इस पर सीएम ने कहा कि केंद्र की गाइडलाइन के अनुसार ही प्रदेश में नियम लागू हैं।
धान घोटाले के आरोपों को लेकर सियासत तेज हो गई है। अब देखना होगा कि सरकार जांच को किस दिशा में आगे बढ़ाती है।
shubham