पानीपत में झंडा हाईटेंशन तारों से टकराया, करंट लगने से नाबालिग की मौ*त
पानीपत के हरि सिंह चौक पर हनुमान स्वरूप की टोली में झंडा लेकर चल रहे 15 वर्षीय गौरव की हाईटेंशन तारों से करंट लगने के बाद मौत हो गई।
पानीपत में हाईटेंशन तारों से टकराया झंडा, करंट लगने से 15 वर्षीय गौरव की मौत
➤ दो बहनों का इकलौता भाई था गौरव, पिता की पहले ही हो चुकी थी मौत
➤ स्थानीय लोगों ने बिजली की तारें नीचे होने का लगाया आरोप, SE ने जांच के लिए XEN की ड्यूटी लगाई
पानीपत शहर के हरि सिंह चौक पर करंट लगने से 15 वर्षीय गौरव की मौत हो गई। वह हनुमान स्वरूप की टोली में झंडा लेकर सबसे आगे चल रहा था। इसी दौरान झंडा ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन बिजली की तारों से टकरा गया। करंट लगते ही गौरव गंभीर रूप से झुलसकर मुंह के बल गिर पड़ा। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना का CCTV वीडियो भी सामने आया है। स्थानीय लोगों ने गली में बिजली की तारें कम ऊंचाई पर होने का आरोप लगाते हुए कहा कि यहां पहले भी हादसे हो चुके हैं।
झंडा उठाते ही हाईटेंशन तारों से टकराया, CCTV में कैद हुआ हादसा
मंगलवार-बुधवार की देर रात करीब 1:30 बजे गौरव अपने साथियों के साथ हनुमान स्वरूप की टोली में शामिल होकर निकला था। टोली जब हरि सिंह चौक पहुंची तो गौरव झंडा लेकर सबसे आगे चल रहा था।
गली से गुजरते समय गौरव ने झंडे को थोड़ा ऊपर उठाया। इसी दौरान झंडा ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन बिजली की तारों से टकरा गया। तारों के संपर्क में आते ही उसे तेज करंट लगा और वह गंभीर रूप से झुलसकर मुंह के बल गिर गया। अचानक हुए हादसे से टोली में शामिल लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई।
घटना के सामने आए CCTV वीडियो में गौरव को टोली में सबसे आगे चलते हुए देखा जा सकता है। करंट लगने के बाद वह अचानक जमीन पर गिर जाता है। इसके बाद टोली में शामिल अन्य लोग तुरंत उसके पास पहुंचे और उसे संभाला।
दो बहनों का इकलौता भाई था गौरव, पिता की पहले हो चुकी थी मौत
गौरव वार्ड नंबर छह के भौला चौक का रहने वाला था। वह अपने परिवार में दो बहनों का इकलौता भाई था। उसके पिता की पहले ही मौत हो चुकी थी। गौरव नौवीं कक्षा में पढ़ने के साथ मेहनत-मजदूरी भी करता था।
गौरव की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। परिवार को उससे काफी उम्मीदें थीं, लेकिन हादसे ने उन्हें छीन लिया।
सरकारी अस्पताल से रोहतक PGI किया रेफर, निजी अस्पताल में तोड़ा दम
हादसे के तुरंत बाद गौरव को पानीपत के सरकारी अस्पताल पहुंचाया गया। उसकी हालत गंभीर होने के कारण डॉक्टरों ने उसे रोहतक PGI रेफर कर दिया। हालांकि, परिजन उसे पानीपत के ही एक निजी अस्पताल में ले गए। वहां इलाज के दौरान गौरव की मौत हो गई।
इसके बाद बुधवार सुबह परिवार ने पानीपत के सिविल अस्पताल में गौरव का पोस्टमॉर्टम कराया। पोस्टमॉर्टम रूम के बाहर उसके रिश्तेदार मौजूद रहे।
स्थानीय लोगों का आरोप- गली में नीचे हैं बिजली की तारें, पहले भी हुए हादसे
हरि सिंह चौक के निवासी ईश्वर चंद, मुकेश, सतीश और डिंपल ने बताया कि गली में बिजली की तारें कम ऊंचाई पर हैं। उनके अनुसार, इस जगह पहले भी हादसे हो चुके हैं।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि हनुमान स्वरूप की टोली के दौरान झंडा बिजली की तारों के संपर्क में आने से यह हादसा हुआ। उन्होंने बिजली की तारों की ऊंचाई को लेकर गंभीरता बरतने की जरूरत बताई, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
SE बोले- XEN की ड्यूटी लगाकर कराएंगे जांच
बिजली निगम के सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर (SE) धर्म सुहाग ने कहा कि उनके संज्ञान में अभी ऐसा कोई मामला सामने नहीं आया है। उन्होंने बताया कि वह मामले की जांच के लिए XEN की ड्यूटी लगाएंगे।
उन्होंने कहा कि यदि जांच में बिजली की तारें नीचे पाई जाती हैं तो उन्हें ऊंचा कराया जाएगा।
Akhil Mahajan