फर्जी NCC सर्टिफिकेट घोटाले में बड़ी कार्रवाई, रेवाड़ी के अहीर कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल गिरफ्तार, जांच में खुल सकते हैं और राज
रेवाड़ी के अहीर कॉलेज में फर्जी NCC प्रमाण-पत्र मामले में पूर्व प्रिंसिपल डॉ. ओएस यादव को ACB ने गिरफ्तार किया है।
■ रेवाड़ी में फर्जी NCC केस में बड़ी गिरफ्तारी
■ अहीर कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल डॉ. ओएस यादव गिरफ्तार
■ ACB की कार्रवाई, और गिरफ्तारी की संभावना
हरियाणा के रेवाड़ी में फर्जी NCC प्रमाण-पत्र घोटाले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अहीर कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल डॉ. ओएस यादव को गिरफ्तार कर लिया है। इस गिरफ्तारी के बाद शिक्षा जगत में हलचल मच गई है और मामले में आगे और गिरफ्तारियों की संभावना जताई जा रही है।
बताया जा रहा है कि यह मामला वर्ष 2010 से 2012 के बीच का है, जब अहीर कॉलेज में कथित तौर पर फर्जी NCC प्रमाण-पत्र बनाए गए थे। इस पूरे घोटाले का खुलासा कॉलेज के ही सहायक प्रोफेसर डॉ. गजेंद्र यादव ने किया था। जांच के दौरान नामांकन से जुड़े दस्तावेजों में छेड़छाड़ और अनियमितताएं सामने आईं, जिसके बाद मामला गंभीर हो गया।
इस मामले में ACB ने 9 सितंबर 2025 को केस दर्ज किया था। उस समय जांच के दायरे में कॉलेज के तत्कालीन प्रिंसिपल डॉ. आरके यादव, NCC अधिकारी धीरज सांगवान सहित कुल पांच अन्य लोगों के खिलाफ भ्रष्टाचार और अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था।
अब ताजा कार्रवाई में पूर्व प्रिंसिपल डॉ. ओएस यादव की गिरफ्तारी के बाद यह साफ हो गया है कि जांच एजेंसी इस मामले को लेकर पूरी तरह सख्त है। सूत्रों के अनुसार, जांच में कई और लोगों की भूमिका सामने आ सकती है, जिसके चलते आने वाले दिनों में और गिरफ्तारी संभव है।
गौरतलब है कि इस कॉलेज की संचालन समिति के प्रधान केंद्रीय राज्यमंत्री राव इंद्रजीत सिंह हैं, जिससे मामला राजनीतिक रूप से भी संवेदनशील हो गया है। हालांकि अभी तक इस पूरे घटनाक्रम पर उनकी ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
यह मामला हरियाणा के शिक्षा तंत्र में पारदर्शिता और विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। ACB की कार्रवाई से संकेत मिल रहे हैं कि अब पुराने मामलों में भी तेजी से जांच कर दोषियों पर शिकंजा कसा जा रहा है।
Akhil Mahajan