यह है हरियाणा के LLB-CA और बीकॉम स्टूडेंट्स की चोर गैंग, इस तरह से देते थे वारदात को अंजाम

गुरुग्राम में LLB-CA और B.Com के चार छात्रों का टायर चोरी गैंग गिरफ्तार। क्लबहॉपिंग और पार्टी के शौक में बने अपराधी। 14 वारदातों का खुलासा, पुलिस ने रिमांड मांगा

यह है हरियाणा के LLB-CA और बीकॉम स्टूडेंट्स की चोर गैंग, इस तरह से देते थे वारदात को अंजाम

गुरुग्राम में LLB-CA और B.Com स्टूडेंट्स का चोर गैंग गिरफ्तार
क्लब पार्टी और नाइट लाइफ के शौक ने बनाया चोर
कारों के टायर उतारकर ईंटों पर खड़ी कर भाग जाते थे


गुरुग्राम में शिक्षा और अपराध का चौंकाने वाला गठजोड़ सामने आया है। क्लब पार्टी और नाइट लाइफ का शौक पूरा करने के लिए LLB, CA और B.Com की पढ़ाई कर रहे चार युवाओं ने चोरी का गैंग बना लिया। आरोपी रात में औजारों से लैस होकर सड़कों पर निकलते और घरों व होटलों के बाहर खड़ी कारों के टायर चोरी कर गाड़ियों को ईंटों पर खड़ा छोड़ भाग जाते

क्राइम ब्रांच सेक्टर-43 ने तीन महीने की लगातार निगरानी और प्लानिंग के बाद इस गैंग को पकड़ लिया।
पुलिस के अनुसार आरोपी नीले रंग की Fronx कार में घूमते थे और मौके देखकर टायर रिम सहित निकालकर गाड़ी में रख लेते थे।

गिरफ्तार आरोपी

  • ऋषिकेश निवासी सेक्टर-39 झाड़सा, CA कोर्स कर रहा है।

  • अर्जुन BA-LLB, बाबा मस्तनाथ यूनिवर्सिटी रोहतक। Fronx कार इसी की।

  • पीयूष राणा B.Com छात्र, गुरुग्राम यूनिवर्सिटी।

  • तुषार कुमार B.Com छात्र, DSD कॉलेज गुरुग्राम।

पुलिस जांच में सामने आया कि चारों बचपन के दोस्त हैं और अतुल मेमोरियल स्कूल में साथ पढ़े हैं।
चारों देर रात गुरुग्राम के सेक्टर-29 के क्लबों में पार्टियां करते थे। लेकिन जब घर से जेब खर्च मिलना बंद हुआ, तो शौक पूरा करने के लिए चोरी का रास्ता चुन लिया।

3 महीने की मेहनत के बाद गिरफ्तारी

क्राइम ब्रांच को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि रात में अज्ञात बदमाश टायर चोरी कर रहे हैं।
इंस्पेक्टर नरेंद्र कुमार शर्मा की टीम—PSI सचिन, ASI सतबीर, ASI सुंदरलाल, HC प्रदीप, सिपाही अजीत, रोहित और प्रियंक—ने 5 दिसंबर को आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

इनके खिलाफ खुलासा

पूछताछ में चारों ने 14 चोरी की वारदातें कबूल कीं
पुलिस ने कहा कि आरोपियों को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा, ताकि चोरी किए टायरों की बरामदगी और आगे पूछताछ हो सके। गिरफ्तारी के बाद इलाके में राहत की भावना है, क्योंकि पिछले कुछ हफ्तों से लोग अपनी गाड़ियों को लेकर चिंतित थे।