समालखा में छात्रों को नशा मुक्ति की शपथ, एएसआई जगपाल बोले– बदलाव भीतर से शुरू होता है
समालखा में नशा मुक्ति अभियान के तहत एएसआई जगपाल सिंह ने झटीपुर स्कूल के छात्रों को नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई। युवाओं को नशे के दुष्परिणामों और हेल्पलाइन 1933 के बारे में बताया गया।
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एएसआई जगपाल सिंह ने गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल झटीपुर, समालखा में विद्यार्थियों को नशा मुक्ति की शपथ दिलवाई
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विद्यार्थियों को बताया गया कि नशे से मानसिक बीमारियों का खतरा बढ़ता है
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डीएसपी समालखा की देखरेख में नशे से जुड़ी शिकायतों के लिए हेल्पलाइन 1933 पर जानकारी दी गई
समालखा, अशोक शर्मा
नशे के बढ़ते प्रभाव को रोकने और युवाओं को इसके दुष्परिणामों से बचाने के लिए समालखा पुलिस द्वारा नशा मुक्ति अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में मंगलवार को नशा मुक्ति अभियान के इंचार्ज एएसआई जगपाल सिंह ने गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल, झटीपुर (समालखा) में विद्यार्थियों को संबोधित किया।
इस दौरान एएसआई जगपाल सिंह ने छात्रों को नशे के खतरों और उसके सामाजिक, शारीरिक व मानसिक प्रभावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नशे की लत युवाओं को जीवन की मुख्य धारा से भटका रही है, जिसके कारण कई युवा मानसिक बीमारियों की गिरफ्त में आ रहे हैं।
एएसआई जगपाल ने विद्यार्थियों से कहा कि नशे से दूर रहकर ही समाज और देश को सशक्त बनाया जा सकता है। उन्होंने सभी छात्रों को नशा मुक्त भारत अभियान की शपथ दिलवाई और कहा—
“आज हम संकल्प लेते हैं कि न केवल अपने दोस्तों और परिवार को बल्कि स्वयं को भी नशा मुक्त रखेंगे, क्योंकि परिवर्तन भीतर से शुरू होता है। आओ मिलकर भारत को नशा मुक्त बनाने का प्रण लें।”
अभियान के दौरान विद्यार्थियों को यह भी बताया गया कि पुलिस अधीक्षक के निर्देशों के तहत डीएसपी समालखा की देखरेख में नशा करने वाले व्यक्तियों का इलाज सरकारी अस्पताल पानीपत में मुफ्त करवाया जा रहा है।
वहीं, जो लोग नशा बेचते हैं या युवाओं को इसकी ओर प्रेरित करते हैं, उनकी शिकायत हेल्पलाइन नंबर 1933 पर की जा सकती है।
एएसआई ने कहा कि यह अभियान समाज में जागरूकता बढ़ाने और युवा पीढ़ी को सही दिशा देने का प्रयास है। स्कूल के अध्यापकों और विद्यार्थियों ने भी इस मौके पर नशे से दूर रहने की शपथ ली और पुलिस का सहयोग करने का आश्वासन दिया।
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