करनाल के घरौंडा में बड़ा राजनीतिक उलटफेर, सुरेंद्र सिंगला की BJP में घर वापसी तय; AAP को झटका

करनाल के घरौंडा में बड़ा राजनीतिक उलटफेर संभव है। पूर्व चेयरमैन सुरेंद्र सिंगला ने बीजेपी में घर वापसी के संकेत दिए हैं। हरविंद्र कल्याण के साथ उनकी तस्वीर वायरल होने से सियासी चर्चा तेज हो गई है।

AAP नेता सुरेंद्र सिंगला ने BJP में वापसी के दिए संकेत
विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण संग फोटो वायरल, चर्चा तेज
2022 में 31 वोट से हारे थे चेयरमैन चुनाव


करनाल जिले के घरौंडा की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। आम आदमी पार्टी से जुड़े वरिष्ठ नेता और पूर्व चेयरमैन सुरेंद्र सिंगला ने भारतीय जनता पार्टी में वापसी के संकेत दे दिए हैं। चंडीगढ़ सचिवालय में हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष एवं घरौंडा से विधायक हरविंद्र कल्याण के साथ उनकी एक तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है।

तस्वीर सामने आने के बाद खुद सुरेंद्र सिंगला ने पुष्टि की कि वे जल्द ही भारतीय जनता पार्टी में घर वापसी करेंगे। उन्होंने इस मुलाकात को शिष्टाचार भेंट बताया, लेकिन साथ ही स्पष्ट कर दिया कि वे पहले भी बीजेपी में रह चुके हैं और अब दोबारा उसी परिवार में लौटने जा रहे हैं।

शिष्टाचार भेंट या सियासी संकेत

सिंगला ने कहा कि हरविंद्र कल्याण उनके क्षेत्र के विधायक हैं और उनसे उनका पुराना संबंध रहा है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2014 में राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ के नेतृत्व में उन्होंने बीजेपी जॉइन की थी। बाद में 2022 में उन्होंने आम आदमी पार्टी की टिकट पर नगरपालिका घरौंडा का चुनाव लड़ा।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह केवल शिष्टाचार मुलाकात नहीं, बल्कि घरौंडा की राजनीति में नए समीकरणों की शुरुआत हो सकती है।

लंबा रहा राजनीतिक सफर

सुरेंद्र सिंगला का राजनीतिक सफर कई दलों से होकर गुजरा है। वे भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस में जिला कोषाध्यक्ष रहे, वर्ष 2010 में इंडियन नेशनल लोक दल में हरियाणा व्यापार सेल के सचिव का दायित्व संभाला। इसके बाद 2014 में बीजेपी में शामिल हुए और 2022 में आप पार्टी के टिकट पर चुनाव मैदान में उतरे। वे नगरपालिका घरौंडा के चेयरमैन भी रह चुके हैं।

2022 का रोमांचक मुकाबला

19 जून 2022 को हुए नगरपालिका घरौंडा चुनाव में मुकाबला बेहद कांटे का रहा था। बीजेपी के हैप्पी लक गुप्ता ने 5,108 वोट हासिल कर जीत दर्ज की थी, जबकि सुरेंद्र सिंगला को 5,077 वोट मिले थे। दोनों के बीच अंतर मात्र 31 वोट का था।

चुनाव में बीजेपी के बागी उम्मीदवार विनोद कुमार ने आजाद प्रत्याशी के तौर पर 3,172 वोट प्राप्त किए थे। इतने कम अंतर से हार के बावजूद सिंगला का जनाधार मजबूत माना जाता है।

AAP को बड़ा झटका?

यदि सुरेंद्र सिंगला औपचारिक रूप से बीजेपी में शामिल होते हैं तो इसे आम आदमी पार्टी के लिए करनाल और घरौंडा क्षेत्र में बड़ा झटका माना जाएगा। खासकर ऐसे समय में जब स्थानीय स्तर पर संगठन विस्तार की कोशिशें जारी हैं।

घरौंडा की राजनीति में अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि सिंगला की वापसी से स्थानीय समीकरण किस दिशा में बदलते हैं।