हरियाणा में गर्मी से बिजली संकट गहराया, रिकॉर्ड स्तर पर पहुंची खपत
हरियाणा में भीषण गर्मी के कारण बिजली की मांग और खपत रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है। एसी-कूलर के बढ़ते उपयोग से कई जिलों में बिजली कटौती और ब्रेकडाउन की समस्या बढ़ी।
• हरियाणा में रिकॉर्ड गर्मी के बीच बिजली की मांग तेजी से बढ़ी
• एसी-कूलर के बढ़ते इस्तेमाल से बिजली निगमों पर दबाव बढ़ा
• कई जिलों में अघोषित कटौती और ब्रेकडाउन से लोग परेशान
हरियाणा में पड़ रही भीषण गर्मी ने बिजली व्यवस्था की चुनौती बढ़ा दी है। लगातार बढ़ते तापमान के कारण प्रदेश में बिजली की मांग और खपत रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गई है। घरेलू, कृषि और औद्योगिक क्षेत्रों में बढ़ती जरूरतों के चलते बिजली वितरण निगमों पर भारी दबाव बन गया है। सबसे ज्यादा असर एसी, कूलर और पंखों के बढ़ते इस्तेमाल से देखने को मिल रहा है।
दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम (DHBVN) के 11 सर्कलों में बुधवार को बिजली सप्लाई बढ़कर 1493.34 लाख यूनिट तक पहुंच गई। पिछले कुछ दिनों के मुकाबले यह बड़ा उछाल माना जा रहा है। बिजली की बढ़ती खपत के साथ शिकायतों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। वहीं उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (UHBVN) के कई सर्कलों में भी बिजली लोड बढ़ने से व्यवस्था प्रभावित हुई है।
आंकड़ों के अनुसार DHBVN में 18 मई को 1364.21 लाख यूनिट, 17 मई को 1295.20 लाख यूनिट और 16 मई को 1350.91 लाख यूनिट बिजली सप्लाई दर्ज की गई थी। लगातार बढ़ती मांग के कारण बिजली निगमों को अतिरिक्त लोड संभालने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
पानीपत में केवल छह दिनों के भीतर बिजली खपत कई गुना तक बढ़ गई। 20 मई को 135 लाख यूनिट, 19 मई को 134 लाख यूनिट, 18 मई को 122.25 लाख यूनिट, 17 मई को 112.90 लाख यूनिट, 16 मई को 115.88 लाख यूनिट और 15 मई को 103.25 लाख यूनिट बिजली खपत दर्ज की गई। अधिकारियों का कहना है कि तापमान बढ़ने के साथ एयर कंडीशनर और कूलर का उपयोग तेजी से बढ़ा है, जिससे बिजली लोड लगातार ऊपर जा रहा है।
कैथल में भी बिजली खपत में तेज बढ़ोतरी देखने को मिली। 16 मई को जहां 60 लाख 19 हजार यूनिट बिजली खपत दर्ज हुई थी, वहीं 19 मई तक यह आंकड़ा बढ़कर 76 लाख एक हजार यूनिट तक पहुंच गया। केवल पांच दिनों में करीब 15 लाख यूनिट की बढ़ोतरी ने बिजली व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव डाल दिया है।
यमुनानगर में मई की शुरुआत में बिजली खपत 39 लाख यूनिट थी, जो 19 मई तक बढ़कर 75 लाख यूनिट तक पहुंच गई। वहीं झज्जर में 12 से 19 मई के बीच बिजली खपत में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की गई। रोहतक में भी चार दिनों के भीतर बिजली खपत 81.58 लाख यूनिट से बढ़कर 96.19 लाख यूनिट तक पहुंच गई।
गर्मी बढ़ने के साथ ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में अघोषित बिजली कटौती और ब्रेकडाउन की शिकायतें भी बढ़ रही हैं। कई इलाकों में लोगों को घंटों बिजली कट का सामना करना पड़ रहा है। इससे आमजन की परेशानी बढ़ गई है, खासकर रात के समय लोगों को ज्यादा दिक्कत हो रही है।
बिजली निगमों का कहना है कि बढ़ती मांग के अनुसार सप्लाई बनाए रखने की कोशिश की जा रही है। हालांकि आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ने की संभावना को देखते हुए बिजली व्यवस्था पर दबाव और बढ़ सकता है।
pooja